
इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट (IIM) ने दाखिले के लिए इच्छुक विद्यार्थियों को पात्रता मानदंड में बड़ी छूट दी है. आईआईएम, अहमदाबाद ने बुधवार 18 अगस्त को कॉमन एडमिशन टेस्ट 2021 के लिए पात्रता मानदंड में बदलाव को लेकर नई गाइडलाइन जारी की है. इसके साथ ही कैट समिति ने परीक्षा के लिए उपस्थित होने के लिए अनिवार्य मिनिमम अंक प्रतिशत को खत्म कर दिया है.
बता दें कि स्नातक कार्यक्रम के पिछले दो वर्षों में से किसी एक में "अवार्ड्स ऑफ मार्क्स" प्रमाण-पत्र के बजाय प्रमोटेड / पास वाले उम्मीदवार आवेदन पत्र में "प्रमोटेड / पास" विकल्प दर्ज कर सकते हैं. यह ऑप्शन उम्मीदवार को कैट 2021 के आवेदन पत्र को पूरा करने और जमा करने की अनुमति देगा. यह पात्रता छूट उन अंतिम वर्ष के छात्रों पर भी लागू होती है, जिन्हें "अवार्ड्स ऑफ मार्क्स" प्रमाण-पत्र मिलता है.
यह अपवाद केवल उन आवेदकों के लिए उपलब्ध है जो इस वर्ष स्नातक की डिग्री पूरी कर रहे हैं या अंतिम वर्ष के स्नातक कार्यक्रम वर्ष - 2021 और 2022 में पंजीकृत हैं. संस्थान के अनुसार, पिछले दो वर्षों में, विश्वविद्यालयों और कॉलेजों ने चल रही वैश्विक संक्रामक कोविड - 19 महामारी के कारण छात्रों के परिणाम के लिए मूल्यांकन मानदंडों में बदलाव किया है. कोरोना के चलते इस साल परीक्षा आयोजित नहीं की गई थी और छात्रों को पदोन्नत किया गया था, तो विश्वविद्यालयों ने "अवार्ड्स ऑफ मार्क्स" प्रमाण - पत्र के बजाय "प्रमोटेड / पास" प्रमाण पत्र जारी किए हैं.
कॉमन एडमिशन टेस्ट सेंटर को आईआईएम के स्नातक कार्यक्रम के पिछले दो वर्षों में दिए गए "प्रमोटेड / पास" प्रमाण - पत्र के कारण उम्मीदवारों से उनकी उम्मीदवारी के संबंध में कई प्रश्न प्राप्त हुए. इसलिए, समिति ने कैट 2021 पंजीकरण के लिए कुछ अपवाद पेश किए हैं.
उपरोक्त कार्यान्वयन के कारण और कोविड - 19 महामारी के कारण देश भर के विभिन्न विश्वविद्यालयों द्वारा अपनाए गए विभिन्न मूल्यांकन पैटर्न पर विचार करते हुए, कैट समिति ने कैट 2021 परीक्षा के लिए उपस्थित होने के लिए अनिवार्य न्यूनतम प्रतिशत अंक (45 फीसदी और 50 फीसदी) को भी हटा दिया है.