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तुहिन कांता पांडे SEBI के नए अध्यक्ष नियुक्त किए गए, माधबी पुरी बुच की जगह लेंगे

भारत सरकार ने तुहिन कांता पांडे को सेबी का नया प्रमुख नियुक्त किया है. वह माधवी पुरी बुच की जगह लेंगे और आगामी तीन वर्षों तक इस पद पर काम करेंगे. पांडे विभिन्न अहम सरकारी विभागों में अपनी सेवाएं दे चुके हैं और अर्थशास्त्र में अपनी विशेषज्ञता के लिए मशहूर हैं.

तुहिन कांता पांडे तुहिन कांता पांडे
aajtak.in
  • नई दिल्ली,
  • 28 फरवरी 2025,
  • अपडेटेड 12:58 AM IST

केंद्र सरकार ने गुरुवार को मौजूदा वित्त सचिव तुहिन कांता पांडे को मार्केट रेगुलेटर SEBI का प्रमुख नियुक्त किया है. वह माधवी पुरी बुच की जगह लेंगे, जिनका कार्यकाल आज 28 फरवरी को समाप्त होने जा रहा है. तुहिन कांता पांडे, जो ओडिशा कैडर के 1987 बैच के आईएएस अधिकारी हैं, अगले तीन वर्षों के लिए सेबी के अध्यक्ष के रूप में कार्यभार संभालेंगे.

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तुहिन पांडे ने अपने करियर में कई अहम पदों पर काम किया है. उन्होंने निवेश और सार्वजनिक संपत्ति प्रबंधन विभाग (DIPAM), लोक उद्यम विभाग (DPI) और कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग में सचिव के रूप में अपनी सेवाएं दी हैं. इनके अलावा, उन्हें संयुक्त राष्ट्र औद्योगिक विकास संगठन (UNIDO) के क्षेत्रीय कार्यालय में भी अपनी भूमिका निभाई है.

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तुहिन पांडे ने कई अहम पदों पर काम किया

तुहिन पांडे योजना आयोग (अब नीति आयोग), कैबिनेट सचिवालय और वाणिज्य मंत्रालय में भी उच्च पदों पर रहे हैं. ओडिशा सरकार के तहत, उन्होंने स्वास्थ्य, सामान्य प्रशासन, वाणिज्यिक कर, परिवहन और वित्त विभागों में प्रशासनिक प्रमुख के रूप में सेवाएं दी हैं. शिक्षा के क्षेत्र में, उन्होंने पंजाब विश्वविद्यालय से अर्थशास्त्र में मास्टर डिग्री और ब्रिटेन के बर्मिंघम विश्वविद्यालय से एमबीए किया है.

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माधबी पुरी बुच का खत्म हो रहा कार्यकाल

माधवी पुरी बुच ने मार्च 2022 में सेबी की प्रमुख के रूप में पदभार संभाला था. वह इस पद पर नियुक्त होने वाली पहली महिला थीं. उनका कार्यकाल आज 28 फरवरी को समाप्त हो रहा है. उनके कार्यकाल में, अमेरिकी कंपनी हिंडनबर्ग रिसर्च द्वारा अडानी समूह से जुड़े कुछ विवाद सामने आने के बाद उनपर कई गंभीर आरोप लगे थे. इसके बाद विपक्षी पार्टियों ने उनके इस्तीफे की मांग की और सेबी के कामों में पक्षपात के संभावित आरोप लगाए थे.

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हालांकि, बुच ने इन सभी आरोपों को निराधार बताते हुए खारिज किया था और अपने पद पर सेवा जारी रखी थी. अब तुहिन पांडे के नई जिम्मेदारी संभालने के बाद सेबी के सामने कई अहम चुनौतियां होंगी, जिनमें मार्केट में लगातार हो रहा उतार-चढ़ाव बड़ा मुद्दा हो सकता है.

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