सुशांत मामले को लेकर कंगना रनौत और शिवसेना के बीच चल रही तीखी जुबानी बहस तब गंभीर हो गई जब BMC ने कंगना के दफ्तर पर बुलडोजर चला दिया. कंगना के पाली हिल स्थित दफ्तर जिसकी कीमत तकरीबन 48 करोड़ रुपये थी, उसे बीएमसी के कर्मचारियों को चंद मिनटों के अंदर खंडहर में तब्दील कर दिया. इस घटना को बीते वक्त हो गया लेकिन एक्ट्रेस अभी उस सदमे से उबर नहीं पाई हैं.
कंगना ने गुरुवार को अपने उस टूट चुके दफ्तर की तस्वीरें ट्विटर पर शेयर की हैं और पूछा है कि अगर ये बलात्कार नहीं है तो क्या है? कंगना ने अपने सपनों के उस दफ्तर की पुरानी और टूटने के बाद की तस्वीरें साथ में शेयर की हैं.
कंगना ने अपने ट्वीट में लिखा, ""ये बलात्कार है, मेरे सपनों का, मेरे हौसलों का, मेरे आत्मसम्मान का और मेरे भविष्य का." उन्होंने लिखा, "जो कभी मंदिर था उसे क़ब्रिस्तान बना दिया, देखो मेरे सपनों को कैसे तोड़ा, यह बलात्कार नहीं?"
बता दें कि कंगना उस वक्त मनाली से मुंबई लौट रही थीं जब उनके दफ्तर को तहस-नहस कर दिया गया. कंगना ने अपने टूटे हुए दफ्तर की तस्वीरें शेयर करते हुए तब मुंबई को पाकिस्तान कहा था और अपने दफ्तर की तुलना राम मंदिर से की थी.
कंगना ने उस वक्त महाराष्ट्र सरकार की बाबर तुलना बाबर से की थी और एक वीडियो ट्वीट करके कहा था कि वक्त का पहिया एक सा नहीं रहता. आज मेरा घर टूटा है कल तेरा घमंड टूटेगा.
कंगना ने अपने वीडियो में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री के लिए तू और तूने जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया था जिसके लिए उन पर केस भी किया गया है.
कंगना रनौत ने अपने हालिया ट्वीट में टूटे हुए दफ्तर की तस्वीरों के साथ लिखा है, "एक उम्र बीत जाती है घर बनाने में और तुम आह भी नहीं करते बस्तियाँ जलाने में. यह देखो क्या से क्या कर दिया मेरे घर को क्या यह बलात्कार नहीं?"
मालूम हो कि कंगना रनौत ने आज एक और ट्वीट किया था जिसमें उन्होंने लिखा, "मेरे कर्म स्थान को शमशान बना दिया, न जाने कितने लोगों का रोजगार छीन लिया, एक फिल्म यूनिट कई सौ लोगों को रोजगार देतीं है, एक फिल्म रिलीज होकर थिएटर से लेकर पॉप्कॉर्न बेचने वाले का घर चलती है, हम सब से रोजगार छीन के वो लोग आज #NationalUnemploymentDay17Sept मना रहे हैं."
कंगना जाहिर तौर पर अपने सपनों के दफ्तर को चकनाचूर होने को भुला नहीं पा रही हैं. जहां तक उनके अंदाज का सवाल है तो ऐसा लगता नहीं है कि फिलहाल कंगना और महाराष्ट्र सरकार के बीच चल रही ये लड़ाई खत्म होने वाली है.