Mizoram Assembly Election Result Updates: मिजोरम विधानसभा चुनाव के परिणाम आज जारी हुए. जोरम पीपुल्स मूवमेंट ने 40 में से 27 सीटों पर जीत दर्ज की. सत्ताधारी मिजो नेशनल फ्रंट 10 सीटों पर सिमट गई. भाजपा के हाथ 2 सीटें लगीं और कांग्रेस सिर्फ 1 सीट तक ही सिमट कर रह गई. जेडपीएम के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार लालदुहोमा ने कहा, 'मैं कल या परसों राज्यपाल से मिलूंगा. नई सरकार का शपथ ग्रहण इसी महीने में होगा.'
सेरछिप विधानसभा सीट से जीत दर्ज करने के बाद मीडिया से मुखातिब हुए जेडपीएम के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार लालदुहोमा ने कहा, 'मिजोरम वित्तीय संकट का सामना कर रहा है. हमें निवर्तमान सरकार से यही विरासत मिलने वाली है. हम अपनी प्रतिबद्धता को पूरा करने जा रहे हैं. वित्तीय सुधार आवश्यक है और इसके लिए हम एक संसाधन जुटाने वाली टीम बनाने जा रहे हैं.'
जेडपीएम (जोरम पीपल्स मूवमेंट) के उपाध्यक्ष केनेथ चावंगलियाना ने कहा, 'फिलहाल, हम 27 सीटों पर आगे चल रहे हैं. हमारी मुख्य प्राथमिकता कृषि होगी. हमें मिजोरम को खाद्य उत्पादन के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाना है. फिर बिजली और संचार और हमारी युवा पीढ़ी के मामलों को ठीक करना है.'
सूबे में विधानसभा की कुल 40 सीटें हैं और बहुमत का आंकड़ा 21 है. इस तरह जोरम पीपुल्स मूवमेंट को इस चुनाव में पूर्ण बहुमत मिली है. मिजोरम में पहले वोटों की काउंटिंग अन्य 4 राज्यों के साथ 3 दिसंबर को ही होने वाली थी. मतगणना की तारीख बदले जाने की मांग को लेकर सभी राजनीतिक दलों ने चुनाव आयोग को पत्र लिखा था, जिसमें कहा गया था कि मिजो लोग रविवार के दिन पूरी तरह से पूजा में समर्पित रहते हैं. उनकी मांग को स्वीकार करते हुए ईसी ने परिणाम को एक दिन के लिए टाल दिया था.
मिजोरम में सीएम जोरामथांगा की MNF सत्ता में थी. इंडिया टुडे-एक्सिस माय इंडिया के एग्जिट पोल के आंकड़ों में मिजोरम में MNF को बड़े नुकसान की संभावना जताई गई थी. यहां सत्ता विरोधी लहर था. जबकि, लालदुहोमा के नेतृत्व वाली ZPM के पक्ष में जबरदस्त लहर थी. मिजोरम में मुख्यमंत्री पद के लिए 40 फीसदी लोगों की पसंद लालदुहोमा थे. वास्तविक नतीजों में भी यही ट्रेंड कायम रहा. बीजेपी ने कुल 40 में से सिर्फ 23 सीटों पर ही उम्मीदवार उतारे थे.
मिजोरम विधानसभा चुनाव के परिणाम इलेक्शन कमीशन ने घोषित कर दिए हैं. जोरम पीपुल्स मूवमेंट 27 सीटें जीतकर सूबे में सरकार बनाने जा रही है. वहीं मिजो नेशनल फ्रंट 10 सीटों पर सिमटकर सत्ता से बाहर हो गई है. सूबे में भाजपा को 2 सीटें और कांग्रेस को 1 सीट मिली है.
जेडपीएम के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार लालदुहोमा ने कहा, 'मैं कल या परसों राज्यपाल से मिलूंगा. नई सरकार का शपथ ग्रहण इसी महीने में होगा.' जेडपीएम ने 40 सदस्यीय मिजोरम विधानसभा में 27 सीटें जीतकर पूर्ण बहुमत हासिल की है. वहीं सत्ताधारी मिजो नेशनल फ्रंट 10 सीटों पर सीमित रह गई है. भाजपा के खाते में 2 सीटें आई हैं, जबकि कांग्रेस 1 सीट तक सीमित रह गई है.
सेरछिप विधानसभा सीट से जीत दर्ज करने के बाद मीडिया से मुखातिब हुए जेडपीएम के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार लालदुहोमा ने कहा, 'मिजोरम वित्तीय संकट का सामना कर रहा है. हमें निवर्तमान सरकार से यही विरासत मिलने वाली है. हम अपनी प्रतिबद्धता को पूरा करने जा रहे हैं. वित्तीय सुधार आवश्यक है और इसके लिए हम एक संसाधन जुटाने वाली टीम बनाने जा रहे हैं.'
मिजोरम के हेल्थ मिनिस्टर और एमएनएफ उम्मीदवार आर लालथंगलियाना दक्षिण तुईपुई विधानसभा सीट पर जेडपीएम के जेजे लालपेखलुआ से 135 वोटों के अंतर से हार गए. जेडपीएम (जोरम पीपल्स मूवमेंट) के उपाध्यक्ष केनेथ चावंगलियाना ने कहा, 'फिलहाल, हम 27 सीटों पर आगे चल रहे हैं. हमारी मुख्य प्राथमिकता कृषि होगी. हमें मिजोरम को खाद्य उत्पादन के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाना है. फिर बिजली और संचार और हमारी युवा पीढ़ी के मामलों को ठीक करना है.'
मिजोरम में पहली बार चुनाव लड़ रही ZPM सरकार बनाती हुई दिख रही है. वह 26 सीटों पर लीड कर रही है. सत्ताधारी मिजो नेशनल फ्रंट 10 सीटों पर सिमटती हुई दिख रही है. वहीं भाजपा 3 सीटों पर बढ़त में है. जबकि कांग्रेस के खाते में सिर्फ 1 सीट आती हुई दिख रही है. जोरम पीपुल्स मूवमेंट के लीडर लालदुहोमा अपनी सीट से आगे चल रहे हैं, जबकि वर्तमान मुख्यमंत्री और एमएनएफ चीफ जोरमथांगा अपनी सीट से पीछे चल रहे हैं.
अब तक के रुझानों में जोरम पीपुल्स मूवमेंट (ZPM) 29 सीटों पर आगे चल रही है. वहीं, सत्ताधारी मिजो नेशनल फ्रंट 7 सीटों पर आगे है. इसके साथ ही 3 सीटों पर बीजेपी और 1 सीट पर कांग्रेस आगे चल रही है.
अब तक के रुझानों में जोरम पीपुल्स मूवमेंट (ZPM) 26 सीटों पर आगे चल रही है. वहीं, सत्ताधारी मिजो नेशनल फ्रंट 10 सीटों पर आगे है. इसके साथ ही 3 सीटों पर बीजेपी और 1 सीट पर कांग्रेस आगे चल रही है.
इलेक्शन कमीशन के आंकड़ों के मुताबिक मिजोरम में जेडपीएम 26 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है. मिजोरम में कुल 40 सीटें हैं और बहुमत का आंकड़ा 21 है. सत्ताधारी एमएनएफ 9 सीटों पर सिमट गई है. भाजपा 3 सीटों पर लीड में है, जबकि कांग्रेस सिर्फ 1 सीट पर आगे है.
मिजोरम में पहली बार चुनाव लड़ने वाली जोरम पीपुल्स मूवमेंट 26 सीटों पर आगे चल रही है और मिजो नेशनल फ्रंट को राज्य की सत्ता से विदा करती हुई दिख रही है. भारतीय जनता पार्टी 3 सीटों पर आगे चल रही है, जबकि कांग्रेस 1 सीट पर आगे है. जेएडपीएम का नेतृत्व लालदुहोमा के हाथ में है, जो मुख्यमंत्री पद के दावेदार हैं. वह अपनी सीट पर आगे हैं. जबकि मौजूदा मुख्यमंत्री और एमएनएफ चीफ जोरमथांगा अपनी सीट से पीछे चल रहे हैं.
