Advertisement

गुजरात से उत्तर भारतीयों के पलायन के बीच पटना में हार्दिक पटेल का पोस्टर

गुजरात से बिहार समेत उत्तर भारत से बड़ी संख्या में लोगों के पलायन के बीच एक ओर राजनीति शुरू हो चुकी है. और अब इस फेहरिस्त में हार्दिक पटेल भी शामिल हो गए हैं और बिहार की राजधानी पटना में उनके पोस्टर्स लगे हुए हैं.

पटना में हार्दिक पटेल के पोस्टर (फोटो-सुजीत झा) पटना में हार्दिक पटेल के पोस्टर (फोटो-सुजीत झा)
सुजीत झा/सुरेंद्र कुमार वर्मा
  • पटना,
  • 10 अक्टूबर 2018,
  • अपडेटेड 11:51 PM IST

गुजरात में रेप की एक घटना के बाद वहां रह रहे बिहार और यूपी के लोगों के साथ मारपीट कर उन्हें वहां से जाने का दबाव बनाया गया जिस कारण बड़ी संख्या में लोगों को आनन-फानन में गुजरात छोड़ना पड़ा. तनावपूर्ण माहौल के बीच पाटीदार नेता हार्दिक पटेल के उत्तर भारतीयों की सुरक्षा का वादा करने वाले पोस्टर्स पटना की सड़कों पर दिखने लगे हैं.

Advertisement

पाटीदार आंदोलन से अपनी पहचान बनाने वाले हार्दिक पटेल अब इस मुद्दे को अपने पक्ष में भुनाने में लग गए हैं और इस मामले को उठाकर अपनी अलग छवि बनाने में जुट गए हैं.

हार्दिक पटेल गुजरात में हमला करने वाले स्थानीय लोगों के उलट उत्तर भारतीयों का गुजरात में समर्थन करते दिख रहे हैं. उन्होंने समर्थन में बिहार में कई जगहों पर पोस्टर लगाए हैं. हार्दिक पटेल पोस्टर के जरिए यह कहते दिख रहे हैं कि अगर कोई उत्तर भारतीयों को धमकी देता है तो वो सीधे उन्हें हेल्पलाइन नंबर पर फोन करे. पटना के कई सड़कों पर यह पोस्टर देखा जा सकता है.

गुजरात में हो रही हिंसा के मुद्दे को लेकर बिहार में लगातार सियासत हो रही है. बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी इस मामले को लेकर गुजरात के सीएम विजय रुपाणी से बात कर चुके हैं. बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आश्वासन दिया है कि इस लगातार हालत पर नजर रखी जा रही है और हर संभव बातचीत की जा रही है.

Advertisement

पोस्टर में लिखा गया है कि कुछ असामाजिक तत्व गुजरात में मेरे उत्तर भारतीय परिवार के साथ मारपीट करने की धमकी देते हैं तो तुरंत हमारे हेल्पलाइन नंबर पर फोन करें. यह हिंदुस्तान संविधान से चलता है किसी की मनमानी से नहीं. मेरे देश का संविधान सभी हिंदुस्तानी को किसी भी प्रदेश में रहने का अधिकार देता हैं. अतिथि देवो भव:.

हार्दिक ने पटना में पोस्टर तो लगावा दिए हैं, लेकिन उनके साथी रहे कांग्रेस के विधायक और बिहार कांग्रेस के सहप्रभारी अल्पेश ठाकोर को लेकर यहां बेहद नाराजगी है. गुजरात में अल्पेश के भड़काऊ बयान को लेकर कांग्रेस बचाव की मुद्रा में दिख रही है लेकिन यह बात समझ में नहीं आई कि पटना के सड़कों पर इस तरह के पोस्टर्स लगाने का क्या औचित्य है?

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement