Advertisement

महाराष्ट्र: MVA सीट बंटवारे पर VBA प्रमुख प्रकाश अंबेडकर ने खोले कई राज, बताया आखिर कहां फंसा है पेच

महा विकास अघाड़ी (MVA) के सीट बंटवारे पर वंचित बहुजन आघाडी ( VBA) प्रमुख प्रकाश अंबेडकर ने गुरुवार को खुलकर अपनी बातें रखी. कई जरूरी बातें शेयर की हैं. प्रकाश आंबेडकर ने बताया कि एमवीए के साथ सीट बटवारें को लेकर आखिरकार कहा पेच फंसा है.

फाइल फोटो फाइल फोटो
aajtak.in
  • मुंबई,
  • 08 मार्च 2024,
  • अपडेटेड 4:12 AM IST

महा विकास अघाड़ी (MVA) के सीट बंटवारे पर वंचित बहुजन आघाडी ( VBA) प्रमुख प्रकाश अंबेडकर ने गुरुवार को खुलकर अपनी बातें रखी. कई जरूरी बातें शेयर की हैं. प्रकाश आंबेडकर ने बताया कि एमवीए के साथ सीट बटवारें को लेकर आखिरकार कहा पेच फंसा है. उन्होंने कहा कि एमवीए के नेताओं ने वीबीए को चर्चा के लिए बुलाया, इसलिए हम कल बैठक में शामिल हुए. इस बैठक में नतीजा निकला या नहीं निकला, इसके बारे में वो बताएंगे. हम इसपर कुछ नहीं कह सकते.

Advertisement

यह भी पढ़ें: महाराष्ट्र में फंसी MVA! उद्धव- पवार और कांग्रेस में से कौन झुकेगा?

उन्होंने कहा कि हमने 27 सीटों की मांग नहीं की थी. हमने कुल 48 सीटों में से 27 सीटों पर पूरी तैयारी कर ली है. लेकिन बैठक में जाने पर पता चला कि उनका ही फैसला अबतक नहीं हुआ है. प्रकाश आंबेडकर ने कहा कि एनसीपी, कांग्रेस और शिवसेना का 10 से 15 सीटों पर तालमेल नहीं है. उन सीटों पर क्या वो फ्रेंडली चुनाव लड़ेंगे या फिर मिलकर लड़ेंगे, ये तय होने के बाद ही हम फैसला ले सकते हैं. उससे पहले हम फैसला नहीं ले सकते. 2019 में उन्होंने हमारा 8 सीटों का नुकसान किया था. पिछले चुनाव में कांग्रेस और एनसीपी को मुस्लिम वोट मिले, लेकिन बाकी वंचित वोट नहीं ले पाए.

उन्होंने कहा कि आज ऐसी परिस्थिति है की 48 सीटों में से 46 सीटों पर हमें 2 लाख से ज्यादा वोट मिल सकते हैं. उम्मीदवार देने पर और भी बढ़ सकते हैं. इसलिए हमें कोई चिंता नहीं है. जिन्हें चिंता है वो चिंता करते बैठें. हमें यकीन है कि हम अकेले बीजेपी को टक्कर दे सकते हैं.

Advertisement

VBA प्रमुख ने कहा कि हम साथ नहीं जाएंगे, ऐसा हम नहीं कह रहे हैं. दिक्क़त उनकी है. उनकी 15 सीटों पर फसा हुआ पेंच जबतक नहीं सुलझता तबतक हम फैसला नहीं ले सकते. हम फॉर्म भरने के आखिरी तारीख तक रुकेंगे. हम कैंडिडेट पर नहीं चलते पार्टी कैडर पर चलते हैं. हम अकेले ठेकेदार नहीं बैठे निर्णय लेने के लिए. सभी को हिफाज़त के लिए निर्णय लेना होगा. वो सभी अपने पार्टी के ठेकेदार हैं.

उन्होंने कहा कि एमवीए के तीन दलों को एक साथ आना उनकी मज़बूरी है. लगता है साथ आएँगे. हम किसी एक के साथ जाएंगे ये अभी नहीं बता सकते. फिलहाल तीनो के साथ जाने का मन बना लिया है.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement