
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की स्थापना को साल 2025 में 100 वर्ष पूरे होने जा रहे हैं. ऐसे में शताब्दी वर्ष योजना के लिए संघ की अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा हरियाणा के पानीपत जिले के समालखा स्थित पट्टीकल्याणा के सेवा साधना और ग्राम विकास केंद्र में 12, 13 और 14 मार्च को होने जा रही है. सभा में संघ के 1400 से अधिक प्रतिनिधि शामिल होंगे.
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख सुनील आम्बेकर ने जानकारी देते हुए कहा कि अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा संघ की सबसे महत्वपूर्ण सभा होती है. इस सभा में पिछले वर्ष किए गए कार्यों की समीक्षा और संघ द्वारा आगामी वर्ष में किए जाने वाले कार्यों की योजना तैयार की जाती है. सभा में देशभर से संघ के 1400 से अधिक प्रतिनिधि भाग लेंगे.
उन्होंने आगे कहा कि सभा में 34 विविध संगठनों के कार्यकर्ता भी शामिल होंगे. इससे पहले 11 मार्च को अखिल भारतीय र्यकारी मंडल की बैठक होगी. इसमें प्रतिनिधि सभा में आने वाले प्रस्तावों पर चर्चा की जाएगी. प्रतिनिधि सभा के अंतिम दिन 14 मार्च को सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले प्रस्ताव के बारे में जानकारी देंगे.
12 मार्च को प्रतिनिधि सभा का शुभारंभ
सुनील आम्बेकर ने कहा कि 12 मार्च को प्रतिनिधि सभा का शुभारंभ होगा. इसमें सरसंघचालक मोहन भागवत, सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले, सभी सह सरकार्यवाह, अखिल भारतीय कार्यकारिणी, विविध संगठनों के पदाधिकारी, सभी क्षेत्र और प्रांतों के संघचालक और कार्यवाह उपस्थित रहेंगे.
संघ की स्थापना के 100 वर्ष पूरे
उन्होंने कहा कि वर्ष 2025 में संघ स्थापना के 100 वर्ष पूरे होने जा रहे हैं. प्रतिनिधि सभा में शताब्दी वर्ष कार्य विस्तार योजना 2022-23 की समीक्षा व अनुभव के आधार पर 2023-24 की कार्य योजना बनेगी. इस वर्ष की समीक्षा के साथ-साथ 2025 तक नए लोगों को संघ से जोड़ना, वर्ष 2023-24 की कार्य योजना तैयार करने पर चर्चा की जाएगी.
आम्बेकर ने यह भी कहा कि महर्षि दयानंद के जन्म को 2024 में 200 वर्ष पूरे होने जा रहे हैं. साथ ही भगवान महावीर स्वामी के 2550वें निर्वाण वर्ष के बारे में भी विशेष वक्तव्य जारी किए जाएंगे.