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दिल्ली में प्रदूषण की वजह से मॉर्निंग वॉक पर जाना बंद कर दिया हूं: चीफ जस्टिस DY चंद्रचूड़

सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ ने कहा कि वे सुबह 4 बजे टहलने जाया करते थे. उन्होंने बताया कि उनके डॉक्टर ने उन्हें सांस संबंधी समस्याओं से बचने के लिए जितना मुमकिन हो सके घर के अंदर रहने की सलाह दी है.

चीफ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ चीफ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़
aajtak.in
  • नई दिल्ली,
  • 25 अक्टूबर 2024,
  • अपडेटेड 2:17 PM IST

भारत के मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ (DY Chandrachud) ने 24 अक्टूबर को बताया कि राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में एयर क्वालिटी बिगड़ने की वजह से उन्होंने सुबह की सैर पर जाना बंद कर दिया है. सुप्रीम कोर्ट में पत्रकारों से बात करते हुए चीफ जस्टिस ने बताया, "मेरे डॉक्टर ने मुझे सांस संबंधी समस्याओं से बचने के लिए घर के अंदर रहने की सलाह दी है."

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मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ ने वायु प्रदूषण में खतरनाक बढ़ोतरी को उजागर करते हुए कहा, "मैंने आज से सुबह की सैर पर जाना बंद कर दिया है. मैं आमतौर पर सुबह 4-4:15 टहलने जाता था."

बिगड़ती जा रही है दिल्ली आब-ओ-हवा

पिछले कुछ दिनों से दिल्ली की एयर क्वालिटी खराब होती जा रही है. हवा की गुणवत्ता 'बहुत खराब' श्रेणी में रही है, जबकि कुछ इलाके 'गंभीर' श्रेणी में हैं. पड़ोसी राज्य हरियाणा और पंजाब में पराली जलाने को भी अक्सर दिल्ली में प्रदूषण के स्तर में बढ़ोतरी के लिए जिम्मेदार ठहराया जाता है, खासकर अक्टूबर और नवंबर के बाद के मौसम के दौरान.

प्रदूषण में बढ़ोतरी की वजह से, वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने प्रदूषण विरोधी योजना GRAP के दूसरे चरण को लागू किया है.

GRAP (ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान) के दूसरे चरण के तहत, दिल्ली-एनसीआर में कोयले और जलाऊ लकड़ी के साथ-साथ डीजल जनरेटर सेट के उपयोग पर बैन रहेगा. चिन्हित सड़कों पर हर रोज मेकैनिकल स्वीपिंग और पानी का छिड़काव भी किया जाएगा. इसके अलावा निर्माण और विध्वंस स्थलों पर धूल नियंत्रण उपायों को लागू किया जाएगा.

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चीफ जस्टिस का पद छोड़ने वाले हैं चंद्रचूड़

10 नवंबर को पद छोड़ने की तैयारी कर रहे चीफ जस्टिस चंद्रचूड़ ने सुप्रीम कोर्ट की कार्यवाही को कवर करने वाले पत्रकारों के लिए मीडिया एक्रेडिटेशन के बारे में भी अहम बातें कहीं. उन्होंने बताया कि एक्रेडिटेशन के लिए कानून की डिग्री रखने की जरूरत को हटा दिया गया है. इसके अलावा, मान्यता प्राप्त पत्रकारों को अब सुप्रीम कोर्ट परिसर में पार्किंग की सुविधा मिलेगी.

उन्होंने न्यायिक अभिलेखों और प्रक्रियाओं के चल रहे डिजिटलीकरण पर जोर दिया. इसके साथ ही चीफ जस्टिस ने सुप्रीम कोर्ट के फैसलों को विभिन्न क्षेत्रीय भाषाओं में अनुवाद करने के लिए एआई की शुरूआत के बारे में भी बताया. उन्होंने कहा कि रिटायर्ड जिला न्यायालय के जज एआई-जनरेटेड अनुवादों को सुधारने में सहायता कर रहे हैं.

यह भी पढ़ें: सुप्रीम कोर्ट का 'वॉर रूम'... मुख्य न्यायाधीश चंद्रचूड़ का देश को हाई-टेक विदाई तोहफा

डिजिटलीकरण पहल ने जजों को आईपैड का उपयोग करके, यहां तक ​​कि फ्लाइट्स के दौरान भी, केस फाइलों तक डिजिटल रूप से पहुंचने में सक्षम बनाया है. जब उनसे रिटायरमेंट के बाद की योजनाओं के बारे में पूछा गया, तो मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि वे पद छोड़ने के बाद शुरुआती दिनों में आराम करने के लिए कुछ वक्त लेंगे.

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