लोकसभा में तटीय पोत परिवहन विधेयक 2024 और राज्यसभा में त्रिभुवन सहकारी यूनिवर्सिटी विधेयक 2025 पर चर्चा चल रही है. राज्यसभा में सहकारिता राज्यमंत्री मुरलीधर मोहोल ने यह बिल पेश किया और चर्चा की शुरुआत कांग्रेस सांसद दिग्विजय सिंह ने की. वक्फ संशोधन विधेयक कल दोपहर 12 बजे लोकसभा में पेश किया जाना है जिसे लेकर बीजेपी ने तीन लाइन का व्हिप जारी कर अपने सभी सांसदों से मौजूद रहने के लिए कहा है.
शिवसेना (यूबीटी) के राज्यसभा सांसद संजय राउत ने कहा कि वैकुंठ मेहता नेशनल कोऑपरेटिव इंस्टीट्यूट का जिक्र करते हुए कहा कि ये इंस्टीट्यूट 1967 से चल रहा है और वह काम कर रहा है जो मंत्री जी त्रिभुवन यूनिवर्सिटी से करना चाहते हैं. कांग्रेस की सरकार ने इसे स्थापित किया था. नई यूनिवर्सिटी बन रही है, इसका स्वागत है. इसे भी यूनिवर्सिटी का दर्जा दे दीजिए.
राज्यसभा के सभापति जगदीप धनखड़ ने सदन को जानकारी दी कि बिजनेस एडवाइजरी कमेटी की बैठक हुई थी जिसमें तय हुआ है कि वक्फ अमेंडटमेंट बिल पर दोनों सदनों में मिलाकर आठ घंटे चर्चा होगी. इंडियन पोर्ट बिल पर चर्चा के लिए दो घंटे का समय आवंटित किया गया है. उन्होंने ये भी कहा कि दो और तीन अप्रैल को भोजनावकाश नहीं होगा.
प्रफुल्ल पटेल ने बिल का समर्थन करते हुए कहा कि जिस खेड़ा जिले में त्रिभुवन भाई पटेल ने सहकारी मिल्क फेडरेशन की स्थापना की थी, हमारे पूर्वज वहीं से आते हैं. जिस आणंद जिले में इसकी स्थापना होने जा रही है, मेरी श्रीमती जी वहीं से आती हैं. उन्होंने ये भी कहा कि अमूल नाम कैसे पड़ा, आणंद मिल्क यूनियन लिमिटेड का शॉर्ट नेम है अमूल. सहकार से समृद्धि बहुत ही नेक लक्ष्य है जिसे और सशक्त बनाने की जरूरत है. 99 फीसदी महिलाएं ही इस बिजनेस से जुड़ी रहीं और परिवार को अधिक आय का साधन उपलब्ध कराया. वर्गीस कुरियन के योगदान के बारे में किसी के भी मन में कोई प्रश्नचिह्न नहीं होना चाहिए. लेकिन एक स्वतंत्रता सेनानी जिसने सरदार वल्लभ भाई पटेल के आदेश पर इतने बड़े कोऑपरेटिव की स्थापना की, उनका नाम यदि इस यूनिवर्सिटी को दिया जा रहा है तो इसे सबको सहर्ष स्वीकार किया जाना चाहिए.
टीएमसी सांसद सागरिका घोष ने त्रिभुवन सहकारी यूनिवर्सिटी बिल पर चर्चा के दौरान डॉक्टर वर्गीस कुरियन का जिक्र किया और कहा कि उनको इसलिए अनदेखा किया गया क्योंकि वे अल्पसंख्यक समुदाय से थे. इस पर बीजेपी के रामचंद्र जांगड़ा ने आपत्ति की और नियमों का उल्लेख करते हुए इस टिप्पणी को कार्यवाही से हटाने की मांग की. इस पर सभापति जगदीप धनखड़ ने कहा कि इसे एग्जामिन किया जाएगा.
