
Sulli Deal का मास्टरमाइंड ओमकेश्वर ठाकुर भी रविवार को पुलिस की गिरफ्त में आ गया. दरअसल वह बेहद शातिराना तरीके से पूरा खेल खेल रहा था. लेकिन बुल्ली बाई ऐप (Bulli Bai App) के मास्टरमाइंड ने जब राज उगले तो हकीकत सामने आ गई. बता दें कि मास्टरमाइंड ओमकेश्वर ठाकुर BCA का स्टूडेंट है. वह आज से ठीक दो साल पहले यानी जनवरी 2020 में ट्विटर हैंडल @gangescion के जरिए एक ग्रुप में शामिल हुआ था जिसका नाम था ट्रेड महासभा.
ऐसे करता था Sulli Deal
इस ग्रुप पर रोजाना कई लोग चर्चा करते थे. इसी दौरान ग्रुप के मेंबर्स ने मुस्लिम समुदाय की महिलाओं को ट्रोल करने की प्लानिंग की. इसके बाद शातिर ओमकेश्वर ठाकुर ने एक ऐप बनाया. फिर शातिर ने सुल्ली फॉर सेल वेबसाइट तैयार की थी. मास्टरमाइंड मुस्लिम महिलाओं के ट्विटर हैंडल से जानकारियां और पर्सनल फोटोज निकालता था औऱ इन्हें पब्लिकली नीलाम करता था. यही 'सुल्ली डील' थी.
तस्वीरें निकालकर नीलामी के लिए रखीं
दरसअल इस खेल से पर्दा तब उठा जब एक यूजर ने इसका स्नैपशॉट शेयर किया. जिसने सुली डील्स को होस्ट किया था. इसमें मुस्लिम समुदाय की लगभग 90 महिलाओं की तस्वीरें शेयर की गई थीं. जिन्हें नीलामी के लिए रखा गया था. बता दें कि 'सुल्ली' शब्द को मुस्लिम महिलाओं के लिए बेहद अपमानजनक माना जाता है.
हंगामे के बाद डिलीट कर दिए सबूत
मास्टरमाइंड ओमकेश्वर ठाकुर ने Sulli Deal एप को लेकर हुए हंगामे के बाद सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से इसे डिलीट करने के साथ ही सारे सबूत मिटा दिए. Sulli Deal एप से संबंधित तस्वीरें और कोड का पता लगाया जा रहा है. ताकि इस खेल में छिपे और लोगों तक पहुंचा जा सके.
मास्टर माइंड पिता से बोला- आप टेंशन मत लो
दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल इंटेलिजेंस फ्यूजन एंड स्ट्रैटेजिक ऑपरेशंस (IFSO) की टीम ने जिस मास्टरमाइंड को दबोचा है वो इंदौर के राजेन्द्र नगर इलाके की न्यूयॉर्क सिटी का रहने वाला है. आरोपी के पैरेंट्स की मानें तो उनका बेटा आईटी एक्सपर्ट है. वह अपने काम में माहिर है, लेकिन ऐसा काम नहीं कर सकता. उसे फंसाया जा रहा है. उन्होंने बताया कि दिल्ली पुलिस ओमकेश्वर का लैपटॉप और मोबाइल भी साथ ले गई है. Sulli App के मास्टर माइंड ओमकेश्वर ठाकुर ने गिरफ्तारी के बाद अपने पिता से कहा कि आप टेंशन न लो. बता दें कि दिल्ली पुलिस की इस कार्रवाई की कानों-कान तक खबर नहीं लगी. जब दिल्ली पुलिस ने ट्वीट किया तब स्थानीय पुलिस हरकत में आई.
'फ्री लांसिंग एप बनाता है बेटा'
Sulli App के मास्टरमाइंड के पिता ने कहा कि मेरा बेटा आईटी एक्सपर्ट है, वह फ्री लांसिंग एप बनाता है. इंदौर के आईपीएस स्कूल से उसने पढ़ाई की है. उसे फंसाया जा रहा है. उन्होंने बताया कि उनका बेटा लोगों को गाइड करता है, हो सकता है कि वह लोगों को गाइड करने का काम भी करता है, हो सकता है किसी को उसने कुछ बताया होगा, ऐसे में उसने ओमकेश्वर का नाम बता दिया हो.
पिता ने कहा, मेरा बेटा इंटेलीजेंट है
ओमकेश्वर ठाकुर के पिता अखिलेश ठाकुर ने आज तक को बताया कि बच्चा बेहद इंटेलिजेंट है. लेकिन इस तरह का कोई काम नहीं कर सकता. मेरा बेटा तो घर से भी नहीं निकलता. उनका कहना है कि दिल्ली के दो पुलिसकर्मी आए थे. बेटे को उसके लैपटॉप और मोबाइल के साथ ले गए. आज सुबह उनके बेटे से उनकी बात भी कराई गई.