
कम डिमांड (Low Demand), रियल एस्टेट सेक्टर (Real Estate Sector) की बदहाली और सरकार के दखल से बीते कुछ दिनों में घर बनाने के सामानों (Construction Building Materials) के दाम तेजी से कम हुए हैं. अभी न सिर्फ सरिया (Iron Rod) अपने रिकॉर्ड स्तर से काफी नीचे आया हुआ है, बल्कि सीमेंट (Cement) और ईंट (Bricks) जैसी भवन निर्माण सामग्रियों के दाम में भी गिरावट आई है. इन कारणों से यह ड्रीम होम के सपने को पूरा करने (Dream Home Construction) का सबसे अच्छा समय बन गया है. ये सारे फैक्टर मिलकर मकान के कंस्ट्रक्शन के लिए शानदार शुभ मुहूर्त बना रहे हैं.
दिल्ली में इतनी कम हुई ईंटों की कीमत
ईंट की कीमतों की बात करें तो अभी दिल्ली में इसके भाव में 1-2 हजार रुपये प्रति हजार यूनिट की गिरावट आई हुई है. दिल्ली-एनसीआर में ईंटों का कारोबार करने वाली कंपनी DBF Bricks के अनुसार, दिल्ली में अभी एक नंबर की 1000 ईंटें 5500 रुपये में मिल रहे हैं. इसी तरह दो नंबर की हजार ईंटों का भाव 4500 रुपये और तीन नंबर की हजार ईंटों का भाव 3500 रुपये है. नरम अब्बल किस्म की हजार ईटों का भाव 5,200 रुपये हो गया है. वहीं यूपी ब्रिक्स 5,300 रुपये प्रति हजार यूनिट में और हरियाणा ब्रिक्स 5,500 रुपये प्रति हजार यूनिट की दर से उपलब्ध है. महीने भर पहले इनके भाव कम से कम 6000 रुपये के पार थे.
सीमेंट के भाव में भी आई गिरावट
कारोबारियों के अनुसार, सरिया के बाद बाजार में सीमेंट का भाव (Cement Prices) भी पिछले दो-तीन सप्ताह में 100 रुपये तक कम हुआ है. बिड़ला उत्तम (Birla Uttam) सीमेंट की एक बोरी पहले 400 रुपये में मिल रही थी, अब इसका भाव कम होकर 380 रुपये हो गया है. इसी तरह बिड़ला सम्राट (Birla Samrat) का भाव 440 रुपये से कम होकर 420 रुपये बोरी और एसीसी का भाव 450 रुपये से घटकर 440 रुपये बोरी हो गया है. नॉर्मल सीमेंट अभी 315 रुपये बोरी मिल रहा है.
रेत से लेकर टाइल्स और व्हाइट डस्ट भी सस्ते
कारोबारियों ने कहा कि सीमेंट की कीमतें अभी भी सामान्य से ज्यादा ही हैं. डीजल-पेट्रोल का भाव कम होने के बाद इसमें अभी और गिरावट आ सकती है. इनके अलावा अन्य भवन निर्माण सामग्रियों के भाव में भी गिरावट आ सकती है. भवन निर्माण सामग्रियां बेचने वाली कंपनी यूपीब्रिक्स के अनुसार, अभी टाइल्स के भाव कम होकर 5,200 रुपये प्रति हजार यूनिट हो गए हैं. इसी तरह यमुना रेत 30 रुपये स्क्वेयर फीट और व्हाइट डस्ट एक नंबर 42 रुपये प्रति स्क्वेयर फीट में मिल रहा है.
तेजी से गिरा है सरिये का भाव
इस साल मार्च-अप्रैल में भवन निर्माण सामग्रियों की कीमतें अपने चरम पर थीं. मार्च में कुछ जगहों पर सरिये का भाव 85 हजार रुपये टन तक पहुंच गया था. इस सप्ताह यह कम होकर कई जगहों पर 51 हजार रुपये टन के पास आ गया है. सिर्फ लोकल ही नहीं बल्कि ब्रांडेड सरिये का भाव भी पिछले कुछ महीनों में काफी कम हुआ है. मार्च 2022 में ब्रांडेड सरिये का रेट 01 लाख रुपये प्रति टन के पास पहुंच गया था, जो अभी 80-85 हजार रुपये प्रति टन पर आ गया है.
जानें अपने शहर में सरिये का ताजा भाव
भारत के प्रमुख शहरों में सरिया के रेट अलग-अलग मात्रा में कम हुए हैं. आयरनमार्ट (ayronmart) वेबसाइट सरिये की कीमतों की घट-बढ़ पर नजर रखती है और उसी आधार पर कीमतों को अपडेट करती है. देश के प्रमुख शहरों की बात करें तो पिछले एक महीने के दौरान कानपुर और मुजफ्फरनगर में सरिया का रेट सबसे तेजी से कम हुआ है. इन दोनों शहरों में बीते दो सप्ताह में सरिया के भाव में क्रमश: 3,800 रुपये और 3,400 रुपये प्रति टन की गिरावट आई है. अभी देश में सबसे सस्ता सरिया पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर और कोलकाता में मिल रहा है, जहां इसका ताजा रेट 51,000 रुपये प्रति टन है. वहीं उत्तर प्रदेश के कानपुर में इसका रेट सबसे ज्यादा है. कानपुर में सरिया अभी 5,8000 रुपये प्रति टन के भाव में मिल रहा है. देखें प्रमुख शहरों में क्या है सरिये का भाव... सभी कीमतें रुपये प्रति टन में हैं. इन कीमतों पर अलग से 18 फीसदी की दर से जीएसटी (GST) भी लगेगा.
शहर (राज्य) | 12 जुलाई | 12 अगस्त | गिरावट |
दुर्गापुर (पश्चिम बंगाल) | 51,500 | 51,000 | 500 |
कोलकाता (पश्चिम बंगाल) | 52,000 | 51,000 | 1,000 |
रायगढ़ (छत्तीसगढ़ | 55,200 | 51,700 | 3,500 |
राउरकेला (ओडिशा) | 56,200 | 52,700 | 3,500 |
नागपुर (महाराष्ट्र) | 56,000 | 53,000 | 3,000 |
हैदराबाद (तेलंगाना) | 58,000 | 55,000 | 3,000 |
जयपुर (राजस्थान) | 58,000 | 55,700 | 2,300 |
भावनगर (गुजरात) | 58,000 | 56,100 | 1,900 |
मुजफ्फरनगर (UP) | 57,800 | 54,400 | 3,400 |
गाजियाबाद (UP) | 58,200 | 55,200 | 3,000 |
इंदौर (मध्य प्रदेश) | 56,500 | 55,000 | 1,500 |
गोवा | 57,600 | 56,000 | 1,600 |
जालना (महाराष्ट्र) | 56,500 | 55,800 | 700 |
मंडी गोविंदगढ़ (पंजाब) | 59,700 | 57,500 | 2,200 |
चेन्नई (तमिलनाडु) | 59,700 | 57,000 | 2,700 |
दिल्ली | 58,800 | 56,600 | 2,200 |
मुंबई (महाराष्ट्र) | 55,700 | 55,500 | 200 |
कानपुर (उत्तर प्रदेश) | 61,800 | 58,000 | 3,800 |