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Israel Four Front War: हेलफायर, F-16 और आयरन डोम... वो महाहथियार जिनसे एक साथ 4 दुश्मनों के छक्के छुड़ा रहा इजरायल

Israel एकसाथ चार दुश्मनों से जंग लड़ रहा है. हमास, हिजबुल्लाह, हूती और ईरान. कहने को तो पहले तीन अलग-अलग हैं, लेकिन इन सबको किसी न किसी तरह से ईरान का समर्थन हासिल है. इस मल्टी-फ्रंट वॉर में इजरायल कैसे अपने दुश्मनों को करारा मुंहतोड़ जवाब दे रहा है. ऐसे कौन से हथियार हैं...जो इस काम में उसकी मदद कर रहे हैं...

ये तस्वीर गाजा पट्टी की है, जब इजरायल ने वहां हमास को मिटाने के लिए हमला किया था. इजरायल तब से लेकर अब तक चार फ्रंट पर जंग लड़ रहा है. (फोटोः रॉयटर्स) ये तस्वीर गाजा पट्टी की है, जब इजरायल ने वहां हमास को मिटाने के लिए हमला किया था. इजरायल तब से लेकर अब तक चार फ्रंट पर जंग लड़ रहा है. (फोटोः रॉयटर्स)
ऋचीक मिश्रा
  • नई दिल्ली,
  • 30 अगस्त 2024,
  • अपडेटेड 2:43 PM IST

इजरायल पिछले कई महीनों से एकसाथ चार फ्रंट पर जंग लड़ रहा है. ये दुश्मन हैं- हिमास, हिजबुल्लाह, हूती और ईरान. हमास से गाजा में जंग. हिजबुल्लाह से लेबनान में. हूती विद्रोहियों से लाल सागर और समंदर में इजरायल की तरफ आने वाले जहाजों को लेकर और बीच-बीच में ईरान के साथ छोटी-मोटी लड़ाइयां. 

इजरायल चारों तरफ से अपने दुश्मनों से घिरा है. गाजा पट्टी में हमास आतंकियों से जंग. उत्तरी सीमा पर लेबनान में हिजबुल्लाह से. सीरिया में ईरान समर्थित आतंकी समूहों से लो-लेवल कॉन्फ्लिक्ट. और यमन से हूती विद्रोहियों द्वारा अक्सर होने वाले ड्रोन हमले. इजरायल को कई दिशाओं से जंग लड़ने की आदत है. 

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कई दिशाओं से जंग की शुरूआत 1967 से 1973 के बीच हुई थी. जो अब तक चली आ रही है. पिछले साल अक्तूबर में हमास ने दक्षिणी इजरायल पर सरप्राइज अटैक किया. 1100 से ज्यादा लोग मारे गए. सैकड़ों बंधक बनाए गए. गाजा से हमास का खात्मा किया गया लेकिन अब भी वहां छोटी-मोटी झड़प होती रहती है.

इसके बाद इस साल अप्रैल में उत्तरी सीमा पर लेबनान से ईरान समर्थित हिजबुल्लाह ने 300 से ज्यादा रॉकेट और ड्रोन अटैक किए. इजरायल ने उसे भी संभाल लिया. लेकिन इजरायल चारों फ्रंट पर जंग लड़ कैसे रहा है. कौन से ऐसे हथियार हैं, जो इसे इतनी ताकत दे रहे हैं कि इजरायल अपने चारों दिशाओं में मौजूद दुश्मन को चोट पहुंचा रहा है. 

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आयरन डोम (Iron Dome)

आयरन डोम को दुनिया का बेस्ट एयर डिफेंस सिस्टम है. यह मिसाइल, ड्रोन, फाइटर जेट, हेलिकॉप्टर किसी को भी मार कर गिरा सकता है. आयरन डोम छोटी दूरी का एयर डिफेंस सिस्टम है, जो रॉकेट, तोपखाने और मोर्टारों को नष्ट करता है. यह रक्षा प्रणाली हर मौसम में काम कर सकती है. इजरायल ने सबसे पहले साल 2012 में इसे शामिल किया. इसका रडार दुश्मनों के मिसाइल्स-रॉकेट को पहचान कर उसे हवा में ही नेस्तनाबूत कर देता है.

