
बिहार में विधानसभा चुनाव के लिए कार्यक्रम की घोषणा होने के बाद अब प्रशासन भी एक्टिव मोड में आ गया है. पटना के जिलाधिकारी राजीव कुमार ने 26 सितंबर को सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक पार्टियों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की और चुनाव से संबंधित नियमों के संबंध में जानकारी दी. डीएम ने बताया कि नामांकन के लिए केवल दो वाहन की ही अनुमति दी जाएगी.
जिलाधिकारी ने राजनीतिक पार्टियों के प्रतिनिधियों को यह भी बताया कि नामांकन स्थल से 100 मीटर पहले ही वाहन रोक दिए जाएंगे. उम्मीदवार के साथ केवल दो लोगों को ही नामांकन स्थल पर जाने की अनुमति होगी. नामांकन के साथ ही पूरी चुनाव प्रक्रिया के दौरान कोरोना प्रोटोकॉल का पालन किया जाना अनिवार्य होगा. नामांकन के लिए पारंपरिक व्यवस्था के साथ ही ऑनलाइन की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी.
डीएम ने ईवीएम, वीवीपैट के संचालन, निर्वाचन आयोग की ओर से जारी किए चरणबद्ध चुनाव कार्यक्रम, चुनाव प्रचार संबंधी प्रावधान, आदर्श आचार संहिता संबंधी प्रावधान को लेकर भी जानकारी दी. उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी परिस्थिति में सरकारी वाहन का उपयोग चुनाव कैंपेन में नहीं किया जा सकेगा. धार्मिक स्थल का उपयोग चुनाव कार्य के लिए नहीं किया जाना है. भाषण के दौरान किसी पर व्यक्तिगत आक्षेप नहीं करना है. जाति, धर्म, संप्रदाय पर आधारित भाषण देने पर कार्रवाई की जाएगी.
गौरतलब है कि बिहार में तीन चरणों में चुनाव होंगे. 28 अक्टूबर, 3 नवंबर और 7 नवंबर को वोट डाले जाएंगे. मतगणना 10 नवंबर को होगी. पटना की विधानसभा सीटों के लिए तीसरे और अंतिम चरण में चुनाव होना है.