
चीन संग भारत की तनातनी अभी भी जारी है. पिछले साल गलवान में हुई हिंसा के बाद से ही चीन संग भारत के रिश्ते और ज्यादा तनावपूर्ण हुए हैं. लेकिन इस तनावपूर्ण माहौल के बीच पेंटागन की एक रिपोर्ट ने फिर विवाद खड़ा कर दिया है. उस रिपोर्ट के आधार पर कांग्रेस पीएम मोदी से चीन को दी गई क्लीन चिट वापस लेने की मांग कर रही है. यहां तक कहा जा रहा है कि चीन ने भारतीय सीमा में घुसपैठ की थी.
चीन मुद्दे पर मोदी सरकार पर हमला
कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने मोदी सरकार पर बडा हमला बोला है. पेंटागन रिपोर्ट का हवाला देते हुए खेड़ा ने कहा है कि प्रधानमंत्री को अब आगे आकर जवाब देना चाहिए. एक डेडलाइन भी बतानी चाहिए कि कब तक अप्रैल 2020 वाली यथास्थिति बहाल की जाएगी.
अब जानकारी के लिए बता दें कि पेंटागन की एक रिपोर्ट सामने आई है जिसमें कहा गया है कि चीन ने हमारी सीमा के साढ़े चार किलोमीटर भीतर एक गांव बसा लिया है. बड़ी इमारतें भी बनाई जा रही हैं. इसी रिपोर्ट के आधार पर कांग्रेस केंद्र सरकार पर हमलावर है.
पिछले साल जून में अरुणाचल प्रदेश से बीजेपी सांसद तपिर ने पीएम मोदी को चिट्ठी लिख चेतावनी दी थी कि चीन ने देश की सीमा में घुसपैठ की है. लेकिन पीएम और गृहमंत्री ने उन दावों को खारिज कर दिया और अब आज 17 महीने हो चुके हैं, लेकिन मोदी ने चीन को क्लीन चिट दे रखी है. ये क्लीन चिट ही भारत के इतिहास का एक काला अध्याय है क्योंकि चीन ने पूरी दुनिया में इसका इस्तेमाल किया है.
पीएम मोदी माफी मांगे: कांग्रेस
पवन खेड़ा ने जोर देकर कहा है कि देश को अंधेरे में रखा गया है, सही तथ्य नहीं बताए गए हैं. ऐसे में प्रधानमंत्री को अब एक डेडलाइन तो देनी ही चाहिए, इसके अलावा देश से माफी भी मांगनी चाहिए. खेड़ा के मुताबिक चीन ने भारतीय सीमा में घुसपैठ की थी, लेकिन फिर भी प्रधानमंत्री ने कुछ नहीं किया और क्लीन चिट दे दी.