
मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को करारी मात मिली है. भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) 21 सीटें जीत चुकी है, 144 पर लीड कर रही है. बीजेपी को 165 सीटें मिलती नजर आ रही हैं. वहीं, कांग्रेस 7 सीटें जीत चुकी है और पार्टी के उम्मीदवार 57 सीटों पर आगे चल रहे हैं. सूबे में कांग्रेस 64 सीटों पर सिमटती नजर आ रही है. कांग्रेस के इस प्रदर्शन के बीच अब समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रमुख अखिलेश यादव के साथ ग्रैंड ओल्ड पार्टी की तल्खी के भी चर्चे हो रहे हैं. सपा के नेताओं ने कांग्रेस के इस प्रदर्शन को आधार बनाकर अब कमलनाथ पर हमला बोल दिया है.
सपा प्रवक्ता मनोज सिंह काका ने सपा प्रमुख अखिलेश को लेकर कमलनाथ के बयान का जिक्र करते हुए कहा कि उनका अहंकार सिर चढ़कर बोल रहा था. उनके अमर्यादित बयानों की वजह से कांग्रेस हारी है. उन्होंने रामधारी सिंह दिनकर की कविता 'जब नाश मनुज पर छाता है, पहले विवेक मर जाता है...' का भी जिक्र किया और कहा कि ज्यादातर जगह यही हुआ. सपा प्रवक्ता ने ये भी कहा कि कांग्रेस को समझना चाहिए कि जब-जब दलितों-पिछड़ों और क्षेत्रीय दलों का अपमान होगा,तब-तब उसे (कांग्रेस को) मुंह की खानी पड़ेगी.
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वहीं, सपा सांसद एसटी हसन ने मध्य प्रदेश के चुनाव में कांग्रेस की हार के लिए कमलनाथ के अहंकार को वजह बताया. उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव को लेकर जो अपमानजनक टिप्पणी की थी, आज जनता ने दिखा दिया सार्वजनिक दृष्टिकोण से सही नहीं है. कमलनाथ ने अखिलेश यादव को लेकर कहा था- अरे छोड़ो अखिलेश-वखिलेश. अब कांग्रेस की हार के बाद ये चर्चा शुरू हो गई है कि क्या अखिलेश की बात नहीं मानकर कमलनाथ ने गलती की?
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वोट शेयर के लिहाज से देखें तो सपा करीब एक फीसदी वोट के आसपास ही वोट पा सकी लेकिन करीबी लड़ाई वाली कई सीटों पर सपा ने हार-जीत के अंतर से अधिक वोट पाए. बसपा और अन्य ने भी अच्छा वोट पाया. माना जा रहा है कि सपा-बसपा जैसी पार्टियों और अन्य के चुनाव मैदान में उतरने से विरोधी वोट का बिखराव हुआ और इसका सीधा लाभ सत्ताधारी बीजेपी को मिला.
कमलनाथ ने हैदराबाद में हुई कांग्रेस की मीटिंग में साफ कहा था कि मध्य प्रदेश में किसी भी दल को एक भी सीट देने की जरूरत नहीं है. इंडिया गठबंधन की भोपाल में साझा रैली होनी थी जिसके लिए तारीख का ऐलान भी हो गया था. लेकिन कमलनाथ ने ऐलान किया कि ये रैली नहीं होगी. कमलनाथ और अन्य चुनावी राज्यों की कांग्रेस ईकाइयों ने इंडिया गठबंधन में सीट शेयरिंग को लेकर बातचीत चुनावों के बाद तक टालने की मांग की थी. इसके बाद गठबंधन की कवायद भी शिथिल पड़ गई थी.
सिंहदेव का वीडियो भी हो रहा वायरल
इस बीच छत्तीसगढ़ के डिप्टी सीएम टीएस सिंहदेव का भी एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें वह यह पूछते नजर आ रहे हैं कि कौन अखिलेश. उनको जब ये बताया जाता है कि सपा प्रमुख, तब वह ये कहते हैं कि वह तो मुख्यमंत्री भी रहे हैं. अब टीएस सिंहदेव खुद अंबिकापुर सीट से चुनाव हार गए हैं. उनका ये पुराना वीडियो भी अब वायरल हो रहा है.