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गुडन्यूज! 150 साल का हो रहा भारत मौसम विज्ञान विभाग, आज IMD को मिलेगा नया Logo

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) को आज अपना नया लोगो (Logo) मिल जाएगा. आईएमडी भारत सरकार के पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय की एक एजेंसी है. यह मौसम संबंधी टिप्पणियों, मौसम पूर्वानुमान और भूकंप विज्ञान के लिए जिम्मेदार प्रमुख एजेंसी है. 

मौसम विभाग का Logo मौसम विभाग का Logo
aajtak.in
  • नई दिल्ली,
  • 26 दिसंबर 2023,
  • अपडेटेड 11:56 AM IST

सालों से देशवासियों को मौसम की हर खबर से रूबरू करवाने वाला भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) 150 साल का होने वाला है. इस उपलब्धि पर मौसम विभाग को नया लोगो (LOGO) मिलने जा रहा है. केंद्रीय पृथ्वी विज्ञान मंत्री किरण रिजिजू आज यानी 16 दिसंबर को दोपहर 12 बजे आईएमडी के नए लोगो का अनावरण करेंगे.

1875 में हुई थी स्थापना

आईएमडी की स्थापना 1875 में हुई थी और ये साल 2024-2025 में राष्ट्र की सेवा के 150 वर्ष पूरे कर लेगा. इस मील के पत्थर को मनाने के लिए आईएमडी ने जनवरी 2024 से एक साल तक चलने वाले उत्सव की योजना भी बनाई है. इस दौरान आईएमडी छात्रों को मौसम विज्ञान और वायुमंडलीय विज्ञान में करियर तलाशने के लिए प्रोत्साहित करेगा. इसके लिए कार्यक्रमों, प्रदर्शनियों और अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक सेमिनारों और इंटरैक्टिव सत्रों की एक सीरीज़ शुरू की जाएगी.

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IMD को मिलेगा नया लोगो

इसी के तहत आईएमडी द्वारा लोगो डिजाइन प्रतियोगिता भी शुरू की गई थी. ये प्रतियोगिता 26 सितंबर को शुरू हुई थी. हालांकि, आज आईएमडी को अपना नया लोगो मिल जाएगा. बता दें कि भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) भारत सरकार के पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय की एक एजेंसी है. यह मौसम संबंधी टिप्पणियों, मौसम पूर्वानुमान और भूकंप विज्ञान के लिए जिम्मेदार प्रमुख एजेंसी है. 

विश्व मौसम विज्ञान संगठन का हिस्सा है IMD

आईएमडी का मुख्यालय दिल्ली में है और यह भारत और अंटार्कटिका में सैकड़ों ऑब्जरवेशन स्टेशन चलाता है. इसके क्षेत्रीय कार्यालय चेन्नई, मुंबई, कोलकाता, नागपुर, गुवाहाटी और नई दिल्ली में हैं. आईएमडी विश्व मौसम विज्ञान संगठन के छह क्षेत्रीय विशिष्ट मौसम विज्ञान केंद्रों में से एक है. 

इसके पास उत्तरी हिंद महासागर क्षेत्र में उष्णकटिबंधीय चक्रवातों के लिए पूर्वानुमान, नामकरण और चेतावनियां जारी करने की जिम्मेदारी है, जिसमें मलक्का जलडमरूमध्य, बंगाल की खाड़ी, अरब सागर और फारस की खाड़ी भी शामिल हैं.

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