
बिग बॉस 14 का एक अहम हिस्सा बन गई हैं राधे मां. वैसे तो राधे मां शो में बतौर कंटेस्टेंट नजर नहीं आ रही हैं, लेकिन उस घर में उनका आना-जाना लगा रहेगा. उन्हें कई मौकों पर घर में एंट्री दी जाएगी. लेकिन राधे मां का खुद को इस रियलिटी शो से जोड़ना अखाड़ा परिषद को रास नहीं आ रहा है. उनके सिद्धांतों पर ही सवाल खड़े कर दिए गए हैं.
अखाड़ा समाज का राधे मां के प्रति गुस्सा
अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद की तरफ जारी किए गए बयान में साफ कर दिया गया है कि राधे मां कोई संत नहीं है और उन्हें धर्म की कोई जानकारी नहीं है. ABAP अध्यक्ष नरेंद्र गिरी ने कहा है- राधे मां कोई संत नहीं है, वे किसी भी अखाड़े से नहीं जुड़ी हैं. पहले उन्हें जूना अखड़ा की तरफ से महामंडलेश्वर की उपाधि दी गई थी, लेकिन जब उनके असल रंग सामने आए, उन्हें वहां से निकाल दिया गया. उन्हें धर्म की कोई जानकारी नहीं है. वे बस नाच-गाना कर सकती हैं. वहीं क्योंकि अब उन्हें ABAP से अलग कर दिया गया है, ऐसे में उन्हें किसी भी रियलिटी शो में भाग लेने की इजाजत हो गई है.
राधे मां की बिग बॉस में भूमिका
मालूम हो कि शो शुरू होने से पहले ऐसे कयास लगाए गए थे कि राधे मां बतौर कंटेस्टेंट हिस्सा लेंगी. फिर पता चला कि वे सिर्फ एक हफ्ते के लिए आ रही हैं. लेकिन अब बताया गया है कि राधे मां को बतौर गेस्ट शो में बुलाया जाएगा. वे बीच-बीच में आ कंटेस्टेंट्स से रूबरू होती रहेंगी. जब पिछली बार राधे मां को बिग बॉस में देखा गया था, तब पूरे घर की राय उन पर अलग-अलग थी. अब राधे मां की घर में कब दोबारा एंट्री होती है, ये देखने वाली बात होगी.