
महाराष्ट्र के ठाणे शहर की 54 वर्षीय हाउस वाइफ और ग्यारह अन्य लोगों को निवेश पर उच्च रिटर्न का लालच देकर धोखा देने के आरोप में तीन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है. इस बात की जानकारी एक पुलिस अधिकारी ने एक न्यूज एजेंसी को दी. पुलिस ने बताया कि 2015 से 2019 के दौरान निवेशकों ने धोखाधड़ी में कुल 15145838 रुपये गंवाए.
हालांकि, मामले में अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है. इस सप्ताह की शुरुआत में ठाणे नगर पुलिस स्टेशन में भारतीय दंड संहिता की धारा 420 (धोखाधड़ी), 409 (लोक सेवक, बैंकर, व्यापारी या एजेंट द्वारा आपराधिक विश्वासघात) और 406 (आपराधिक विश्वासघात) के साथ-साथ महाराष्ट्र जमाकर्ताओं के हितों के संरक्षण (एमपीआईडी) अधिनियम के प्रावधानों के तहत एक प्राथमिकी दर्ज की गई थी.
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रवींद्र पांडुरंग जाधव (अध्यक्ष), सहदेव वामन करंगुटकर (निदेशक) और राजेश दत्ताराम परते (निदेशक) पर कैम्ब्रिज इंफ्रा प्रॉपर्टीज प्राइवेट लिमिटेड और सिद्धिविनायक मल्टीस्टेट एग्रो एंड एलाइड को-ऑपरेटिव सोसाइटी के माध्यम से शिकायतकर्ताओं को धोखा देने का आरोप है. शिकायत के अनुसार आरोपियों ने उन्हें फरवरी 2015 से जुलाई 2019 के बीच विभिन्न योजनाओं में निवेश करने का लालच दिया और आकर्षक रिटर्न का वादा किया.
जब निवेशकों ने अपना पैसा वापस लेने की मांग की तो आरोपी कोई जवाब नहीं दे रहे थे. एक अधिकारी ने कहा कि लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए और अपने फंड को निवेश करने से पहले निवेश फर्मों की साख को अच्छी तरह से सत्यापित करना चाहिए.