
बिहार में बार-बार हो रही ओलावृष्टि की वजह से किसानों को भारी नुकसान हो रहा है. खेतों की फसल तो बर्बाद हो ही गई है, पेड़ पर लगे आम और लीची की फसलों को भी भारी नुकसान हुआ है. भोजपुर में आम के बगीचे में हुए नुकसान को एक किसान सहन नहीं कर सका और उसने आत्महत्या कर ली.
जिले के सिन्हा ओपी थाना क्षेत्र के मिल्की गांव में दशरथ विंद नाम के एक किसान ने 2 लाख रुपये कर्ज लेकर आम का बगीचा लिया था. शनिवार को हुई ओलावृष्टि से आम की सारी फसल बर्बाद हो गई. कर्ज की चिंता से परेशान किसान दशरथ विंद ने आत्महत्या कर ली. रविवार सुबह दशरथ विंद लोगों को उसी बगीचे के आम के पेड़ से लटका मिला.
गौरतलब है कि शनिवार को बिहार के कई जिलों में भयानक ओलावृष्टि के साथ बारिश हुई, जिससे फसल बर्बाद हो गई. मुजफ्फरपुर, वैशाली, सीतामढ़ी, दरभंगा, भोजपुर जिलों में इससे भारी नुकसान हुआ है. पिछले हफ्ते हुई ओलावृष्टि में बिहार के 10 जिले बुरी तरह प्रभावित हुए थे और चार लोगों की जान भी गई थी. मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे तक ओलावष्टि और बारिश के साथ-साथ तेज हवाएं चलने की चेतावनी दी है.
फसलों को सबसे ज्यादा नुकसान मुजफ्फरपुर में हुआ है. जिले के कई प्रखंड में जमकर ओलावृष्टि हुई, इतनी ओलावृष्टि लोगों ने कभी नहीं देखी थी. खेतों और सड़कों पर बर्फ की चादर सी बिछ गई थी. बता दें कि मुजफ्फरपुर में लीची का उत्पादन सबसे ज्यादा होता है. इस बार आम और लीची की काफी अच्छी फसल थी और किसान इस बार अच्छी उत्पादन से मन ही मन खुश थे. लेकिन इस ओलावृष्टि ने उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया.