
आंध्र प्रदेश के नवनिर्वाचित मुख्यमंत्री वाईएस जगनमोहन रेड्डी ने मेडिकल एंड हेल्थ विभाग में काम करने वाली आशा वर्कर्स की सैलरी तीन गुना बढ़ा दी है. आशा कर्मचारियों की सैलरी पहले 3,000 रुपये थी, जिसे बढ़ाकर 10,000 रुपये कर दी गई है. इस तरह से आशा कार्यकर्ताओं की सैलरी में सीधा 7000 रुपये बढ़ोतरी हो गई.
इससे पहले जगन मोहन रेड्डी की सरकार ने राज्य चल रही पेंशन योजना का नाम भी बदला. बुजुर्गों व अन्य लोगों को दी जाने वाली पेंशन योजना का नाम बदलकर वाईएसआर पेंशन कनुका (उपहार) कर दिया है. इस पेंशन योजना का नाम उन्होंने अपने पिता के नाम पर रखा है.
बता दें कि लोकसभा चुनाव के साथ ही आंध्र प्रदेश में विधानसभा चुनाव हुए थे, जिसमें टीडीपी नेता चंद्रबाबू नायडू को हराकर वाईएसआरसीपी के नेता जगनमोहन रेड्डी ने जीत हासिल की. जगनमोहन रेड्डी ने 30 मई को आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी. राज्यपाल ईएसएल नरसिम्हन ने 46 वर्षीय जगन को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई.
जगन मोहन रेड्डी की वाईएसआर कांग्रेस पार्टी ने विधानसभा चुनाव में 175 में से चुनाव में 151 सीटें जीती थी. इसके अलावा पार्टी ने राज्य की 25 लोकसभा सीटों में से 22 सीटों पर जीत दर्ज की.
जगन मोहन रेड्डी ने विजयवाड़ा के आईजीएमसी स्टेडियम में आयोजित समारोह में पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में दोपहर में तेलुगू भाषा में शपथ ली थी.