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Lahat मिसाइल

लहत का पूरा नाम है लेजर होमिंग अटैक या लेजर होमिंग-एंटी टैंक मिसाइल. 13 किलो वजनी यह मिसाइल टैंडम हीट वॉरहेड लेकर हमला करती है. इसकी रेंज 6 से 13 किलोमीटर है. यह 300 मीटर प्रति सेकेंड की गति से दुश्मन टारगेट की तरफ हमला करती है. इसे किसी भी फाइटर जेट या हेलिकॉप्टर से दागा जा सकता है. 

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हेलफायर एजीएम मिसाइल 

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हेलफायर मिसाइल को फाइटर जेट, ड्रोन या हेलिकॉप्टर से दागते हैं. इसके वैरिएंट्स को जमीन या कंधे से भी दागा जा सकता है. बारूद की मात्रा बेहद कम होती है. इसमें तेज धार वाले धातु के ब्लेड्स होते हैं. इस मिसाइल को निंजा बॉम्ब और फ्लाइंग गिंसू भी कहते हैं. इस मिसाइल में पांच तरीके के वॉरहेड लगाए जा सकते हैं. एंटी-टैंक हाई एक्सप्लोसिव, शेप्ड चार्ज, टैंडम एंटी-टेरर, मेटल ऑगमेंटेड चार्ज (R9X) और ब्लास्ट प्रैगमेंटेशन. इस मिसाइल की रेंज 499 मीटर से लेकर 11.01 km तक होती है. अधिकतम गति 1601 km/hr है. 

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Merkava टैंक

इजरायल का मुख्य युद्धक टैंक. इसके चार वैरिएंट्स इजरायल के पास मौजूद हैं. 65 टन का यह टैंक 4 क्रू मेंबर और 6 सैनिकों के साथ युद्ध मैदान में उतरता है. इसके बाहर जो कवच लगा है, उसके बारे में इजरायल ने कभी किसी को नहीं बताया. इसमें 120 मिलिमीट की स्मूथबोर गन लगी होती है. साथ ही यह एंटी-टैंक गाइडेड मिसाइल Lahat लॉन्च कर सकता है. इसके अलावा इसमें एक 12.7 मिलिमीटर की मशीन गन, तीन 7.62 मिलिमीटर की मशीन गन, 1 मोर्टार लॉन्चर, 1 इंटरनल मोर्टार लॉन्चर और 12 स्मोक ग्रैनेड लॉन्चर लगा होता है. इसमें 48 गोले रहते हैं. इसकी रेंज 500 km है. 

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M109 हॉवित्जर 

अमेरिका में बना 155 मिलिमीटर की सेल्फ प्रोपेल्ड हॉवित्जर तोप है. इसकी लंबाई 30 फीट है. इसे चलाने के लिए चार लोगों की जरुरत होती है. इसमें 155 मिमी का गोला लगता है. यह तोप हर मिनट चार गोले दाग सकता है. इसकी रेंज 21 से 40 किलोमीटर तक है. इसके ऊपर M2 मशीन गन लगी है. एक बार में 350 किलोमीटर तक यह टैंक जा सकता है. इस टैंक में 36 से 39 गोले स्टोर किए जा सकते हैं.  इसमें 12.7 मिलिमीटर की M2HB हैवी मशीन गन लगी होती है, जो 500 राउंड प्रति मिनट की दर से गोलियां दागती है. 

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Kfir फाइटर जेट

इजरायल का हर मौसम में हमला करने वाला फाइटर जेट. इसे डैसो के मिराज-5 की तरह बनाया गया है. कफिर का मतलब होता है शेर का शावक. इजरायल के पास ऐसे 220 से ज्यादा फाइटर जेट्स हैं. इसे एक ही पायलट उड़ाता है. 51.4 फीट लंबे फाइटर जेट की स्पीड 2440 किलोमीटर प्रतिघंटा है. कॉम्बैट रेंज 1000 या 670 किलोमीटर होती है.

