Advertisement

वायु प्रदूषण और पराली जलाने पर कानून बनाएगी केंद्र, SC ने कहा- ये स्वागतयोग्य कदम

सुप्रीम कोर्ट में केंद्र सरकार ने आज कहा कि हम वायु प्रदूषण और पराली जलाने की समस्या से निपटने के लिए एक व्यापक कानून लाने जा रहे हैं. केंद्र के इस फैसले का सुप्रीम कोर्ट ने स्वागत किया.

पराली जलने के कारण बढ़ा वायु प्रदूषण (फोटो-PTI) पराली जलने के कारण बढ़ा वायु प्रदूषण (फोटो-PTI)
अनीषा माथुर
  • नई दिल्ली,
  • 26 अक्टूबर 2020,
  • अपडेटेड 3:15 PM IST
  • केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को दी जानकारी
  • जल्द अध्यादेश ला सकती है केंद्र सरकार

दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण पर केंद्र सरकार सख्त हो गया है. सुप्रीम कोर्ट में केंद्र सरकार ने आज कहा कि हम वायु प्रदूषण और पराली जलाने की समस्या से निपटने के लिए एक व्यापक कानून लाने जा रहे हैं. केंद्र के इस फैसले का सुप्रीम कोर्ट ने स्वागत किया. सीजेआई एसए बोबड़े ने कहा कि यह स्वागत योग्य कदम है कि केंद्र एक कानून लेकर आएग

Advertisement

वायु प्रदूषण के मसले पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान वरिष्ठ वकील हरीश साल्वे ने कहा कि समस्या यह है कि अदालत के हस्तक्षेप का कोई प्रभाव नहीं पड़ा है. सरकारों को राजनीतिक समाधान के साथ आना चाहिए. वहीं, वरिष्ठ वकील विकास सिंह का कहना है कि कानून अगले साल तक लागू हो जाएगा.

देखें: आजतक LIVE TV 

सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि अगर सरकार जल्दी से आदेश पारित करना चाहती है तो वे अध्यादेश पारित करेंगे. दलील सुनने के बाद सुप्रीम कोर्ट ने अपने द्वारा नियुक्त रिटायर जस्टिस एमबी लोकुर की एक सदस्यीय कमेटी की ओर से पराली जलाने के मामले का भौतिक सत्यापन करने के आदेश पर स्टे लगा दिया.

सीजेआई एसए बोबड़े ने कहा कि हम 16 अक्टूबर के आदेश का पालन करेंगे, क्योंकि वायु प्रदूषण और पराली जलाने पर केंद्र सरकार अध्यादेश के रूप में एक कानून जारी करने का प्रस्ताव दे रही है. सीजेआई ने कहा कि यह स्वागतयोग्य कदम है. वायु प्रदूषण के कारण लोगों का दम घुट रहा है. इस पर अंकुश लगना चाहिए.

Advertisement

 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement