जम्मू-कश्मीर को उमर अब्दुल्ला के रूप में पूरे 10 साल बाद नया मुख्यमंत्री मिल गया है. उनके शपथ ग्रहण समारोह में राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और अखिलेश यादव सहित INDIA ब्लॉक के कई दिग्गज शामिल हुए. इसके साथ ही जम्मू-कश्मीर की नई अब्दुल्ला कैबिनेट में विधायक मंत्रियों ने भी शपथ ले ली. हालांकि, कांग्रेस ने पहले ही साफ कर दिया था कि उनका कोई भी विधायक आज कैबिनेट की शपथ नहीं लेगा. यह समारोह शेर-ए-कश्मीर इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर (SKICC) में हुआ. आज मंत्री के रूप में सतीश शर्मा, सकीना इटू, जावेद डार, सुरिंदर चौधरी, जावेद राणा और जावेद डार ने भी शपथ ली.
NC-कांग्रेस गठबंधन को 48 सीटें
बता दें कि जम्मू-कश्मीर में 10 साल बाद हुए विधानसभा चुनाव में नेशनल कॉन्फ्रेंस और कांग्रेस गठबंधन ने जीत हासिल की. 90 सीटों में से नेशनल कॉन्फ्रेंस ने 42 और कांग्रेस ने 6 विधानसभा सीटों पर जीत दर्ज की है. वहीं, बीजेपी 29 विधानसभा सीटों पर जीत हासिल करने में सफल रही. महबूबा मुफ्ती की पार्टी पीडीपी इस चुनाव में अच्छा प्रदर्शन नहीं कर सकी.
1. सुरिंदर चौधरी, नेशनल कांफ्रेंस से नौशेरा विधायक (डिप्टी सीएम बनाया)
2. सकीना इटू, नेशनल कांफ्रेंस से दमहाल हंजीपोरा विधायक
3. जावेद राणा, मेंढर से नेशनल कांफ्रेंस की विधायक
4. जावेद डार, रफियाबाद से नेशनल कांफ्रेंस के विधायक
5. सतीश शर्मा, NC-कांग्रेस गठबंधन का समर्थन करने वाले छंब से निर्दलीय विधायक
जम्मू-कश्मीर के नये सीएम बनने के बाद उमर अब्दुल्ला ने बड़ा फैसला लिया है. उन्होंने सुरिंदर सिंह चौधरी को केंद्र शासित प्रदेश का नया डिप्टी सीएम बनाने का निर्णय लिया है. चौधरी ने बीजेपी के जम्मू-कश्मीर के प्रदेश अध्यक्ष रविंद्र रैना को चुनाव हराया था.
उमर अब्दुल्ला ने जम्मू-कश्मीर के नये मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ ले ली है. उनकी कैबिनेट में 5 विधायकों को जगह मिली है. कांग्रेस से किसी भी विधायक ने मंत्री पद की शपथ नहीं ली है.
उमर अब्दुल्ला अब कुछ ही देर में जम्मू-कश्मीर के नये मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ लेने वाले हैं. इस बीच केंद्र शासित प्रदेश की नई कैबिनेट को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है. बताया जा रहा है कि आज अब्दुल्ला सरकार में 9 विधायक कैबिनेट की शपथ लेंगे.
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी श्रीनगर पहुंच चुके हैं. दोनों ही नेता जम्मू-कश्मीर की नई उमर अब्दुल्ला सरकार के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होंगे.
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने से पहले उमर अब्दुल्ला ने कहा, 'जम्मू-कश्मीर एक केंद्र शासित प्रदेश है, जो अपने आप में दुर्भाग्यपूर्ण है. लेकिन मैंने हमेशा यह कहा है कि केंद्र शासित प्रदेश के रूप में हमारा दर्जा अस्थायी है. भारत सरकार से हमें यह वादा मिला है कि राज्य का दर्जा बहाल किया जाएगा.'
राहुल गांधी (नेता विपक्ष, कांग्रेस), मलिकार्जुन खड़गे (अध्यक्ष, कांग्रेस), ममता बनर्जी (मुख्यमंत्री, पश्चिम बंगाल), शरद पवार (अध्यक्ष, एनसीपी (SP), सपा चीफ अखिलेश यादव (पहुंचे), लालू प्रसाद यादव (RJD), एमके स्टालिन (DMK), उद्धव ठाकरे (शिवसेना), हेमंत सोरेन (JMM), महबूबा मुफ्ती (PDP), भगवंत मान (CM, पंजाब), अरविंद केजरीवाल (AAP), CPIM नेता प्रकाश करात (पहुंचे).
कांग्रेस के जम्मू-कश्मीर प्रभारी भरत सिंह सोलंकी का कहना है कि नेशनल कांफ्रेंस से बातचीत चल रही है और कैबिनेट शेयरिंग को लेकर बाद में फैसला लिया जाएगा. कांग्रेस गठबंधन का हिस्सा है. लेकिन आज कोई भी कांग्रेस विधायक शपथ नहीं लेगा, क्योंकि अभी भी इस बात पर बातचीत चल रही है कि हम सरकार का हिस्सा हैं या बाहर से समर्थन करेंगे.
(इनपुट: मौसमी सिंह)