
सिंधुदुर्ग में में शिवाजी महाराज की मूर्ति एक महीने पहले गिर गई थी. सरकार ने अब 60 फीट लंबी शिवाजी की मूर्ति निर्माण के लिए टेंडर निकाला है. यह मूर्ति पुरानी प्रतिमा से आकार में दोगुनी होगी. सरकार ने 6 महीने में मूर्ति निर्माण का काम पूरा करने की शर्त रखी है. साथ ही इसके निर्माण की लागत 20 करोड़ रुपये होगी.
17वीं शताब्दी के मराठा साम्राज्य के संस्थापक शिवाजी महाराज की 35 फुट ऊंची मूर्ति का अनावरण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछले साल 4 दिसंबर को नेवी डे के दिन सिंधुदुर्ग जिले के मालवां तहसील स्थित राजकोट फोर्ट में किया था. यह प्रतिमा 26 अगस्त को तेज हवा के झोंके से गिर गई थी.
इस घटना के बाद मूर्ति बनाने वाले जयदीप आप्टे को गिरफ्तार कर लिया गया. महाराष्ट्र के पीडब्ल्यूडी डिपार्टमेंट ने शिवाजी महाराज की प्रतिमा में जंग लगने पर गंभीर चिंता जताई थी. साथ ही प्रतिमा ढहने से छह दिन पहले नौसेना के एक अधिकारी को चिट्ठी लिखकर इसके स्थायी समाधान के उपाय सुझाए थे.
मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा था कि मूर्ति का डिजाइन और इसका निर्माण भारतीय नौसेना ने किया था. उनका दावा है कि जब प्रतिमा गिरी, उस वक्त 45 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल रही थी. अब नई मूर्ति के निर्माण के लिए टेंडर निकाला गया है. इस बार मूर्ति की ऊंची 60 फीट होगी. इसके निर्माण की लागत 20 करोड़ होगी.
20 करोड़ रुपये में इस मूर्ति की इंजीनियरिंग, स्थापना और मेंटेनेंस शामिल है. सरकार ने 6 महीने में काम पूरा करने का समय दिया है. पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों का कहना है कि 60 फुट ऊंची मूर्ति के निर्माण का टेंडर उसी कॉन्ट्रैक्टर को दिया जाएगा, जो इसके 100 साल तक टिके रहने की गारंटी के साथ इसका निर्माण कराएगा.