
पुष्पा-2 के प्रीमियर के दौरान महिला की मौत के मामले में एक्टर अल्लू अर्जुन को तेलंगाना हाईकोर्ट ने जमानत दे दी. इससे पहले उन्हें हैदराबाद की कोर्ट ने 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा था. अल्लू अर्जुन को शुक्रवार सुबह उनके घर से दोपहर 12 बजे गिरफ्तार किया गया था. इसके बाद 4 बजे उन्हें लोकल कोर्ट में पेश किया गया, जहां उन्हें ज्यूडिशियल कस्टडी में भेज दिया. इसके बाद एक्टर ने हाईकोर्ट में अपील की थी. 5 बजे हाईकोर्ट ने जमानत दे दी. हाईकोर्ट ने उन्हें 4 हफ्ते की अंतरिम जमानत दी है.
दरअसल, ‘पुष्पा 2’ का जलवा चारों ओर बिखरा हुआ है. बॉक्स ऑफिस पर ‘पुष्पा 2’ नाम का तूफान चल रहा है, जिसके केंद्र हैं अल्लू अर्जुन. वही अल्लू अर्जुन, जिनके लिए अब भारत में राज्यों की सीमाएं और भाषा की दीवार मायने नहीं रखती. यही वजह है कि जब शु्क्रवार दोपहर में उनकी गिरफ्तारी की तस्वीरें उनके फैंस ने देखीं तो वो परेशान हो गए. पुष्पा-2 के प्रीमियर के दौरान महिला की मौत के मामले में अल्लू अर्जुन की गिरफ्तारी ने एक साथ कई सवाल खड़े कर दिए.
अब सवाल ये है कि पुष्पा फिल्म से पैन इंडिया सुपरस्टार बन चुके अल्लू अर्जुन की गिरफ्तारी की इन साइड स्टोरी क्या है?
अल्लू अर्जुन को सुबह उनके घर से दोपहर 12 बजे गिरफ्तार किया गया था. इसके बाद 4 बजे उन्हें लोकल कोर्ट में पेश किया गया, जहां उन्हें ज्यूडिशियल कस्टडी में भेज दिया. इसके बाद एक्टर ने हाईकोर्ट में अपील की थी. 5 बजे तेलंगाना हाईकोर्ट ने जमानत दे दी. लेकिन पुलिस ने जिस तरह अल्लू अर्जुन को उनके घर से गिरफ्तार किया इस पर अभिनेता ने आपत्ति जताते हुए कई सवाल उठाए. तो गिरफ्तारी के तरीके से अल्लू अर्जुन भी खुश दिखाई नहीं दिए. इसी से जुड़ा वीडियो भी सामने आया, जिसमें अल्लू अर्जुन लिफ्ट में जाते दिख रहे हैं, जहां पहले अल्लू ने प्लेन टी-शर्ट पहनी थी, बाद में वो हुडी पहने बाहर आए. जिस पर लिखा था- 'फ्लावर नहीं फायर है'.
गिरफ्तारी में पुलिस की तरफ से उतावलापन दिखाया गया?
एक वीडियो में एक्टर घर से नीचे उतरकर पार्किंग में आते हैं, वहां उनका घरेलू सहायक दौड़कर आता है. चाय और पानी देता है. अल्लू अर्जुन वीडियों में चाय पीते नजर आ रहे हैं. इस दौरान उनकी पत्नी स्नेहा रेड्डी दिखाई देती हैं. अल्लू पत्नी को समझाते हैं. इसके बाद उन्हें पुलिस अपने साथ ले जाती हैं. अब फैंस जानना चाहते हैं कि पुलिस ने अल्लू अर्जुन के साथ ऐसा बर्ताव क्यों किया? अल्लू अर्जुन को नाश्ता न करने देने के दावे का सच क्या है? अल्लू अर्जुन को गिरफ्तार करने में क्या जरूरत से ज्यादा पुलिस की तरफ से उतावलापन दिखाया गया?
कुछ लोग इस तरह का तर्क भी दे रहे हैं कि कमाई के रिकॉर्ड तोड़ चुकी पुष्पा-2 को और हाइप देने के लिए कहीं ये कोई स्टंट तो नहीं? वहीं कई लोग इसके पीछे साजिश भी करार दे रहे हैं. विपक्ष ने तो यहां तक कह दिया कि एक बार अल्लू अर्जुन ने मंच से सीएम रेवंत रेड्डी को इंट्रड्यूस कराते हुए सम्मान वाले शब्दों का इस्तेमाल नहीं किया, इसलिए साजिश के तहत ये किया गया. हालांकि 'एजेंडा आजतक' में में तेलंगाना सीएम ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि अल्लू अर्जुन से पारिवारिक संबंध हैं और ये आरोप बेबुनियाद हैं.
अल्लू अर्जुन की गिरफ्तारी जितनी तेजी से हुई उतनी ही तेजी से अभिनेता को अदालत से राहत मिल गई. दोपहर में पुलिस ने अल्लू अर्जुन को घर से हिरासत में लेकर उनका बयान दर्ज किया. फिर उन्हें मेडिकल चेकअप के लिए उस्मानिया अस्पताल ले जाया जाएगा. इस दौरान उनके ससुर हैदराबाद के चिक्कड़पल्ली पुलिस स्टेशन पहुंचे. इसके बाद अदालत ने उन्हें पेश किया गया जहां उन्हें 14 दिन के लिए जेल भेज दिया गया. लेकिन शाम होते होते उन्हें हाईकोर्ट से जमानत मिल गई.
हाईकोर्ट ने जमानत देते हुए क्या कहा?
बता दें कि अल्लू अर्जुन के खिलाफ बीएनएस की गैर जमानती धाराओं 105, 118 (1) के तहत मामला दर्ज किया गया लेकिन तेलंगाना हाईकोर्ट ने अल्लू अर्जुन को बेल देते हुए कहा पहली नजर में ऐसा नहीं लगता कि कथित अपराध में अभिनेता शामिल हैं. अभिनेता बताकर अल्लू अर्जुन को उनके अधिकार से वंचित नहीं किया जा सकता, उन्हें भी इस देश के नागरिक के रूप में जीने और स्वतंत्रता का अधिकार है. हमारी संवेदनाएं पीड़ित परिवार के साथ हैं लेकिन क्या आरोपी पर इस मामले का दोष लगाया जा सकता है? अल्लू अर्जुन की गिरफ्तारी से ये भी सवाल उठ रहा है कि क्या इस तरह के हादसे की जिम्मेदारी अभिनेता के ऊपर डाली जा सकती है?
अल्लू पर आरोप है कि वह 4 दिसंबर को हैदराबाद के संध्या थिएटर में बिना बताए पहुंचे थे. इससे वहां भीड़ जमा हो गई और भगदड़ मच गई थी. कई लोग जख्मी हो गए थे. लेकिन हाईकोर्ट ने अल्लू अर्जुन को अंतरिम जमानत दे दी.
हैदराबाद के सिनेमा में हुआ था हादसा
अल्लू अर्जुन तीन साल बाद सिनेमा घरों में अपनी फिल्म पुष्पा-2 के जरिए लौटे हैं. उनकी फिल्म सिनेमाघरों में धूम मचा रही है. अल्लू अर्जुन की दीवानगी किस कदर फैंस के सिर चढ़कर बोल रही है, उसका अंदाजा पटना में फिल्म के ट्रेलर लॉन्च को दौरान जुटी भीड़ से लगाया जा सकता था. पटना में शायद किसी दक्षिण भारतीय सितारे के लिए इतनी भीड़ देश ने देखी. लेकिन अल्लू अर्जुन ने भाषा को बाधा नहीं बनने दिया. इसी तरह की दीवानगी हैदराबाद में भी देखने को मिली जब उनके फैंस फिल्म देखने आए.
अपने फैंस की इसी दीवानगी को देख अल्लू अर्जुन खुद को रोक नहीं पाए और आधी रात को अपने चाहने वालों से मिलने के लिए हैदराबाद में थियेटर के बाहर पहुंच गए. अल्लू अर्जुन को अपने सामने देख फैंस का जोश हाई हो गया. ये तारीख थी 4 दिसंबर. बड़ी संख्या में फैंस ने उनके साथ थिएटर में दाखिल होने की कोशिश की. इसके चलते थिएटर में भारी भीड़ जमा हो गई थी और फिर लोगों को सांस लेने में दिक्कत होने लगी थी. भीड़ को कंट्रोल में लाने के लिए पुलिस ने हल्का लाठीचार्ज किया था. भीड़ कम होने के बाद सांस घुटने से बेहोश हुए लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया. लेकिन इस दौरान अस्पताल में एक महिला ने दम तोड़ दिया और घायल होने वालों में मृतक रेवती का 9 साल का बेटा श्रीतेज भी शामिल था.
पुलिस की FIR में लगाए गए ये आरोप
इसके बाद पुलिस की तरफ से दर्ज FIR में लिखा गया कि प्रशासन को अल्लू अर्जुन के आने की जानकारी नहीं थी. अल्लू के निजी सुरक्षा कर्मियों ने लोगों को धक्का दिया. भीड़ को संभालने की कोई योजना नहीं थी. हांलाकि थिएटर प्रबंधन ने दावा किया है कि उन्होंने अल्लू अर्जुन के पुष्पा-2 के प्रीमियर से दो दिन पहले ही पुलिस को सूचना देकर सुरक्षा व्यवस्था की मांग की थी. इसके बावजूद, पुलिस ने इंतजाम नहीं किए. इसके बाद अल्लू अर्जुन की तरफ से एक वीडियो जारी करके अपनी तरफ से पीड़ित परिवार को मदद की पेशकश की गई. लेकिन इस हादसे ने एक नई बहस को जन्म दे दिया कि क्या एक अभिनेता के ऊपर इस तरह की घटना के लिए जिम्मेदार ठहराया जा सकता है?
अल्लू अर्जुन के दादा भी रहे हैं मशहूर अभिनेता
अल्लू अर्जुन के लिए लोगों की ये दिवानगी एक लंबे संघर्ष का नतीजा है. अल्लू अर्जुन का दो दशक लंबा करियर है. जो तमाम उतार चढ़ाव से भरा है. अल्लू अर्जुन का नाता तेलुगू फिल्म इंडस्ट्री के सबसे प्रभावशाली परिवार से है, जिसमें सितारों की भरमार है. अल्लू के दादा अल्लू रामालिंगय्या 70-80 के दशक में तेलुगु इंडस्ट्री के मशहूर अभिनेता रहे. उन्होंने कनका रत्नम से शादी की जिसके बाद उनके दो बच्चे हुए. बेटा अल्लू अरविंद और बेटी सुरेखा.
अल्लू रामालिंगय्या के बेटे अल्लू अरविंद तेलुगु इंडस्ट्री के मशहूर प्रोड्यूसर और डिस्ट्रीब्यूटर रहे. उन्होंने निर्मला अल्लू से शादी की जिससे दोनों को तीन बेटे हुए. अल्लू अर्जुन, अल्लू वेंकटेश और अल्लू सिरीष. अल्लू के बड़े भाई अल्लू वेंकटेश कभी साउथ इंडस्ट्री में एक्टर रहे और अब बिजनेसमैन हैं. वहीं छोटे भाई अल्लू सिरीष तेलुगु इंडस्ट्री में बतौर एक्टर एक्टिव हैं. अल्लू ने खुद साल 2011 में स्नेहा रेड्डी से हैदराबाद में शादी की. कुछ सालों बाद अल्लू और स्नेहा दो बच्चों के माता-पिता बने. इनकी एक बेटी अरहा और एक बेटा अयान है. तो ये तो रहा अल्लू अर्जुन का पूरा परिवार.
चिरंजीवी और पवन कल्याण के रिश्तेदार हैं अर्जुन
अब जानते हैं कि वो चिरंजीवी, रामचरण और पवन कल्याण जैसे सुपरस्टार के रिश्तेदार कैसे बने? वैसे तो खुद अल्लू के परिवार में कई सुपरस्टार्स हैं पर उनका कनेक्शन कोनिडेला फैमिली से उनकी बुआ की वजह से हुआ है. अल्लू की बुआ यानि उनके पिता अल्लू अरविंद की बहन सुरेखा ने कोनिडेला वेकंट राव के बेटे चिरंजीवी से शादी की है. इस तरह चिरंजीवी, अल्लू अर्जुन के फूफा हुए. जहां चिरंजीवी, अल्लू अर्जुन के फूफा हैं तो वहीं चिरंजीवी के बेटे राम चरण, अल्लू के कजिन ब्रदर हैं. वहीं चिरंजीवी के भाई नागेंद्र बाबू और पवन कल्याण, अल्लू के चाचा हैं. पवन कल्याण आंध्र प्रदेश के डिप्टी सीएम हैं. अल्लू अर्जुन कभी नासा में जाना चाहते थे, लेकिन मामला नहीं बना तो वो फिल्मों में ही रम गए.