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अधिकतम 58 हजार फीट की ऊंचाई तक जा सकता है. इसमें 2 मशीन गन, दो अनगाइडेड हवा से जमीन पर मार करने वाले रॉकेट. 4 साइडविंडर या पाइथन हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइलें. या फिर आधा दर्जन से ज्यादा बम लगाए जा सकते हैं. गाजा पर इन्हीं फाइटर जेट्स से हमला किया जा रहा है. 

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F-16 फाइटिंग फॉल्कन 

अमेरिका ने बनाया और कई देश कर रहे हैं इस्तेमाल. कई देशों का भरोसेमंद फाइटर जेट. इस फाइटर जेट को एक पायलट उड़ाता है. 49.5 फीट लंबे प्लेन में 3200 kg फ्यूल आता है. अधिकतम 2178 km/घंटा की रफ्तार से उड़ताहै. पूरे हथियारों के साथ इसकी कॉम्बैट रेंज 546 km है. इसमें एक 20 मिमी की रोटरी कैनन लगी है. जो प्रतिमिनट 511 राउंड फायर करती है.

इसमें 2 एयर-टू-एयर मिसाइल, 6 अंडर विंग, 3 अंडर फ्यूसलेज पाइलॉन बम लगाए जा सकते हैं. इसके अलावा 4 रॉकेट या 6 हवा से हवा, हवा से सतह या हवा से शिप पर मार करने वाली मिसाइलें लगाई जा सकती हैं. या फिर इनका मिश्रण. इसमें आठ बम भी लगाए जा सकते हैं.  

F-15 स्ट्राइक ईगल 

F-15 स्ट्राइक ईगल को बोईंग कंपनी बनाती है. इसकी लंबाई 63.9 फीट है. विंगस्पैन 42.9 फीट और ऊंचाई 18.6 फीट है. वजन 14,379 kg है. अधिकतम गति 2656 km/घंटा है. F-15 की कॉम्बैट रेंज 1272 km है. फेरी रेंज 3900 km है. अधिकतम 60 हजार फीट की ऊंचाई तक जा सकता है. इसमें 20mm की एम61ए1 वल्कन 6 बैरल्ड गैटलिंग कैनन लगी होती है.

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इसके अलावा इसमें चार बम पंखों के नीचे लगा सकते हैं. इसमें चार तरह की हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइलें, 9 तरह की हवा से सतह पर मार करने वाली मिसाइलें या 18 तरह के बम लगा सकते हैं. या फिर इन सबका मिश्रण बना सकते हैं. 

F-35 स्टेल्थ फाइटर जेट

F-35 लाइटनिंग 2 हर मौसम में उड़ान भरने वाला स्टेल्थ मल्टीरोल कॉम्बैट एयरक्राफ्ट है. यह एयरसुपीरियरिटी और स्ट्राइक मिशन के लिए बनाया गया है. यह इलेक्ट्रॉनिक वॉरफेयर, जासूसी, सर्विलांस, रीकॉन्सेंस जैसे मिशन को भी पूरा कर सकता है. इसे एक ही पायलट उड़ाता है. लंबाई 51.4 फीट और ऊंचाई 14.4 फीट है. अधिकतम गति 1976 KM/घंटा है. कॉम्बैट रेंज 1239 KM है.

अधिकतम 50 हजार फीट की ऊंचाई तक जा सकता है. इसमें 4 बैरल वाली 25 मिमी की रोटरी कैनन लगी है. जो एक मिनट में 180 गोलियां दागती है. इसमें 10 हार्डप्वाइंट्स हैं. हवा से हवा, हवा से सतह, हवा से शिप और एंटी-शिप मिसाइलें तैनात की जा सकती है. इसके अलावा चार तरीके के बम लगाए जा सकते हैं. 

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