मिजोरम में लालदुहोमा के नेतृत्व वाली जोरम पीपुल्स मूवमेंट सरकार बनाती हुई दिख रही है. इलेक्शन कमीशन के मुताबिक जेडपीएम अभी राज्य की 24 सीटों पर लीड कर रही है. सत्ताधारी मिजो नेशनल फ्रंट सिर्फ 10 सीटों पर आगे है, जबकि भाजपा 3 और कांग्रेस 1 सीट पर लीड में हैं.
मिजोरम में एक बार फिर आंकड़े पलट गए हैं. जोरम पीपुल्स मूवमेंट यहां अपने दम पर सत्ता में आती हुई दिख रही है. लालडुहोमा की पार्टी 23 सीटों पर आगे चल रही है. एमएनएफ 11 सीटों पर आगे है. कांग्रेस को 3 सीटों पर बढ़त है.
मिजोरम के रुझान दिलचस्प ट्रेंड शो कर रहे हैं. यहां जोरम पीपुल्स मूवमेंट शुरू में बहुमत के आंकड़े से आगे निकल चुकी थी, लेकिन अब वह 15 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है. वहीं सत्ताधारी मिजो नेशनल फ्रंट 11 सीटों पर आगे है. कांग्रेस की मुकाबले में जोरदार एंट्री हुई है और वह 10 सीटों पर आगे चल रही है. बीजेपी भी 2 सीटों पर लीड कर रही है.
मिजोरम के रुझानों में आंकड़े पल-पल बदल रहे हैं. जेडपीएम अब 20 सीटों पर आगे चल रही है, जबकि सत्ताधारी एमएनएफ 14 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है. कांग्रेस 5 विधानसभा क्षेत्रों में आगे चल रही है, जबकि 1 सीट पर बीजेपी ने लीड ले रखी है.
मिजोरम में सभी 40 सीटों के रुझान सामने आ गए हैं. राज्य में सत्ता परिवर्तन होता दिख रहा है और जोरम पीपुल्स मूवमेंट ने 22 सीटों पर बढ़त के साथ बहुमत के आंकड़े को छू लिया है. सत्ताधारी मिजो नेशनल फ्रंट 11 सीटों पर आगे है और सरकार गंवाती दिख रही है. कांग्रेस 6 सीटों पर आगे है, जबकि बीजेपी 1 सीट पर लीड कर रही है.
मिजोरम की 40 में से 39 सीटों के रुझान सामने आ गए हैं. जोरम पीपुल्स मूवमेंट 23 सीटों पर बढ़त के साथ बहुमत का आंकड़ा पार कर चुकी है. वहीं सत्ताधारी मिजो नेशनल फ्रंट 9 सीटों पर आगे है और राज्य की सत्ता से बाहर होती दिख रही है. कांग्रेस 6 सीटों पर आगे चल रही है, जबकि 1 सीट पर बीजेपी को बढ़त है.
मिजोरम के रुझानों में जोरम पीपुल्स मूवमेंट ने बहुमत का आंकड़ा छू लिया है और सत्ताधारी मिजो नेशनल फ्रंट से काफी आगे निकल गई है. वहीं कांग्रेस तीसरे स्थान पर पिछड़ गई है. भाजपा का अब तक खाता नहीं खुल पाया है. 40 में से अब तक 34 सीटों के रुझान आ गए हैं, इनमें जेडपीएम 21 सीटों, एमएनएफ 8 और कांग्रेस 5 सीटों पर आगे है.
मिजोरम में अब तक 40 में से 30 सीटों के रुझान सामने आए हैं. इनमें जोरम पीपुल्स मूवमेंट 17 और मिजो नेशनल फ्रंट 8 सीटों पर आगे हैं. कांग्रेस को 5 सीटों पर बढ़त हासिल है, जबकि बीजेपी को अभी खाता खोलना बाकी है.
मिजोरम की 40 में से 20 सीटों के रुझान सामने आए हैं. मिजो नेशनल फ्रंट 9 सीटों पर आगे है, जेडपीएम 7 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है. कांग्रेस ने भी 4 सीटों पर बढ़त हासिल की हुई है. बीजेपी को खाता खोलना बाकी है.
मिजोरम विधानसभा चुनाव 2023 की मतगणना जारी है. पहले पोस्टल बैलेट के वोट गिने जा रहे हैं. अब तक के रुझानों में मिजो नेशनल फ्रंट 7 और जोरम पीपुल्स मूवमेंट 5 सीटों पर बढ़त बनाए हुए हैं. कांग्रेस 2 सीटों पर आगे है. बीजेपी का खाता खुलना बाकी है.
