
केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार के पिछले दिनों 1 मई से 18 साल के ऊपर के लोगों को कोरोना वैक्सीन लगवाने की अनुमति दिए जाने के बाद से राज्य सरकारों की ओर से अपने यहां के लोगों को मुफ्त में टीकाकरण कराए जाने का ऐलान करने का सिलसिला शुरू हो चुका है. अब मध्य प्रदेश ने भी ऐलान किया है कि 18 साल के ऊपर के लोगों का टीकाकरण निशुल्क में किया जाएगा.
राज्य की शिवराज सिंह चौहान सरकार ने आज बुधवार को कैबिनेट की आपात बैठक के बाद मुफ्त में टीकाकरण कराए जाने का फैसला लिया. मध्य प्रदेश देश का तीसरा ऐसा बीजेपी शासित राज्य बन गया है जिसने अपने यहां व्यस्क लोगों को मुफ्त में कोरोना वैक्सीन लगवाने का ऐलान किया है.
कोरोना कर्फ्यू लगा देंः CM शिवराज
मध्य प्रदेश सरकार की ओर से यह ऐलान तब किया गया है जब एक दिन पहले कल मंगलवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ऐलान किया था कि 18 साल से ऊपर के लोगों को 1 मई से निःशुल्क में वैक्सीन लगवाई जाएगी. उत्तर प्रदेश के अलावा असम भी अपने यहां के लोगों का मुफ्त में टीकाकरण कराएगा. अब तक बीजेपी शासित 3 राज्यों ने मुफ्त में टीकाकरण कराने का ऐलान किया है.
इससे पहले मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि यदि कोरोना को हराना है तो संक्रमण की चेन तोड़ना है. और संक्रमण की चेन तोड़ने के लिए घर पर रहना है. अपने गांव, शहर, कॉलोनी या मोहल्ले में कोरोना कर्फ्यू लगा दें, 30 अप्रैल तक घर पर ही रहेंगे. घर पर रहें कोरोना को हराएं. उन्होंने आगे कहा कि प्रण ले लें कि 30 अप्रैल तक घर पर ही रहेंगे. ये एक ऐसा युद्ध है जिसे बाहर निकल कर नहीं, घर पर रहकर ही जीता जा सकता है.
केंद्र सरकार का फैसला
19 अप्रैल को केंद्र सरकार ने ऐलान किया था कि 18 साल से अधिक आयु के सभी लोग 1 मई से कोविड-19 वैक्सीन लगवा सकेंगे.
केंद्र सरकार के अनुसार, कोविड-19 वैक्सीन निर्माता राज्य सरकारों और खुले बाजार में 50 प्रतिशत डोज की आपूर्ति करने के लिए स्वतंत्र होंगे, जिसके लिए उन्हें 1 मई से पहले मूल्य की अग्रिम घोषणा करनी होगी.
इस बीच बुधवार को, सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया ने कहा कि वह राज्य सरकारों को 400 रुपये प्रति डोज और निजी अस्पतालों में 600 रुपये प्रति डोज के हिसाब से अपना कोविशिल्ड वैक्सीन उपलब्ध कराएगा.
हालांकि वैक्सीन की कीमत को लेकर विवाद शुरू हो गया है. कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने ट्वीट कर दावा किया कि सीरम इंस्टीट्यूट केंद्र सरकार और राज्य सरकारों को अलग-अलग दाम पर वैक्सीन दे रहा है, जो गलत है.
उन्होंने ट्वीट कर लिखा कि केंद्र सरकार को कोविशील्ड 150 रुपये प्रति डोज के हिसाब से वैक्सीन मिलेगी. लेकिन राज्य सरकारों को 400 रुपये देने होंगे. ये संघीय ढांचे के लिए सही नहीं है. इससे राज्यों पर अतिरिक्त भार पड़ेगा. जो बिल्कुल गलत है. हम मांग करते हैं कि केंद्र-राज्य सरकारों के लिए एक देश और एक दाम तय किए जाएं.