Advertisement

एमपी: भारी बारिश ने तबाह की फसल, कर्ज में डूबे किसान ने खेत में कर ली आत्महत्या

किसान के बेटे ने बताया कि हमारी करीब 15 एकड़ में बोई गई उड़द, तिल और मूंगफली की फसल ज्यादा बारिश से नष्ट हो हुई, जिसके वजह से मेरे पिताजी तनाव में थे.

किसान ने की आत्महत्या (तस्वीर-सांकेतिक) किसान ने की आत्महत्या (तस्वीर-सांकेतिक)
aajtak.in
  • निमाड़ी,
  • 05 सितंबर 2020,
  • अपडेटेड 9:31 AM IST
  • किसान ने अपने खेत पर फांसी लगा कर आत्महत्या कर ली
  • उड़द, तिल और मूंगफली की फसल बारिश से नष्ट हुई
  • परिवार पर लगभग दस साल पुराना बैंक कर्ज भी था

आए दिन ऐसे मामले सामने आते हैं, जब फसल खराब होने के कारण या कर्ज के चलते किसान आत्महत्या करने पर मजबूर हो जाते हैं. ऐसा ही एक मामला मध्य प्रदेश के निवाड़ी जिले से सामने आया है, जहां एक किसान ने आत्महत्या कर ली.

दरअसल, यह मामला निवाड़ी जिला मुख्यालय से करीब 20 किलोमीटर दूर चंदेली टोरीया का है, यहां शुक्रवार को 60 वर्षीय एक किसान ने कथित रूप से फसल खराब होने के कारण अपने खेत पर फांसी लगा कर आत्महत्या कर ली.

Advertisement

पीटीआई की एक रिपोर्ट के मुताबिक पृथ्वीपुर पुलिस थाना प्रभारी नरेंद्र त्रिपाठी ने बताया कि प्यारेलाल यादव नामक किसान का शव गांव में उसके खेत पर एक पेड़ पर लटका मिला. किसान के बेटे ने बताया कि हमारी करीब 15 एकड़ में बोई गई उड़द, तिल और मूंगफली की फसल ज्यादा बारिश से नष्ट हो हुई, जिसके वजह से मेरे पिताजी तनाव में थे.

उन्होंने कहा कि परिवार पर 90,000 रुपये का लगभग दस साल पुराना बैंक कर्ज भी था. इसके अलावा, बिजली के बिल की भारी रकम चुकाना भी उनके लिए परेशानी का कारण थी. इस फसल से उन्हें डेढ़ लाख रुपये मिलने की उम्मीद थी, जो फसल नष्ट होने से पूरी नहीं हो सकी.

यह भी पढ़ें-  नीतीश कुमार ने चला दलित कार्ड, एससी-एसटी की हुई हत्या तो परिजन को मिलेगी नौकरी

Advertisement

रिपोर्ट के मुताबिक़ इस सम्बन्ध में थाना प्रभारी त्रिपाठी ने बताया कि मामले की विवेचना की जा रही है. उसके बाद ही आत्महत्या के असली कारण का पता चलेगा. फिलहाल पूरे मामले की जांच चल रही है.

 

 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement