Advertisement

UP में संविदा पर सरकारी नौकरी! प्रियंका बोलीं- मरहम न लगाकर दर्द बढ़ाने की योजना

कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने योगी सरकार पर निशाना साधा और पूछा कि इस सिस्टम को लाने का उद्देश्य क्या है? सरकार युवाओं के दर्द पर मरहम न लगाकर दर्द बढ़ाने की योजना ला रही है.

प्रियंका गांधी वाड्रा (फाइल फोटो-PTI) प्रियंका गांधी वाड्रा (फाइल फोटो-PTI)
aajtak.in
  • नई दिल्ली,
  • 15 सितंबर 2020,
  • अपडेटेड 11:47 AM IST
  • यूपी में कॉन्ट्रैक्ट पर सरकारी नौकरी!
  • प्रियंका ने योगी सरकार पर साधा निशाना
  • युवाओं को लेकर CM योगी से पूछे गए सवाल

उत्तर प्रदेश की योगी सरकार के एक कथित फैसले पर बवाल मचा हुआ है. कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने योगी सरकार पर निशाना साधा और पूछा कि इस सिस्टम को लाने का उद्देश्य क्या है? सरकार युवाओं के दर्द पर मरहम न लगाकर दर्द बढ़ाने की योजना ला रही है.

प्रियंका गांधी वाड्रा ने मंगलवार को अपने ट्वीट कहा, 'संविदा = नौकरियों से सम्मान विदा, 5 साल की संविदा= युवा अपमान कानून, माननीय सर्वोच्च न्यायालय ने पहले भी इस तरह के कानून पर अपनी तीखी टिप्पणी की है. इस सिस्टम को लाने का उद्देश्य क्या है? सरकार युवाओं के दर्द पर मरहम न लगाकर दर्द बढ़ाने की योजना ला रही है.'

Advertisement

इससे पहले पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा था कि बीजेपी केवल अपने राजनीतिक विस्तार और सत्ता पर एकाधिकार को ही विकास मानती है. यही कारण है कि प्रदेश में विकास कार्य अवरुद्ध हैं और समाजवादी सरकार ने जनहित की जो योजनाएं लागू की थीं उन्हें बढ़ाने के बजाय धीरे-धीरे खत्म करने की साजिशें हो रही हैं.

अखिलेश यादव ने कहा कि बीजेपी सरकार अब युवाओं के विरोध में आ गई है. समूह ख व ग की भर्ती प्रक्रिया में बदलाव किया जा रहा है, जिससे सरकारी नौकरियों में भी ठेका प्रथा लागू हो जाएगी. परीक्षा से आए समूह ख व ग के कर्मचारियों को पहले 5 साल तक संविदा पर रखा जाएगा. पांच वर्ष की कठिन संविदा प्रक्रिया में छंटनी से वे जब बच पाएंगे तभी पक्की नौकरी मिल पाएगी.

Advertisement

अखिलेश यादव ने कहा कि राज्य सरकार के नए नियम लागू होने पर चयनित कर्मी को नियमित सरकारी सेवकों को लाभ नहीं मिलेंगे. उस पर सरकारी सेवक अनुशासन एवं अपील नियमावली 1999 भी लागू नहीं होगी. यानी इन संविदा कर्मियों का कोई अधिकार और भविष्य नहीं होगा. सरकार जब चाहे उन्हें बाहर निकाल सकेगी. संविदा कर्मी को कार्य अवधि में पूरा वेतनमान भी नहीं मिलने वाला है.


 

 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement