
नोएडा पुलिस ने एक फर्जी कॉल सेंटर पर छापा मार कर 125 लोगों को गिरफ्तार किया है. ये लोग नोएडा से भारत के तमाम राज्यों के अलावा अमेरिका भी फोन करते थे, और खुद को सोशल सिक्योरिटी एजेंसी का बताते थे. पैसा कमाने के लिए ये लोगों को अलग-अलग तरीकों से डराते थे. किसी को कहा जाता कि उसके बैंक अकाउंट में गड़बड़ी है और कुछ समय बाद उनका पूरा अकाउंट डिलीट हो सकता है. किसी को कहा जाता कि उसके कम्प्यूटर में खतरनाक वायरस अटैक हो गया है जिसकी वजह से उसका सारा डाटा चोरी या फिर गायब हो सकता है.
अपने बातचीत के जरिए ये लोगों के मन में इस तरह का खौफ बैठा देते जैसे कि अगर उनलोगों ने इनकी बातें नहीं मानी तो उनका बड़ा आर्थिक नुकसान हो सकता है. लोगों के मन में डर बिठाने के बाद ये लोग कहते की इनका काम सोशल सिक्योरिटी देना है, लिहाजा अगर वो उनकी फीस अदा कर देंगे तो वो उनका काम कर देगें. कुछ लोग तो इनकी बातों में नहीं आते, लेकिन कई लोग इनकी ठगी के शिकार बन भी जाते. ऐसे मासूम लोगों से ये कॉल सेंटर वाले मोटी रकम ऐंठ लेते.
नोएडा पुलिस को इनके खिलाफ कई शिकायतें मिल रही थी. आखिरकार पुलिस ने इन पर नजर रखनी शुरू की तो पुलिस को पता चला कि ये गोरखधंधा थाना फेज तीन के सेक्टर-63 से चल रहा है. इसके बाद पुलिस ने एक टीम बनाई और इनके कॉल सेंटर छापा मारा. कॉल सेंटर पर छापे के दौरान यहां पर 125 लोग मौजूद थे. इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि ये गैंग कितना बड़ा था, और इसका कामकाज कितना लंबा था. पुलिस ने सभी लोगों को गिरफ्तार कर लिया है, इसके अलावा 200 कम्प्यूटर भी जब्त कर लिए हैं.
पुलिस को इस कॉल सेंटर से 20 लाख रुपये कैश भी मिले हैं. पुलिस का कहना है कि कॉल सेंटर के नाम पर कई बैंक अकाउंट हैं जिसमें ये पैसे मंगवाते थे. पुलिस अब इन खातों की डिटेल निकलवा रही है, ताकि इनकी ठगी के शिकार हुए लोगों का पता लगाया जा सके. पुलिस ने इस कॉल सेंटर के संचालक को भी गिरफ्तार किया है, अब उससे पूछताछ की जा रही है.