
भारत सरकार द्वारा मालदीव के खिलाफ कड़े कदम उठाने के बाद अब वहां की सरकार चीन की तरफ झुक रही है. इसलिए चीन ने हिंद महासागर क्षेत्र (Indian Ocean Region - IOR) में अपना जासूसी जहाज भेज दिया है. इसका नाम है जियांग यांग होंग 03 (Xiang Yang Hong 03). यह मालदीव की तरफ बढ़ रहा है. 8 फरवरी 2024 तक राजधानी माले पहुंचने की उम्मीद है.
इस नक्शे को तैयार किया है डैमियन साइमन ने. उसे उन्होंने अपने X (पहले ट्विटर) हैंडल @detresfa_ पर शेयर किया है. जिसमें अलग-अलग साल में चीन के जासूसी जहाजों के मार्ग का ब्योरा दिया है.
भारतीय नौसेना (Indian Navy) लगातार इस जासूसी जहाज पर अपनी नजर रख रही है, जिसे चीन एक रिसर्च वेसल कहता है. इतना ही नहीं इंडियन नेवी ने अपने कुछ युद्धपोतों को इस पर नजर रखने को कहा है. हिंद महासागर में इनकी तैनाती कर दी गई है. मालदीव पहले भारत के साथ था लेकिन वर्तमान सरकार चीन की तरफ झुकाव रखती है.
भारत का विरोध करने पर मालदीव की जनता और विपक्षी पार्टियों ने काफी हो-हल्ला किया लेकिन उसका कोई फर्क पड़ता नहीं दिख रहा है. हाल ही में मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू चीन गए थे. वहां कई नए समझौतों पर हस्ताक्षर हुए हैं. श्रीलंका के ऊपर भारत ने दबाव बना रखा है कि वो चीन के किसी जहाज को अपने बंदरगाह पर आने नहीं देगा.
इसके बाद चीन ने मालदीव को अपना शिकार बनाया है. अब हिंद महासागर में अपनी पहुंच और ताकत दिखाने के लिए वह अपने जासूसी जहाज को मालदीव भेज रहा है. इसके पहले भी जियांग यांग होंग 03 बंगाल की खाड़ी, हिंद महासागर और अरब सागर में अपने ऑपरेशन कर चुका है. लेकिन मालदीव की तरफ इसका बढ़ना खतरे का संकेत हो सकता है.
चीन का यह जहाज माले क्यों जा रहा है... इसकी असली वजह तो पता नहीं है लेकिन भारतीय नौसेना नजदीक से इस जहाज पर नजर रख रही है. पर उसके पहले ये जानते हैं कि ये जहाज क्या-क्या करता है? चीन के पास इस नाम के दस जहाज हैं. जियांग यांग होंग 03 को 2016 में बनाया गया था. ये समुद्री सर्वे और रिसर्च करने वाले जहाज हैं. इसकी लंबाई 100 मीटर और बीम 18 मीटर है.