
पश्चिम बंगाल के नादिया जिले के सीमावर्ती इलाके में कृष्णा नगर सेक्टर के अंतर्गत सीमा चौकी सीकरा के इलाके में ड्यूटी पर तैनात जवान ने चार तस्करों को भारतीय सीमा पार करने से रोक दिया. वे सभी अवैध रूप से 17 जनवरी की सुबह करीब 10.35 बजे सीमा पार करने की फिराक में थे. ड्यूटी पर तैनात जवान ने उनको चुनौती दी और उनका डटकर सामना किया.
मगर, तस्करों ने जवान पर बुरी तरह से धारदार हथियारों से हमला कर दिया. हमले में जवान के हाथ और सिर में गंभीर चोटें आई हैं. जान की बाजी लगाकर जवान ने तस्करों को भारत में घुसने से रोक दिया. जवान जब तक कुछ समझ पाता, तस्करों ने घायल जवान के साथ छीनाझपटी की और उसका हथियार छीनकर बांग्लादेश की तरफ भाग गए.
जवान की हालत नाजुक, कोलकाता किया गया रेफर
साथी जवान को सूचना मिलने पर वह घायल जवान की सहायता के लिए मौके पर पहुंचा. मगर, तब तक तस्कर मौके से भाग चुके थे. घटना की FIR थाना चपरा में दर्ज की गई है. घायल जवान को सीमा चौकी में प्राथमिक उपचार दिया गया और इसके बाद सरकारी अस्पताल, चपरा ले कर गए. वहां चिकित्सकों ने जवान की नाजुक हालात को देखते हुए उसे कोलकाता रेफर कर दिया.
बीएसएफ के आला अधिकारियों ने बीजीबी के साथ की फ्लैग मीटिंग
हथियार की बरामदगी और अपराधियों को पकड़ने के लिए बीएसएफ ने अपने समक्ष बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश के साथ फ्लैग मीटिंग की. इसमें बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश के कमांडर ने आश्वासन दिया कि वे शीघ्र ही अपराधियों को पकड़ लेंगे.
क्षेत्रीय मुख्यालय कृष्णानगर के उप महानिरीक्षक संजय कुमार ने बताया कि जब तस्करों और आपराधिक मंशा वाले लोगों को उनके सीमापार गैर-कानूनी कामों में सफलता नहीं मिलती, तो वे जवानों पर जानलेवा हमला करते हैं.
उन्होंने आगे बताया कि हमारे जवानों पर आए दिन तस्करों और उनके साथियों द्वारा योजनाबद्ध तरीके से हमले किए जाते हैं. मगर, फिर भी हमारे जवान उनके मंसूबों को कामयाब नहीं होने देते.
(इनपुट जितेंदर)