
ओडिशा के बरहामपुर जिले में एक सरकारी इंजीनियरिंग कॉलेज के सात छात्रों को कथित तौर पर बीफ पकाने के आरोप में उनके हॉस्टल से रस्टिकेट कर दिया है, जोकि कॉलेज कैंपस में एक "प्रतिबंधित" एक्टिविटी है. एक अधिकारी ने इस मामले की जानकारी दी. कॉलेज कैंपस से बाहर निकाले गए छात्र कंप्यूटर साइंस इंजीनियरिंग (सीएसई), इलेक्ट्रॉनिक्स और दूरसंचार (ईटीसी), और इलेक्ट्रिकल और इलेक्ट्रॉनिक्स (ईई) के पढ़ाई कर रहे थे.
कॉलेज के अधिकारी ने गुरुवार को एक आदेश जारी कहा कि दो हॉस्टल के सात छात्रों को "प्रतिबंधात्मक गतिविधियों" में शामिल होने के कारण निष्कासित कर दिया गया. सात छात्रों में से एक पर 2,000 रुपये का जुर्माना लगाया गया. उन्होंने कहा कि कॉलेज के अधिकारियों ने छात्रों के माता-पिता को भी इसकी जानकारी दे दी है.
12 सितंबर को कॉलेज कैंपस में क्या हुआ था?
मामला ओडिशा के पराला महाराजा इंजीनियरिंग कॉलेज का है. आरोप है कि 11 सितंबर 2024 की रात फाल्गुनी एचओआर रे अपने हॉस्टल के कमरा नंबर बी-23 में सात छात्रों ने बीफ पकाया था. अगले दिन 12 सितंबर की इसकी सूचना कॉलेज अथॉरिटी को दी गई. मामले की जांच हुई तो जानकारी सही पाई गई. इसके बाद सभी सात छात्रों को हॉस्टल के कैंपस से निकालने का फैसाल लिया गया. स्टू़डेंट वेलफेयर डीन के कार्यालय से 12 सितंबर को जारी आधिकारिक अधिसूचना में कहा गया है कि छात्रों को हॉल ऑफ रेजिडेंस (एचओआर) नियमों और संस्थान की आचार संहिता के उल्लंघन करने की वजह से निकाला गया है.
अधिसूचना में कहा गया है, "पराला महाराजा इंजीनियरिंग कॉलेज, बरहामपुर के डीन छात्र कल्याण ने प्रतिबंधित गतिविधियों में शामिल होने के कारण सक्षम प्राधिकारी की मंजूरी से सात छात्रों को संबंधित हॉल ऑफ रेजिडेंस (एचओआर) से निष्कासित कर दिया है."
आरोपी छात्रों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग
अधिकारी ने कहा, "कॉलेज के छात्रों के एक ग्रुप ने घटना के बारे में संस्थान के प्रिंसिपल को जानकारी दी थी. जांच के बाद छात्रों के खिलाफ कार्रवाई की गई." बजरंग दल और विहिप के कार्यकर्ताओं ने आरोपी छात्रों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है.
कॉलेज कैंपस और हॉस्टल में पुलिस कर्मी तैनात
कॉलेज अथॉरिटी ने स्थिति को ध्यान में रखते हुए, किसी भी अप्रिय घटना या अशांति से बचने के लिए कॉलेज कैंपस और हॉस्टल्स के पास पुलिस कर्मियों की एक टुकड़ी तैनात की गई थी. प्रशासन व्यवस्था बनाए रखने और कॉलेज के नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए ये कदम उठाया गया है.