
इंडिया टुडे के विस्फोटक खुलासे, ऑपरेशन अवैध के बाद आम आदमी पार्टी (आप) और बीजेपी के बीच राजनीतिक लड़ाई तेज हो गई है. दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने घुसपैठ और सीमा सुरक्षा पर गृह मंत्री अमित शाह की टिप्पणियों की तीखी आलोचना की, जिससे दोनों दलों के बीच बहस छिड़ गई.
आज तक एजेंडा कार्यक्रम के दौरान शाह की टिप्पणियों के जवाब में बोलते हुए, केजरीवाल ने कहा, "कोई भी जिम्मेदार केंद्रीय गृह मंत्री ऐसा बयान नहीं देगा कि बिना बाड़ वाली सीमाओं की सुरक्षा और निगरानी की जिम्मेदारी राज्य सरकार की है."
यह तीखी टिप्पणी शाह द्वारा भारत की 4% बिना बाड़ वाली सीमाओं की सुरक्षा का श्रेय राज्य सरकारों को दिए जाने के बाद आई है, जिसमें उन्होंने कहा था कि उनकी भूमिका "घुसपैठ को सामुदायिक अपराध बनने से रोकने के लिए इन क्षेत्रों में आबादी को जागरूक करना" है.
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सीमा चुनौतियों पर अमित शाह का रुख
घुसपैठ के मुद्दे पर चर्चा में अमित शाह ने भारत की 4% अंतरराष्ट्रीय सीमाओं पर बाड़ लगाने में आने वाली भौगोलिक चुनौतियों को स्वीकार किया. उन्होंने असम में घुसपैठ को रोकने के लिए बीजेपी की कोशिशों पर जोर दिया और कहा कि पूर्वोत्तर राज्य में इसे काफी हद तक नियंत्रित किया गया है.
हालांकि, उन्होंने दावा किया कि पश्चिम बंगाल और झारखंड जैसे राज्यों में वोट बैंक की राजनीति उन क्षेत्रों में इसी मुद्दे को प्रभावी ढंग से संबोधित करने में बाधा आ रही है. शाह ने कहा, "घुसपैठ केवल बिना बाड़ वाले हिस्सों में ही नहीं बल्कि बाड़ वाले इलाकों में भी हो रही है."
अमित शाह ने इस बारे में गंभीर सवाल उठाए कि घुसपैठिए भारत में कैसे घुस रहे हैं और फिर असम, बंगाल सहित राज्यों में घूम रहे हैं और आखिरकार दिल्ली पहुंच रहे हैं. उन्होंने एक बड़ी साजिश की ओर इशारा किया और सवाल किया कि क्या घुसपैठियों को जानबूझकर देश के विभिन्न हिस्सों में ले जाया और बसाया जा रहा है.
केजरीवाल का पलटवार
अरविंद केजरीवाल ने शाह के बयानों का खंडन करते हुए सीमा सुरक्षा के लिए केंद्र सरकार की संवैधानिक जिम्मेदारी पर जोर दिया. उन्होंने पूछा, "वे सीमा कैसे पार कर रहे हैं? अगर बाड़ लगी और बिना बाड़ वाली दोनों सीमाएं केंद्र के अधिकार क्षेत्र में हैं, तो केंद्र सरकार उन्हें रोकने में सक्षम क्यों नहीं है?"
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दिल्ली के मुख्यमंत्री ने शाह के इस आरोप की भी आलोचना की कि राज्य सरकारें वोट बैंक की राजनीति में शामिल हैं, उन्होंने तर्क दिया कि इस तरह के आरोप सिर्फ राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दों का राजनीतिकरण करते हैं.
इससे पहले केजरीवाल ने दिल्ली चुनाव में अवैध घुसपैठ के बारे में पूछे जाने पर इंडिया टुडे के ऑपरेशन इलीगल्स का हवाला देते हुए केंद्र पर हमला किया था.
बढ़ता राजनीतिक तनाव
ऑपरेशन इलीगल के खुलासे, बीजेपी के वोट बैंक की राजनीति के आरोपों और आप के जवाबी आरोपों के साथ सीमा सुरक्षा को राजनीतिक चर्चा का केंद्र बिंदु बना दिया है. जबकि दोनों दलों ने राष्ट्रीय हितों की रक्षा करने की कसम खाई है, लेकिन बढ़ते आरोप-प्रत्यारोप ने घुसपैठ और अवैध बस्तियों से निपटने की मुश्किल चुनौतियों को और मुश्किल किया है, खासकर पश्चिम बंगाल और असम जैसे राजनीतिक रूप से संवेदनशील क्षेत्रों में आते हैं.