Advertisement

'यह जिसकी लाठी, उसकी भैंस जैसा...', वक्फ बिल के संसद से पारित होने पर बोले मल्लिकार्जुन खड़गे

वक्फ संशोधन विधेयक संसद के दोनों सदनों से पारित हो गया है. लोकसभा में बिल के समर्थन में 288 और विरोध में 232 वोट पड़े, वहीं राज्यसभा में समर्थन में 128 और विरोध में 95 वोट पड़े.

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे. (Photo: X/@SansadTV) कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे. (Photo: X/@SansadTV)
aajtak.in
  • नई दिल्ली,
  • 04 अप्रैल 2025,
  • अपडेटेड 11:07 AM IST

वक्फ (संशोधन) विधेयक पर संसद ने अपनी मुहर लगा दी है. लोकसभा के बाद राज्यसभा में भी गुरुवार को 12 घंटे से अधिक चली मैराथन बहस के बाद यह विधेयक पारित होगा. विधेयक के समर्थन में 128 और विरोध में 95 वोट पड़े. एक दिन पहले लोकसभा में वक्फ विधेयक समर्थन पारित हुआ था, तब निचले सदन में इसके समर्थन में 288 और विरोध में 232 वोट पड़े थे. अब इस विधेयक को राष्ट्रपति की मंजूरी के लिए भेजा जाएगा और उनकी मंजूरी मिलते ही यह कानून बन जाएगा.

Advertisement

वक्फ बिल संसद से पास होने के बाद विपक्षी दलों की ओर से तीखी प्रतिक्रिया सामने आ रही है. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने X पर पोस्ट किया, 'वक्फ बोर्ड संशोधन विधेयक के बारे में देश में ऐसा माहौल बना है कि अल्पसंख्यकों को तंग करने के लिए ये बिल लाया गया है. लोकसभा में देर रात ये बिल पास हुआ तो इसके पक्ष 288 और विपक्ष में 232 वोट पड़े. ऐसा क्यों हुआ? इसका मतलब बिल में बहुत खामियां हैं. इसी से अंदाजा लगा सकते हैं कि विभिन्न दलों के विरोध के बाद भी मनमानी से ये बिल लाया गया. ये जिसकी लाठी, उसकी भैंस- किसी के लिए ठीक नहीं होगा.'

समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने वक्फ विधेयक को लेकर X पर एक लंबा चौड़ा पोस्ट किया, जिसके एक हिस्से में उन्होंने लिखा, 'भाजपा वाले मुसलमान भाइयों की वफ्फ की जमीन चिन्हित करने की बात कर रहे हैं, जिससे महाकुंभ में जो हिंदू मारे गए हैं या खो गए हैं उनको चिन्हित करने की बात पर पर्दा पड़ जाए. वक्फ बिल के आने से पूरी दुनिया में एक गलत संदेश भी जाएगा. इससे देश की पंथ निरपेक्ष छवि को बहुत धक्का लगेगा. वक्फ बिल भाजपा की नफरत की राजनीति का एक और अध्याय है. वक्फ बिल भाजपा के लिए वाटरलू साबित होगा.'

Advertisement

राष्ट्रीय जनता दल के सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने X पर पोस्ट किया, 'संघी-भाजपाई नादानों, तुम मुसलमानों की जमीनें हड़पना चाहते हो, लेकिन हमने सदा वफ्फ की जमीनें बचाने के लिए कड़ा कानून बनाया है और बनवाने में मदद की है. मुझे अफसोस है कि अल्पसंख्यकों, गरीबों, मुसलमानों और संविधान पर चोट करने वाले इस कठिन दौर में संसद में नहीं हूं, अन्यथा अकेला ही काफी था. सदन में नहीं हूं, तब भी आप लोगों के ख्यालों, ख्वाबों, विचारों और चिंताओं में हूं. यह देख कर अच्छा लगा. अपनी विचारधारा, नीति और सिद्धांतों पर प्रतिबद्धता, अडिगता और स्थिरता ही मेरे जीवन की जमा पूंजी है.'

तृणमूल कांग्रेस ने अपने राज्यसभा सांसद नदिमुल हक का संसद में वक्फ बिल के विरोध में दिए गए भाषण का एक वीडियो X पर शेयर करते हुए लिखा, 'संविधान सिर्फ एक किताब नहीं है, बल्कि एक मार्गदर्शक है जो हमें सही रास्ता दिखाता है. हमारे सांसद नदिमुल हक ने संसद में वक्फ (संशोधन) विधेयक के खिलाफ आवाज उठाई, जो हमारे लोकतंत्र की नींव के खिलाफ है. ममता बनर्जी के नेतृत्व में टीएमसी हमेशा संवैधानिक अधिकारों की रक्षा और भारत की सच्ची भावना को बनाए रखने के लिए खड़ी रहेगी.'

आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने कहा, 'हमने इस विधेयक का जेपीसी में भी विरोध किया था. यह विधेयक भारत के संविधान के खिलाफ है. बाबा साहेब अंबेडकर और भारत के संविधान का ही सम्मान नहीं किया जा रहा है. देश में समुदायों के बीच झगड़ा और विवाद पैदा करने की नीयत से यह विधेयक लाया गया है.' 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement