
राजधानी लखनऊ से डिजिटल अरेस्ट का हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. जहां पीजीआई अस्पताल की न्यूरोलॉजी विभाग की महिला डॉक्टर रुचिका टंडन को साइबर ठगों ने डिजिटल अरेस्ट कर 2 करोड़ 81 लाख रुपये की ठगी की. जांच के दौरान एसटीएफ को पता चला कि इस गैंग के तार पाकिस्तान से जुड़े हैं. क्योंकि इन सभी के मोबाइल नंबर की शुरुआत +92 से होती है, जो पाकिस्तान का कोड है.
एसटीएफ का ऐसा अनुमान है कि गैंग का मास्टरमाइंड पाकिस्तान में बैठकर अपने सदस्यों को ठगी करने के निर्देश देता है. बताया यह भी जा रहा है कि जेल में बंद भगोड़े नेवी सैन्यकर्मी गोपाल कुमार उर्फ रोशन को एसटीएफ रिमांड पर लेकर टेलीग्राम ग्रुप से मिले पाकिस्तान के नंबरों के संबंध में पूछताछ करेगी.
महिला डॉक्टर को डिजिटल अरेस्ट कर ठगे 2 करोड़ 81 लाख
इस मामले में एसटीएफ के डिप्टी एसपी दीपक सिंह ने बताया कि मामले में आरोपी गोपाल और गिरोह के अन्य सदस्यों के पास से लैपटॉप और मोबाइल मिले हैं. लैपटॉप और मोबाइल में टेलीग्राम ग्रुप हैं, जिसमें जो नंबर मिले हैं वह सभी पाकिस्तान के हैं. टेलीग्राम की चैट हिस्ट्री है, वॉइस कॉल और वीडियो कॉल की जांच की जा रही है. साथ ही लैपटॉप और मोबाइल मिले हैं उनको फॉरेंसिक लैब में जांच के लिए भेज दिया गया है.
साइबर ठगों के तार पाकिस्तान से जुड़े
बता दें, यूपी STF ने पीजीआई की डॉक्टर से ठगी करने वाले गैंग के 5 और सदस्यों को गिरफ्तार किया है. जिसमें उनको सीबीआई अधिकारी बनकर फोन करने वाले तीन युवक भी हैं. अब तक 11 ठगों को पकड़ा गया है. STF गैंग से जुड़े अन्य सदस्यों की भी तलाश कर रही है