
दिल्ली की मुख्यमंत्री आतिशी ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त (CEC) राजीव कुमार से मतदाता सूची में नाम हटाने और नए नाम जोड़ने के मुद्दे पर चर्चा के लिए तत्काल बैठक की मांग की है. इस मामले पर उनका ये दूसरा पत्र है. इससे पहले 5 जनवरी को आतिशी ने नई दिल्ली विधानसभा क्षेत्र में मतदाता सूची से नाम हटाने और नए नाम जोड़ने के मामलों को लेकर मुख्य निर्वाचन आयुक्त से बैठक का अनुरोध किया था.
मुख्यमंत्री आतिशी ने सीईसी से कहा कि दिल्ली विधानसभा चुनाव में अब केवल 27 दिन बचे हैं. इस मुद्दे को प्राथमिकता पर लिया जाना चाहिए, वर्तमान में दिल्ली एकमात्र राज्य है, जहां चुनाव हो रहे हैं, निष्पक्ष और स्वतंत्र चुनाव सुनिश्चित करने के लिए आपात बैठक आवश्यक है.
दिल्ली विधानसभा चुनावों पर पूरे देश और मीडिया की नजर है. आतिशी ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त से जल्द से जल्द बैठक का समय देकर इस गंभीर मुद्दे पर चर्चा करने और आवश्यक कदम उठाने की अपील की है.
आतिशी ने की बैठक के लिए जल्द समय देने की मांग
सीएम आतिशी ने निर्वाचन आयोग पर भरोसा जताते हुए कहा कि चुनाव आयोग स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के सिद्धांतों को बनाए रखेगा. साथ ही उन्होंने मुख्य निर्वाचन आयुक्त से जल्द से जल्द बैठक का समय देने की अपील की है, ताकि आगामी दिल्ली विधानसभा चुनावों को निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से आयोजित किया जा सके. वहीं, उप मुख्य निर्वाचन अधिकारी (दिल्ली) ललित मित्तल ने बताया कि उनके कार्यालय द्वारा मामले की जांच की जा रही है, हालांकि आतिशी ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त से व्यक्तिगत रूप से इस मुद्दे पर चर्चा करने और आवश्यक दिशा-निर्देश देने के लिए बैठक की मांग की है.
CEC ने खारिज किए थे सभी आरोप
बता दें कि दिल्ली में 5 फरवरी को वोटिंग होगी, जबकि 8 को नतीजे जारी किए जाएंगे. दिल्ली विधानसभा चुनाव के कार्यक्रम की घोषणा करते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने इलेक्टोरल रोल (वोटर लिस्ट) के संबंध में राजनीतिक दलों द्वारा उठाई गई चिंताओं पर जवाब दिया. उन्होंने वोटर लिस्ट में गलत तरीके से नाम जोड़ने और हटाने के आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया था. उन्होंने कहा था कि 'कुछ पार्टियों ने दावा किया कि कुछ समूहों को गलत तरीके से निशाना बनाया जा रहा है और मतदाता सूची से उनके नाम हटाए जा रहे हैं. मैं उनको बताना चाहता हूं कि किसी भी कीमत पर वोटर लिस्ट से किसी का नाम मनमाने ढंग से नहीं हटाया जा सकता.