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कोटा में एक और स्टूडेंट ने किया सुसाइड, यूपी की रहने वाली थी नाबालिग छात्रा, साल की 26वीं घटना

Kota Students Suicide News: कोटा में छात्र आत्महत्या की घटनाओं को रोकने के लिए राज्य सरकार, प्रशासन और कोचिंग सेंटर्स के उठाए गए कदम नाकाफी साबित हो रहे हैं. सोमवार को नाबालिग छात्रा की मौत के साथ इस साल में छात्र आत्महत्या के आंकडे़ 26 तक पहुंच गए हैं.

कोटा में इस साल छात्र आत्महत्या के मामले बढ़कर 26 हो गए हैं (सांकेतिक तस्वीर) कोटा में इस साल छात्र आत्महत्या के मामले बढ़कर 26 हो गए हैं (सांकेतिक तस्वीर)
जयकिशन शर्मा
  • कोटा,
  • 18 सितंबर 2023,
  • अपडेटेड 11:40 PM IST

राजस्थान के 'एजुकेशन फैक्ट्री' कहे जाने वाले कोटा से एक बार फिर दुखद खबर सामने आई है. उत्तर प्रदेश के मऊ कस्बे की रहने वाली नाबालिग छात्रा ने सोमवार, 18 सितंबर 2023 को सुसाइड कर लिया है. राज्य सरकार, प्रशासन और कोचिंग संस्थानों के तमाम प्रयासों के बावजूद कोटा में छात्र आत्महत्या के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे.

पिछले दो सप्ताह में यह आत्महत्या की दूसरी घटना है और पिछले दो महीने में 8वीं आत्महत्या है. इस साल में आत्महत्या की यह 26वीं घटना है. छात्रा, कोटा के विज्ञान नगर इलाके में रहती थी और उत्तर प्रदेश के महू कस्बे की रहने वाली थी. एडिशनल एसपी भगवत सिंह हिंगड़ ने फोन पर बताया कि लड़की ने पॉइजन लिया है, बाकी पोस्टमार्टम के बाद ही साफ हो पाएगा. पिछले सप्ताह झारखंड से कोटा नीट तैयारी करने आई 16 वर्षीय छात्रा ने फंदे से लटककर सुसाइड कर लिया था.

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कई कोशिशों के बाद भी कोटा में लगातार स्टूडेंट सुसाइड के मामले बढ़ रहे हैं. देशभर में स्टूडेंट सुसाइड को लेकर चर्चा तेज है. ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए राज्य सरकार, प्रशासन और कोचिंग सेंटर्स ने लगातार कोशिश कर रही है. हॉस्टल के वार्डन, मैस वाले से लेकर टिफिन वालों तक की मदद ली जा रही है. कोटा प्रशासन ने हाल ही में हॉस्टल और पीजी में स्प्र‍िंग वाले सीलिंग फैन लगाने का आदेश दिया था. छात्रों से बातचीत करने और पढ़ाई का प्रेशर कम करने पर जोर दिया जा रहा है. इसके बाद भी आत्महत्या की घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रही हैं.

बता दें कि पिछले महीने 27 अगस्त को एक दिन कोटा में दो छात्रों के सुसाइड की घटना ने सबको हिलाकर रख दिया था. यहां कोचिंग छात्रों की आत्महत्याओं ने पूरे 'सिस्टम' को सोचने पर मजबूर कर दिया है. इस साल की शुरुआत से अब तक हुए 25 छात्रों की सुसाइड की घटनाओं ने राज्य में छात्रों की आत्महत्याओं ने रिकॉर्ड तोड़ दिया है. इसके अलावा प्रशासन कई तरह के प्रयास कर रहा है, फिर भी यह सिलसिला थम नहीं रहा है. 

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(अगर आपके या आपके किसी परिचित में मन में आता है खुदकुशी का ख्याल तो ये बेहद गंभीर मेडिकल एमरजेंसी है. तुरंत भारत सरकार की जीवनसाथी हेल्पलाइन 18002333330 पर संपर्क करें. आप टेलिमानस हेल्पलाइन नंबर 1800914416  पर भी कॉल कर सकते हैं. यहां आपकी पहचान पूरी तरह से गोपनीय रखी जाएगी और विशेषज्ञ आपको इस स्थिति से उबरने के लिए जरूरी परामर्श देंगे. याद रखिए जान है तो जहान है.)

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