
देश की सबसे बड़ी डिजिटल पेमेंट कंपनी पेटीएम (Paytm) के फाउंडर और सीईओ विजय शेखर शर्मा (Vijay Shekhar Sharma) की कुर्सी बच गई है. लगातार गिर रहे पेटीएम के शेयर की वजह से विजय शेखर शर्मा को पेटीएम के सीईओ के पद से हटाने की बात चल रही थी. लेकिन उन्होंने पेटीएम की वार्षिक आम बैठक (AGM) में एक बार फिर से निवेशकों का भरोसा जीत लिया है और सीईओ के पद पर बने रहेंगे. वार्षिक आम बैठक के एक सप्ताह पहले एडवाइजरी सर्विसेज इंडिया लिमिडेट (IIAS) ने विजय शेखर शर्मा के नेतृत्व पर सवाल उठाए थे.
60 फीसदी से अधिक की गिरावट
पेटीएम के शेयर में भारी गिरावट आई है. अगर पिछले साल हुई लिस्टिंग के बाद का आंकड़ा देखें, तो इसकी मार्केट वैल्यू में करीब 60 फीसदी की गिरावट आ चुकी है. इस वजह से विजय शेखर शर्मा की लीडरशिप पर सवाल उठ रहे थे. हालांकि, एक बार फिर से शेयरहोल्डर्स ने उनपर भरोसा जताया है और उन्हें कंपनी का सीईओ और एमडी नियुक्त करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है.
पिछले दिनों IIAS ने कहा था कि विजय शेखर शर्मा ने कंपनी को फायदे में पहुंचाने के लिए कई वादे किए थे, लेकिन वो पूरा नहीं हुआ है. IIAS ने कहा कि बोर्ड को प्रबंधन को पेशेवर बनाने पर विचार करना चाहिए.
कब तक मुनाफे में आ जाएगी कंपनी?
रिपोर्ट की मानें, तो शेयरहोल्डर्स का कहना है कि कंपनी सितंबर 2023 तक मुनाफे में आ जाएगी. इस वित्त वर्ष की पहली तिमाही में पेटीएम को 644 करोड़ रुपये का घाटा हुआ था. हालांकि, इस दौरान कंपनी के रेवेन्यू में 86 फीसदी की बढ़ोतरी हुई थी. विजय शेखर शर्मा का कहना है कि 2019 तक कंपनी का पूरा फोकस विस्तार पर था. इसके बाद कंपनी ने मोनेटाइजेशन पर फोकस किया.
विजय शेखर शर्मा ने बताया कि पेटीएम के करीब 3 करोड़ मर्चेंट हैं और कंपनी का मानना है कि सर्विस को और अधिक मर्चेंट तक पहुंचाने की जरूरत है. इसके लिए मार्केटिंग टीम काम कर रही है.
विजय शर्मा के पास कितनी हिस्सेदारी
बीएसई पर उपलब्ध शेयरहोल्डिंग डेटा के अनुसार, शर्मा सीधे कंपनी में 8.92 प्रतिशत की हिस्सेदारी रखते हैं. वहीं, एंटफिन (नीदरलैंड्स) होल्डिंग बीवी (24.88 फीसदी), एसवीएफ इंडिया होल्डिंग्स (केमैन) लिमिटेड (17.46 फीसदी), सैफ III मॉरीशस कंपनी लिमिटेड ( 10.59 फीसदी), अलीबाबा डॉट कॉम सिंगापुर ई-कॉमर्स प्राइवेट लिमिटेड (6.26 फीसदी) और सैफ पार्टनर्स इंडिया IV लिमिटेड (4.50 फीसदी) कुछ बड़े स्टेकहोल्डर्स में शामिल हैं.
पेटीएम के शेयर में गिरावट
अगर पेटीएम के शेयर की बात करें, तो इसका इश्यू प्राइस 2150 रुपये था. लेकिन ये कभी उस कीमत पर नहीं पहुंच पाया है. पेटीएम के शेयर का न्यूनतम स्तर 511 रुपये है जो इसने इस साल 12 मई को छुआ था.
बीते शुक्रवार को पेटीएम का शेयर 1.93 फीसदी की गिरावट के साथ 771 रुपये पर क्लोज हुआ था. पेटीएम चीफ ने कहा कि हम शेयर की कीमतों को प्रभावित नहीं करते हैं. लेकिन मैनेटमेंट कंपनी को लाभदायक बनाने के प्रयास कर रहा है.