
छत्तीसगढ़ में नक्सलियों ने खौफ कायम करने के लिए आधा दर्जन से अधिक वाहन फूंक डाले, जिसमें दो यात्री बस भी शामिल हैं. इतना ही नहीं बसों में आग लगाने का विरोध करने पर नक्सलियों ने एक यात्री की गोली मारकर हत्या भी कर दी. हालांकि अब तक मृत यात्री की शिनाख्त नहीं हो पाई है. नक्सलियों की इस कार्यवाही को प्रशासन द्वारा नक्सलियों के सफाए के लिए अभियान को तेज करने की जवाबी कार्यवाही के तौर पर देखा जा रहा है.
अमूमन नक्सली सुरक्षाबलों, मुखबीर और अपनी खिलाफत करने वाले ग्रमीणों पर हमले करते रहे हैं. लेकिन इस घटना के बाद लग रहा है निर्दोष आम नागरिकों और सार्वजनिक संपत्ति को निशाना बनाकर वे अपना खौफ फिर से कायम करना चाहते हैं.
गौरतलब है कि हाल के महीनों में पुलिस और केंद्रीय सुरक्षा बलों ने कई इलाकों में सघन अभियान चलाकर नक्सलियों की कमर तोड़ दी है. बीते कुछ महीनों के दौरान नक्सलियों के कई बड़े नेता या तो मारे गए या फिर उन्होंने आत्मसमर्पण कर दिया. इससे नक्सली आंदोलन को तगड़ा झटका लगा है.
सुरक्षाबलों का कहना है कि इससे ग्रामीणों के बीच नक्सलियों की पकड़ भी ढीली पड़ी है. लिहाजा अपना खौफ कायम रखने के लिए नक्सलियों ने नई रणनीति अपनाई है. नक्सली हमले का यह ताजा मामला सुकमा के कोंटा इलाके का है. राष्ट्रीय राजमार्ग-30 पर नक्सलियों ने रविवार की देर रात आधा दर्जन से ज्यादा यात्री वाहनों को अपने कब्जे में ले लिया.
नक्सलियों ने बंदूक की नोक पर तेलंगाना राज्य परिवहन निगम की दो बसों को रुकवाया. फिर यात्रियों को उतारकर बस में आग लगा दी. यात्रियों को अपना सामान तक बस से नहीं निकालने दिया गया. नक्सलियों ने एक के बाद एक दो बसों में आग लगाई. नक्सलियों का उत्पात यही नहीं थमा. आगजनी का विरोध कर रहे एक यात्री को भी उन्होंने गोली मार दी.
तेलंगाना राज्य परिवहन की यह दोनों बसें बस्तर, मलकानगिरी और हैदराबाद के बीच यात्री सेवाएं देती हैं. दोनों वाहनों को आग लगाने के बाद नक्सलियों ने इन बसों के पीछे आ रही चार और गाड़ियों को रोका और उन्हें भी आग के हवाले कर दिया, जिनमें दो ट्रक भी शामिल हैं.
बताया जाता है कि नक्सलियों ने कई यात्रियों की तलाशी ली और उनके कीमती सामान भी छीन लिए . पुलिस के मुताबिक बौखलाहट की वजह से नक्सली ऐसे हमले कर रहे हैं. उसके मुताबिक महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में सुरक्षाबलों ने बड़ी कार्यवाही करते हुए नक्सलियों को भारी नुकसान पहुंचाया है. नक्सली कमांडर पापा राव की इस मुठभेड़ में घायल होने की खबर है.
वहीं तेलंगाना और छत्तीसगढ़ की सरहद पर बीजापुर के पास सुरक्षाबलों ने एक दर्जन नक्सलियों को मार गिराया था. यह दोनों कार्रवाई सप्ताह भर के भीतर हुई हैं. इससे इन इलाकों में नक्सलियों की कमर टूट गई है. पुलिस का मानना है कि दोनों घटनाओं को कवर करने के लिए नक्सलियों ने सॉफ्ट टार्गेट को अंजाम दिया है.
ताकि लोगों में उनकी दहशत कायम रह सके. घटनास्थल में नक्सलियों ने बैनर पोस्टर भी लगाए थे. इसमें उन्होंने पुलिस और सुरक्षाबलों के खिलाफ आपत्तिजनक बातें लिखी हैं. फ़िलहाल नक्सली हमले को देखते हुए पुलिस और सुरक्षाबलों ने राष्ट्रीय और राज्य मार्गों पर अपनी सुरक्षा बढ़ा दी है.
छत्तीसगढ़ के DGP (नक्सल ऑपरेशन) डीएम अवस्थी के मुताबिक, आने वाले दिनों में एंटी नक्सल ऑपरेशन को और तेज किया जाएगा. उन्होंने यह भी कहा कि नक्सलियों को आत्मसमर्पण का पर्याप्त मौका देने के बाद ही पुलिस और सुरक्षाबल उनके खिलाफ कार्रवाई कर रहे हैं.