
राम मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा के लिए तमाम तैयारियां अयोध्या में हो गई हैं. कल 22 जनवरी को 12.20 बजे प्रतिष्ठा कार्यक्रम की शुरुआत होगी. इससे पहले देशभर से रामभक्त अयोध्या पहुंच रहे हैं. आज दिल्ली से अयोध्या जा रही एक विमान में काशी-विश्वनाथ केस के वकील हरी शंकर जैन भी मौजूद थे. आजतक से बातचीत में उन्होंने कहा कि अयोध्या के बाद काशी-मथुरा में भी 2029 तक ग्रैंड मंदिर का निर्माण कराया जाएगा.
वकील हरी शंकर जैन राम मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा में दिल्ली से अयोध्या जा रहे थे. उन्होंने कहा कि हिंदू भावना उग्र हो चुकी है और आने वाले दिनों में जितनी भी मंदिरें तोड़ी गई थीं सबका निर्माण कराया जाएगा. मंदिर आंदोलन में जुटे हरी शंकर जैन ने एक सवाल के जवाब में कहा कि आरएसएस का काम हिंदू भावना को ठंडा करना है लेकिन हिंदू भावना उग्र हो चुकी है. इसके साथ ही जो मुस्लिम ज्यादतियां थीं वो शांत हो रही है.
'16 मंदिरों का केस टेबल पर, आगे उठाएंगे कदम'
हरी शंकर जैन ने कहा कि एक-एक करके सभी मंदिरों का निर्माण कराया जाएगा. जैसे-जैसे तोड़ी गईं वैसे ही वापस आएगी. उन्होंने बताया कि वह काशी और मथुरा दोनों जगह मंदिर आंदोलन का मोर्चा संभाले हुए हैं. उनके पास अभी भी 16 ऐसे केस हैं जिसको लेकर आगे कदम उठाया जाएगा. आरएसएस के एक बयान को लेकर सवाल पर उन्होंने कहा कि संघ ने रोका नहीं है. संघ का आशीर्वाद साथ है. हिंदू उत्थान जो हो रहा है इस देश में उसे रोकने वाला कोई नहीं है.
'2029 से पहले काशी और मथुरा में होगा मंदिर का निर्माण'
वकील हरी शंकर जैन ने काशी में मंदिर बनाने की टाइमलाइन और तारीख के सवाल पर कहा कि इसका कोई समय निर्धारित नहीं होता. यह सामने आ जाती है. उन्होंने कहा कि 2029 से पहले मोदी जी के हाथों काशी और मथुरा दोनों जगह मंदिरों का शिलान्यास और उद्घाटन भी होगा.
'सरकार से मिलकर नहीं, अपने दम पर किए सभी काम'
यह पूछे जाने पर कि ऐसा कैसे मुमकिन है? हरी शंकर जैन ने कहा कि शौर्य है काशी भी हटाएंगे और मथुरा भी हटाएंगे. पूछे जाने पर कि क्या सरकार से इस बारे में कोई इंडिकेशन मिला है? उन्होंने कहा, "मैंने कभी सरकार से मिलकर कोई काम नहीं किया. मैं अपने दम पर सभी काम किए हैं."