लोकसभा की कार्यवाही 2 अप्रैल, बुधवार को 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई है. वहीं, राज्यसभा की कार्यवाही का समय त्रिभुवन सहकारी यूनिवर्सिटी बिल के निस्तारण तक बढ़ा दिया गया है.
यूपी के धौरहरा से सपा सांसद आनंद भदौरिया ने तटीय पोत परिवहन विधेयक 2024 पर चर्चा के दौरान इसका विरोध करते हुए कहा कि ये बिल राष्ट्र विरोधी है. ये समुद्री संपदा को बेचने की तैयारी है. सरकार इस पर व्यापक विमर्श करे और अगर ऐसा नहीं करती है तो ये माना जाएगा कि वह विदेशी पूंजीपतियों के इशारे पर काम कर रही है. सत्ता के दीपक जल रहे हैं लेकिन मछुआरे अंधेरे में हैं.
कांग्रेस सांसद दिग्विजय सिंह ने त्रिभुवन सहकारिता यूनिवर्सिटी बिल पर चर्चा की शुरुआत करते हुए कहा कि इस मंत्रालय को कृषि मंत्रालय से किस मंशा से निकाला गया, इसमें क्या राज छिपा है. सहकारिता को किसानों के हाथ से निकालकर पूंजीपतियों के हाथ में सौंपने का ये षड़यंत्र है. यह मजदूर केंद्रित आंदोलन है. सहकारिता मजदूरों से पूंजी इकट्ठी कर मजदूरों को उनका हक देती है. हमारे संविधान में कोऑपरेटिव सोसाइटीज में हर पांचवें साल चुनाव अनिवार्य है. छह महीने एक्सटेंशन के बाद चुनाव जरूरी है. बीजेपी की सरकार वाले राज्यों में चुनाव नहीं होते, प्रशासक नियुक्त किए जाते हैं जिनसे सरकार जैसा चाहे, मनमाने फैसले कराती हैं. उन्होंने मध्य प्रदेश के पैक्स का उदाहरण देते हुए पैक्स और जिला सहकारी बैंकों की हालत का जिक्र किया और कहा कि घोटालों का अंबार है. अनेक सहकारी संस्थाओं में 20 साल से सहकारी समिति के चुनाव नहीं हुए और प्रशासक को बैठा रखा है. सहकारिता के मंत्री हैं तो कम से कम ये पता लगा लीजिए कि राज्यों में क्या हालत है. मध्य प्रदेश में सरकार ने अनंत काल तक प्रशासक को बैठने का अधिकार दे दिया.
त्रिभुवन सहकारिता यूनिवर्सिटी बिल लोकसभा ने पारित कर दिया था. यह बिल राज्यसभा में पेश हो गया है. सहकारिता राज्यमंत्री मुरलीधर मोहोल ने ये बिल राज्यसभा में विचार एवं पारित करने के लिए पेश किया. इस विधेयक पर चर्चा की शुरुआत हो गई है. चर्चा की शुरुआत करते हुए कांग्रेस सांसद दिग्विजय सिंह ने कहा कि हम चाहते थे कि गृह मंत्री जी सदन में रहें.
वायुयान वस्तुओं में हित संरक्षण विधेयक, 2025 राज्यसभा से पारित हो गया है. राज्यसभा में इस विधेयक पर हुई चर्चा का नागर विमानन मंत्री के राममोहन नायडू ने दिया. इसके बाद इस विधेयक पर ध्वनिमत से वोटिंग हुई जिसके बाद इसे पारित कर दिया गया.
विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कलबुर्गी एयरपोर्ट का मुद्दा उठाया और ये कहा कि यहां एक फ्लाइट आती है और तीन दिन तक गुम हो जाती है. उन्होंने कलबुर्गी में हाईकोर्ट की बेंच से लेकर सबसे लंबे एयरपोर्ट की उपलब्धि तक गिनाईं और इस एयरपोर्ट से कनेक्टिविटी बढ़ाने की मांग की. इसके जवाब में के राममोहन नायडू ने कहा कि हर एयरपोर्ट में राज्य सरकारों ने उतना ही योगदान दिया है. हम मांग के मुताबिक कनेक्टिविटी बेहतर बनाने के लिए लगातार एयलाइंस से बात कर रहे हैं. उन्होंने मल्लिकार्जुन खड़गे से हासन एयरपोर्ट का काम पूरा कराने में सहयोग देने के लिए कहने की भी अपील की.
लोकसभा में मछुआरों से जुड़े सवाल के जवाब में केंद्रीय मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह ने कहा कि सही है कि 30 लाख से अधिक मछुआरे हैं जो गरीब हैं. लेकिन ये सही नहीं है कि सरकार उन पर ध्यान नहीं दे रही है. पीएम मोदी की सरकार ने ही इन पर ध्यान दिया. अप्स एंड माइनिंग को लेकर सवाल पर ललन सिंह ने कहा कि ये शुरू ही यूपीए सरकार के समय हुआ था. मोदी जी की सरकार ने नीली क्रांति से शुरू किया मछुआरों के कल्याण की योजनाएं. मत्स्य पालन को अलग मंत्रालय बनाया और फिशरीज इंफ्रास्ट्रक्चर फंड बनाया. शशि थरूर जी सवाल उठाया. हमसे भी मिले थे. हमने उनको बताया था कि राज्य सरकार के साथ रिश्ते थोड़ा सुधार लीजिए. उनके पास आपको देने के लिए पैसे नहीं हैं. केरल के लिए भी 10 हजार करोड़ से अधिक की योजना शुरू की गई. केरल में 12 फिशिंग हार्बर का विस्तार हुआ. एक लाख 13 हजार से अधिक मछुआरों को प्रतिबंध की अवधि में सहायता दी गई. नाव, जाल दिया गया. मत्स्य सेवा केंद्र का गठन हुआ. मॉडल कोस्टल फिशिंग विलेज हैं. मछुआरों की सभी समस्याओं के समाधान के लिए मोदी सरकार चिंतित है. मछुआरों की सामाजिक सुरक्षा पर ध्यान देने का भी काम किया और ग्रुप इंश्योरेंस स्कीम चलाई गई. किसान क्रेडिट कार्ड के दायरे में मछुआरों को लाया गया.
राज्यसभा में वायुयान विधेयक पर हुई चर्चा का केंद्रीय मंत्री के राममोहन नायडू जवाब दे रहे हैं.
लोकसभा और राज्यसभा, संसद के दोनों सदनों की कार्यवाही फिर से शुरू हो गई है. लोकसभा में लिस्टेड बिजनेस लिए जा रहे हैं. वहीं, राज्यसभा में वायुयान विधेयक पर चर्चा शुरू हो गई है. राज्यसभा में जनता दल यूनाइटेड के सांसद संजय कुमार झा ने वायुयान विधेयक पर पहले से जारी चर्चा की आज शुरुआत की है. लोकसभा में आसन पर स्पीकर ओम बिरला, राज्यसभा में डिप्टी चेयरमैन हरिवंश हैं.
वक्फ बिल दो अप्रैल को दोपहर 12 बजे लोकसभा में पेश होगा. बिजनेस एडवाइजरी कमेटी की बैठक में विपक्ष ने इस बिल पर 12 घंटे चर्चा की मांग की. हालांकि, सरकार ने इस बिल पर चर्चा के लिए आठ घंटे का समय तय किया है.
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राज्यसभा में भोजनावककाश हो गया है. सदन की कार्यवाही दो बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई है.
लोकसभा में कल 12 बजे वक्फ संशोधन बिल आएगा. विपक्षी दलों ने इस पर 12 घंटे चर्चा की मांग की है. बताया जाता है कि सरकार ने इस बिल के लिए 4 से छह घंटे चर्चा का समय तय किया है जिससे नाराज विपक्षी दलों ने वॉकआउट कर दिया.
