
सीआरपीएफ और झारखंड पुलिस ने नक्सलियों की बड़ी साजिश को नाकाम किया है. हजारीबाग जिले के वन क्षेत्र से 20 किलो आईईडी (इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस) बरामद कर नष्ट कर दिया गया है.
गौरतलब है कि सुरक्षाबलों को सोमवार को इस संबंध में इनपुट मिला था. इसके आधार पर राज्य पुलिस और सीआरपीएफ की 22 वीं बटालियन ने जोभी खुटवार वन क्षेत्र में घेराबंदी कर सर्च ऑपरेशन शुरू किया था.
कंटेनर में प्लांट की गई थी आईईडी
इस दौरान स्निफर डॉग ने इलाके में आईईडी को ढूंढ निकाला. इसके बाद बम डिटेक्शन एंड डिस्पोजल स्क्वॉड ने स्टील के कंटेनर से 20 किलो आईईडी बरामद की. जिसे प्रोटोकॉल का पालन करते हुए बम डिटेक्शन एंड डिस्पोजल स्क्वॉड ने डिफ्यूज कर दिया.
चाईबासा में हुआ था लैंड माइन ब्लास्ट
हाल ही में पश्चिमी सिंहभूम जिले के चाईबासा क्षेत्र में एक ग्रामीण नक्सलियों की नापाक साजिश का शिकार हो गया था. टोंटो थाना क्षेत्र के रेंगाडहातू गांव में लैंड माइन ब्लास्ट में वो गंभीर रूप से घायल हुआ था.
सुरक्षाबलों को निशाना बनाने की थी साजिश
सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने आनन-फानन उसे अस्पताल पहुंचाया. जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई थी. इस दौरान ये बात सामने आई थी कि नक्सलियों ने सुरक्षाबलों को नुकसान पहुंचाने के लिए लैंड माइन लगाया था.
जानकारी के मुताबिक, चैतन्य कोड़ा रोज की तरह टोंटो के जंगलों में लकड़ी बीनने गया था. इसी दौरान दोपहर दो बजे वो कच्ची सड़क में लगे लैंड माइन की चपेट में आ गया. घटना की सूचना पर पुलिस बल और सीआरपीएफ के जवान मौके पर पहुंचे और घायल को इलाज के लिए चाईबासा सदर अस्पताल पहुंचाया. डॉक्टरों ने इलाज के दौरान उसको मृत घोषित कर दिया.
नक्सलियों के खिलाफ अभियान
गौरतलब है कि टोंटो और आसपास के इलाकों में पुलिस व अन्य सुरक्षाबलों की टीम द्वारा बड़े पैमाने पर नक्सलियों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है.