
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को कतर के अमीर शेख तमीम बिन हमद अल-थानी के साथ व्यापक चर्चा की. इस दौरान दोनों नेताओं ने भारत-कतर संबंधों को व्यापार, निवेश, प्रौद्योगिकी, ऊर्जा और लोगों के बीच संबंधों पर ध्यान केंद्रित करते हुए रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक बढ़ाने का फैसला किया, जिससे दोनों देशों के बीच गहरे और पारंपरिक संबंध और मजबूत होंगे. विदेश मंत्रालय ने कहा कि उन्होंने आपसी हित के क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया.
दोनों नेताओं के बीच हुई बातचीत के दौरान इजरायल और हमास का मुद्दा भी उठा. दोनों तरफ से इस संबंध में अपने विचार रखे गए. साथ ही अन्य ग्लोबल मुद्दों पर भी बातचीत हुई. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने बताया कि नेताओं के बीच इजरायल-हमास पर भी चर्चा हुई. दोनों पक्षों ने अपनी-अपनी स्थिति बताई. कतर की जेलों में बंद भारतीय के मुद्दे पर भी बातचीत हुई. 600 भारतीय कतर की जेलों में हैं. 2024 में 85 भारतीयों को माफी मिल गई. एक नौसेना अधिकारी जो अभी भी कतर में रह गए हैं, उनका मामला अभी भी विचाराधीन है.
दो दिवसीय यात्रा पर हैं कतर के अमीर
कतर के अमीर की दो दिवसीय यात्रा मोदी के निमंत्रण पर हो रही है. यह उनकी भारत की दूसरी राजकीय यात्रा है. इससे पहले वे मार्च 2015 में भारत आए थे. सोमवार को शुरू हुई उनकी यात्रा से पहले विदेश मंत्रालय ने कहा था कि उनकी यात्रा हमारी बढ़ती बहुआयामी साझेदारी को और गति प्रदान करेगी. इससे पहले दिन में कतर के अमीर को राष्ट्रपति भवन में औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया, जहां राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मेहमान नेता का स्वागत किया. इस अवसर पर मोदी भी मौजूद थे. बाद में मोदी और अमीर ने हैदराबाद हाउस में द्विपक्षीय मुद्दों पर बातचीत की.
भारत और कतर ने मंगलवार को दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी की स्थापना पर एक समझौते का आदान-प्रदान भी किया.
प्रधानमंत्री मोदी और कतर के अमीर की मौजूदगी में कतर के प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री शेख मोहम्मद बिन अब्दुलरहमान बिन जसीम अल थानी और विदेश मंत्री एस जयशंकर के बीच दस्तावेजों का आदान-प्रदान किया गया.
इन मुद्दों पर हुई चर्चा
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, "भारत-कतर के बीच गहरे और पारंपरिक संबंध और मजबूत हुए हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कतर के अमीर शेख तमीम बिन हमद अल-थानी ने आज हैदराबाद हाउस में व्यापक चर्चा की. दोनों नेताओं ने व्यापार, ऊर्जा, निवेश, नवाचार, प्रौद्योगिकी, खाद्य सुरक्षा, संस्कृति और लोगों के बीच संबंधों पर ध्यान केंद्रित करते हुए भारत-कतर संबंधों को रणनीतिक साझेदारी में बदलने का फैसला किया. उन्होंने आपसी हितों के क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया."
विदेश मंत्रालय ने पहले कहा था कि हाल के वर्षों में व्यापार, निवेश, ऊर्जा, प्रौद्योगिकी, संस्कृति और लोगों के बीच संबंधों के क्षेत्रों सहित दोनों देशों के बीच संबंध लगातार मजबूत हुए हैं. हैदराबाद हाउस में दोनों नेताओं की बातचीत के दौरान विदेश मंत्रालय ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि इस विशेष भारत-कतर साझेदारी में एक नया मील का पत्थर जुड़ने वाला है. हैदराबाद हाउस में आयोजित समझौतों के आदान-प्रदान समारोह के दौरान भारत और कतर के बीच दोहरे कराधान से बचने और आय पर करों के संबंध में राजकोषीय चोरी की रोकथाम के लिए एक संशोधित समझौते का भी आदान-प्रदान किया गया.