
दिल्ली हाईकोर्ट ने राजस्थान फोन टैपिंग मामले में राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के ओएसडी लोकेश शर्मा की राहत बरकरार रखी है. दिल्ली हाई कोर्ट ने लोकेश शर्मा के खिलाफ किसी भी तरह की कार्रवाई करने पर लगी रोक को अगले आदेश तक के लिए टाल दिया.
दिल्ली हाई कोर्ट में राजस्थान सरकार की ओर से सुनवाई टालने की मांग की गई. राजस्थान सरकार के वकील ने हाईकोर्ट को बताया कि राजस्थान में सरकार बदल गई है ऐसे में इस केस में सरकार से निर्देश लेना होगा इसलिए आज की सुनवाई टाल दी जाए. उसके बाद कोर्ट ने मामले की सुनवाई 19 दिसंबर तक के लिए टाल दिया.
दरअसल 13 जनवरी को दिल्ली पुलिस ने अर्जी दाखिल कर लोकेश शर्मा की गिरफ्तारी पर लगी रोक हटाने की मांग की थी और कहा था कि लोकेश शर्मा जांच में सहयोग नहीं कर रहे हैं. दिल्ली पुलिस ने यह भी कहा कि लोकेश शर्मा ने अब तक अपना फोन जांच के लिए नहीं दिया है. 9 नवंबर, 2022 को कोर्ट ने शर्मा की गिरफ्तारी पर लगी रोक बरकरार रखी थी.
दरअसल 29 अगस्त, 2022 को कोर्ट ने लोकेश शर्मा के खिलाफ किसी भी तरह की कार्रवाई करने पर लगी रोक 9 नवंबर, 2022 तक के लिए बढ़ा दी थी. उसके पहले 9 मई 2022 को कोर्ट ने 29 अगस्त तक के लिए ये रोक बढ़ाई थी. लोकेश शर्मा ने अपने खिलाफ दर्ज एफआईआर को निरस्त करने की मांग की है.
लोकेश शर्मा के खिलाफ केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने 26 मार्च, 2021 को फोन टैपिंग का आरोप लगाते हुए दिल्ली में एफआईआर दर्ज कराई थी.