लोकसभा में एनडीए के सभी घटक दलों के चीफ व्हिप से 2 अप्रैल को अपने सभी सांसदों की सदन में मौजूदगी सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है. संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने ये भी कहा है कि जिन सांसदों को वक्फ बिल पर चर्चा के दौरान बोलने का मौका मिलेगा, वे बिल के मुख्य बिंदुओं पर बात करें और बोलते समय संयम बरतें. उत्तेजित न हों.
लोकसभा में प्रश्नकाल की कार्यवाही समाप्त होते ही हंगामा हो गया. विपक्षी सदस्य तख्तियां लेकर वेल में आ गए. स्पीकर ओम बिरला ने सदस्यों से अपनी सीट पर जाने की अपील करते हुए कहा कि शून्यकाल महत्वपूर्ण समय होता है. उन्होंने कहा कि आप तख्तियां लहराएंगे तो सदन नहीं चलेगा. तख्तियां रखिए पहले नीचे. अखिलेश जी को समय दूंगा, बोलने दूंगा. आप बैठिए अपनी सीट पर. आप जो भी मुद्दे उठाना चाहेंगे शून्यकाल में, सबको उठाने दूंगा. आप सदन नहीं चलने देना चाहते. आपको नारेबाजी करने के लिए नहीं भेजा है यहां. नारेबाजी बाहर करिए. स्पीकर ने सपा सांसद छोटेलाल का नाम लेकर कहा कि प्ले कार्ड लेकर आएंगे तो सदन नहीं चलेगा. नारेबाजी करेंगे तो भी सदन नहीं चलेगा. सदन की कार्यवाही नियमों से चलती है. स्पीकर ने लोकसभा की कार्यवाही 2 बजे तक के लिए स्थगित कर दी.
राघव चड्ढा ने कहा कि आम आदमी जब अदालत की चौखट पर जाता है तो ये मानता है कि समय भले लग जाए पर न्याय जरूर मिलेगा. हाल में कुछ घटनाएं ऐसी हुई हैं कि न्यायप्रणाली में सुधार की जरूरत है. अपॉइंटमेंट से लेकर जजों के रिटायरमेंट तक, सुधार की जरूरत है. अब समय आ गया है कि कॉलेजियम खुद ही सुधार करे. एक स्वतंत्र और पारदर्शी नियुक्ति सिस्टम बने. पहले सीनियर एडवोकेट बनने के लिए अब एक प्रक्रिया है जिसके आधार पर पॉइंट देकर नियुक्ति की जाती है. ऐसा सिस्टम आए तो जजों की नियुक्ति में विश्वास बढ़ेगा. रिटायरमेंट के बाद सरकारें नियुक्तियां देती हैं. रिटायरमेंट के बाद नियुक्ति को लेकर एक प्रक्रिया लाई जाए. कहीं ना कहीं दो साल का कूलिंग ऑफ पीरियड जरूर लाया जाना चाहिए. ऐसा होता है तो न्यायिक इतिहास में मील का पत्थर साबित होगा.
मल्लिकार्जुन खड़गे ने जनगणना में देरी का मुद्दा उठाते हुए कहा कि तमाम युद्ध हुए, अन्य समस्याएं आईं लेकिन यह समय पर होती रही. महात्मा गांधी ने जनगणना को बहुत महत्वपूर्ण कार्य बताया था. दूसरे विश्वयुद्ध के दौरान और भारत-पाकिस्तान युद्ध के दौरान भी जनगणना भी हुई थी. सरकार ने इस बार रिकॉर्ड देरी की है. जातिगत जनगणना भी हो सकती है. एससी-एसटी के डेटा आप रिकॉर्ड करते ही हैं, अन्य जातियों के रिकॉर्ड भी ले सकते हैं. दुनिया के कई देशों ने जनगणना करा ली है लेकिन सरकार कब कराएगी, ये कुछ स्पष्ट नहीं है. इस साल के बजट में जो आवंटन है, उसे देखकर लगता है कि सरकार जनगणना से बचना चाहती है. लंबी देरी के कारण लाखों नागरिक कल्याणकारी योजनाओं तक पहुंच से बाहर हो चुके हैं. जरूरी और भरोसेमंद डेटा नहीं है. सरकार तत्काल जनगणना का काम शुरू हो और जातिगत जनगणना जल्दी कराना चाहिए.
