भारत और बांग्लादेश के बीच हुई बैठक में भारत ने कई गंभीर मुद्दे उठाए. अल्पसंख्यकों की सुरक्षा, चीन और पाकिस्तान से बढ़ती नजदीकी, और भारत के उत्तर-पूर्वी राज्यों के बारे में दिए गए बयानों पर भारत ने कड़ी आपत्ति जताई. बांग्लादेश में बढ़ते कट्टरपंथ और इस्लामी ताकतों के प्रभाव पर भी चिंता व्यक्त की गई.