मिजोरम विधानसभा चुनाव 2023 की मतगणना आइजोल डीसी दफ्तर में शुरू हो गई है. राज्य में विधानसभा की 40 सीटों के लिए 7 नवंबर को मतदान हुआ था. यहां मिजो नेशनल फ्रंट और जोरम पीपुल्स मूवमेंट के बीच मुख्य मुकाबला माना जा रहा है. भाजपा और कांग्रेस भी यह चुनाव लड़ रही हैं.
मिजोरम की राजधानी आइजोल में डेप्यूटी कमिश्नर दफ्तर के परिसर में मतगणना की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं. सुबह 8 बजे से काउंटिंग शुरू होगी और पहले 1 घंटे के रुझानों में यह पता चलने की संभावना कि मिजोरम में कौन सी पार्टी के पास बढ़त है.
इंडिया टुडे एक्सिस-माय इंडिया एग्जिट पोल के मुताबिक मिजोरम में जेडपीएम क्लीन स्वीप कर सकती है और पार्टी को 40 सदस्यीय विधानसभा में 28-35 सीटें हासिल करने की उम्मीद है. एग्जिट पोल के मुताबिक एमएनएफ सिर्फ 3-7 सीटों पर सिमट सकती है.
मिजोरम में हुए 2018 के विधानसभा चुनाव में, भाजपा के नेतृत्व वाले एनडीए के घटक एमएनएफ ने 26 सीटें जीती थीं और कांग्रेस को सत्ता से बाहर कर दिया था. जेडपीएम 8 सीटों पर विजयी हुई थी, जबकि कांग्रेस केवल 5 सीटों के साथ तीसरे स्थान पर खिसक गई, जबकि 2013 में उसे 34 सीटें मिली थीं.
सीएम जोरामथंगा और उनकी पार्टी MNF के खिलाफ बहुत तगड़ी सत्ता विरोधी लहर देखी जा रही है. एग्जिट पोल के सर्वे में सामने आया है कि MNF जिस तरह की जीत का दावा कर रही थी, वह गलत साबित हो सकता है. सीएम इस विधानसभा चुनाव में इतिहास नहीं बना पाएंगे और सत्ता भी गंवा सकते हैं.
यहां ZPM अच्छी स्थिति में हैं. इस पार्टी का जन्म दिल्ली में AAP जैसी घटना की ही तरह एक आंदोलन से हुआ था. जहां इसके अधिकांश उम्मीदवार युवा हैं और 50 वर्ष से कम उम्र हैं. वे शहरी क्षेत्रों में लोकप्रिय हैं. सर्वे के मुताबिक ZPM के मिजोरम पर जीत हासिल करने की संभावना है. उसे कुल 40 में से 30 सीटें मिल सकती हैं.
एग्जिट पोल में पूछा गया था कि मिजोरम में अगला सीएम कौन? इस सवाल के जवाब में 40 फीसदी लोगों की पसंद लालदुहोमा हैं. वहीं मौजूदा सीएम को सिर्फ 17 फीसदी लोगों ने बतौर अगला मुख्यमंत्री पसंद किया है.
बीजेपी 23 सीटों पर चुनाव लड़ी है. पहले वह 39 सीटों पर चुनाव लड़ती थी. इसके अलावा, आम आदमी पार्टी (आप) के चार उम्मीदवार हैं. राज्य में AAP ने पहली बार चुनाव लड़ा. इसके अलावा, 27 निर्दलीय उम्मीदवार चुनाव मैदान में थे. बात कांग्रेस की करें तो वह एमएनएफ की सत्ता विरोधी लहर का फायदा उठाने में ज्यादा कुछ नहीं कर सकी है.
मिजोरम में विधानसभा की 40 सीटों के लिए 7 नवंबर को वोटिंग हुई थी. यहां मुख्यमंत्री जोरमथांगा के नेतृत्व वाले सत्तारूढ़ नेशनल फ्रंट (एमएनएफ), जोरम पीपल्स मूवमेंट (जेडपीएम) और कांग्रेस के बीच त्रिकोणीय मुकाबला रहा है.