रामगोपाल यादव ने कहा कि शुक्रवार को नोटिस दिया था और इसके बाद भी कुछ घटनाएं हुईं. कल ही अलीगढ़ के किसी व्यक्ति ने कहा कि रामजीलाल सुमन की कोई हत्या कर दे तो 25 लाख का इनाम दूंगा. मुझे मिल जाएं तो मैं ही उड़ा दूंगा. एक एमपी की सुरक्षा का सवाल है. नेता सदन और विपक्ष के नेता जब जो चाहें बोल लें, किसी को आपत्ति नहीं लेकिन इधर से सैकड़ों लोगों से आपने गाली दिलवा दी. सदस्य की सुरक्षा कोई मुद्दा नहीं है. रामजीलाल सुमन जब कुछ बोलना चाहते थे, आपने उनको भी बोलने का मौका नहीं दिया. विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि ये ऐसे सदस्य हैं जो नियमों के खिलाफ कभी बोलते नहीं. किसी सदस्य की सुरक्षाू को लेकर बात करना चाहते हैं तो इनको क्यों दर्द होता है.
राज्यसभा में टीएमसी ने मतदाता पहचान पत्र के मुद्दे पर चर्चा की मांग की है. राज्यसभा में डोला सेन और सागरिका घोष समेत टीएमसी के कई सदस्यों ने मतदाता पहचान पत्र के मुद्दे पर नियम 267 के तहत चर्चा की मांग की.
लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान एक प्रश्न के जवाब में पंचायती राज मंत्रालय में राज्यमंत्री प्रोफेसर एसपी बघेल ने कहा कि पंचायतों में महिलाओं के लिए केंद्र की ओर से आरक्षण 33 फीसदी है लेकिन कई राज्यों में सरकार ने महिला आरक्षण 50 फीसदी तक दिया है. राज्य सरकारें चाहें तो महिला आरक्षण बढ़ा सकती हैं. एक प्रश्न के जवाब में उन्होंने ये भी कहा कि किसी वित्त आयोग की सिफारिश का पैसा तब जाएगा जब पिछले वित्त आयोग का 10 फीसदी से ज्यादा पैसा बकाया न हो.
लोकसभा में प्रश्नकाल की कार्यवाही शुरू हो गई है. वहीं, राज्यसभा में सभापति जगदीप धनखड़ ने सदन की कार्यवाही शुरू होते ही भुवनेश्वर कालिता और दामोदर राव दिवाकोंडा को जन्मदिन की बधाई दी.
राज्यसभा में भी आज दो बिल सूचीबद्ध हैं. के राममोहन नायडू वायुयान वस्तुओं में हित संरक्षण विधेयक, 2025 प्रस्तुत करेंगे. वहीं, सहकारिता मंत्री अमित शाह त्रिभुवन सहकारी यूनिवर्सिटी विधेयक 2025 पेश करने वाले हैं.
इस्पात मंत्रालय में राज्यमंत्री भूपति राजू वर्मा अपने मंत्रालय से संबंधित अनुदान मांगों के संबंध में लोकसभा और राज्यसभा, दोनों सदनों में वक्तव्य देंगे.
लोकसभा में आज कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय की अनुदान मांगों पर चर्चा का शिवराज सिंह चौहान जवाब देंगे. कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय में राज्यमंत्री रामनाथ ठाकुर भी लोकसभा में बयान देंगे.