मध्य प्रदेश में जहां मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान नारी सम्मान के लिए अभियान और महिला अपराध के खिलाफ जागरूकता लाने की कोशिश कर रहे है वहीं महिलाओं को लेकर अपराध बढ़ते ही जा रहे हैं.
बैतूल के सारणी थाना क्षेत्र के घोड़ाडोंगरी इलाके में हैवानियत की हदें पार कर देने वाली घटना सामने आयी जहां 13 साल की दलित नाबालिग लड़की से दुष्कर्म कर उसे मारने का प्रयास किया गया.
नाबालिग बालिका शाम को अपने खेत में काम करने गयी थी. पड़ोसी खेत के मालिक ने बालिका को अकेले देखा तो उसे बहला फुसलाकर अपना खेत घुमाने ले गया और वहां उसके साथ दुष्कर्म किया.
जब बालिका चिल्लाने लगी तो उसके साथ मारपीट की और उसके माथे पर पत्थर मार दिया जिससे वो बेसुध हो गयी. इसके बाद पीड़िता को बेहोशी की हालत में नाले में धकेल दिया और उसके ऊपर पत्थर और कांटे डाल दिये जिससे किसी को पता न लगे.
जब बच्ची घर नहीं पहुंची तो परिजन खेत में तलाश करने गए. उन्हें बालिका नाले में पत्थर के नीचे दबी मिली. जानकारी मिलते ही पुलिस अधिकारी और पुलिस बल मौके पर पहुंचे और तत्काल पीड़िता को घोड़ाडोंगरी अस्पताल भिजवाया. जब हालत में सुधार नहीं हुआ तो बैतूल रेफर कर दिया.
पुलिस ने इस मामले में आरोपी सुशील वर्मा के खिलाफ धारा आईपीसी की धारा 376-3, 323, 324, 3-4 पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है.
सारणी एसडीओपी अभय राम चौधरी का कहना है कि सीता कामत गांव की नाबालिग बालिका को उसके खेत के पास का पड़ोसी बहला कर ले गया और उसके साथ दुष्कर्म किया. मना करने पर बालिका के सिर पर हमला कर नाले में फेंक पत्थर से ढक दिया. पीड़िता को अस्पताल पहुंचाया गया है और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है.