
गुजरात के दाहोद जिसे से हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. जहां एक पिता को बेटी का प्रेम विवाह करना इतना नागवार गुजरा कि उन्होंने जीते जी उसका अंतिम संस्कार कर दिया. मामला गरबाड़ा गांव का है. यहां एक महीने पहले एक ब्राह्मण समाज की लड़की ने दूसरी जाति के युवक से भागकर लव मैरिज कर ली.
दरअसल, माता पिता को पहले इस बात की भनक ही नहीं थी. एक महीने पहले लड़की अचानक घर से लापता हो गई. माता-पिता ने गांव वालों के साथ मिलकर बेटी को खूब तलाशा लेकिन वह नहीं मिली. फिर उन्होंने पुलिस में उसकी गुमशुदगी का मामला दर्ज करवाया. पुलिस ने जब उसे ढूंढ निकाला तो परिजनों को पता चला कि उनकी बेटी ने दूसरी जाति के लड़के से शादी कर ली है.
उन्होंने बेटी से मिन्नतें कीं कि वह वापस उनके साथ चल पड़े. लेकिन लड़की अपनी जिद पर अड़ी रही. उसने माता-पिता के साथ जाने से साफ इनकार कर दिया. लड़की बालिग थी. इसलिए पुलिस भी इस मामले में कोई एक्शन नहीं ले पाई. क्योंकि लड़की ने कहा कि उसने अपनी मर्जी से युवक से शादी की है और वह उसी के साथ रहना चाहती है.
यह सब सुनकर माता-पिता को बहुत धक्का लगा. उस समय तो वे वापस घर आ गए. लेकिन गांव आते ही उन्होंने बेटी से सारे रिश्ते-नाते तोड़ डाले. यहां तक कि उसका जीते-जी अंतिम संस्कार भी कर दिया. पिता ने कहा कि उनके लिए उनकी बेटी मर चुकी है. अब उनका उस लड़की से कोई रिश्ता-नाता नहीं है.
सिर मुंडवाया, किया अंतिम संस्कार
बता दें, इससे पहले ऐसा ही मिलता जुलता मामला उत्तर प्रदेश के औरैया से भी सामने आया था. यहां एक बेटी के प्रेमी संग लव मैरिज करने पर पिता ने उससे सारे-रिश्ते नाते तोड़ डाले. फिर उसका जीते-जी अंतिम संस्कार तक कर डाला. अंतिम संस्कार की रस्में निभाते हुए पिता ने सिर मुंडवाने के साथ सांकेतिक पिंडदान किया. इसके बाद पिता बोला कि अब मेरी बेटी मेरे लिए मर चुकी है.
भाई ने की आत्महत्या की कोशिश
वहीं, बहन को प्रेमी के साथ जाने देने पर घर आकर भाई ने जहरीला पदार्थ खाकर जान देने की कोशिश की. जिसे गंभीर हालत में निजी अस्पताल भर्ती कराया गया. हालांकि, उसकी जान बचा ली गई. मामला दिबियापुर कस्बे का है. यहां 19 साल की युवती का मोहल्ले के सर्राफा व्यापारी के बेटे से प्यार हो गया. कस्बे के रहने वाले लोगों का कहना है कि दो साल से यह प्रेम-प्रसंग चल रहा था. दोनों ने एक साथ रहने का भी फैसला कर लिया. दोनों के प्यार की जानकारी परिजनों व भाइयों को भी नहीं हो पाई.
गांव वालों और परिजनों से छुपकर दोनों ने आर्य समाज में जाकर शादी कर ली. इसके बाद दोनों ने कोर्ट मैरिज कर ली. जब लड़की ने कोर्ट मैरिज करने की जानकारी अपने घरवालों को दी तो घर वालों ने इसका विरोध किया. उन्होंने कहा कि वे शादी नहीं स्वीकार करेंगे. लेकिन फिर भी लड़की नहीं मानी और पति के साथ ससुराल चली गई.