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राजा भैया की पत्नी के नाम से खरीदी गई जमीन जब्त, नीम करोली बाबा के कैंची धाम के पास है यह प्रॉपर्टी

यूपी के प्रतापगढ़ में कुंडा से विधायक राजा भैया (MLA Raja Bhaiya) की पत्नी भानवी सिंह (bhanvi singh) के नाम पर नैनीताल के कैंचीधाम के पास साल 2007 में जमीन खरीदी गई थी. अब इस जमीन को प्रशासन ने अपने कब्जे में ले लिया है. इस पर वर्षों से कानूनी विवाद चल रहा था.

राजा भैया और भानवी सिंह. (File) राजा भैया और भानवी सिंह. (File)
लीला सिंह बिष्ट
  • देहरादून,
  • 12 अक्टूबर 2024,
  • अपडेटेड 10:56 AM IST

जनसत्ता दल (लोकतांत्रिक) के अध्यक्ष और यूपी के कुंडा से विधायक रघुराज प्रताप सिंह ऊर्फ राजा भैया की पत्नी भानवी सिंह के नाम पर खरीदी गई जमीन को नैनीताल प्रशासन ने आखिरकार अपने कब्जे में ले लिया है. कैंचीधाम के पास स्थित इस जमीन को लेकर लंबे समय से कानूनी विवाद चल रहा था. प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए अब इस जमीन को सरकार के अधीन कर लिया है.

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जानकारी के अनुसार, यह जमीन नैनीताल में नीम करोली बाबा कैंचीधाम (Karoli Baba Kainchidham) के पास स्थित है. यह 27 नाली जमीन राजा भैया की पत्नी भानवी के नाम पर 2007 में खरीदी गई थी. बता दें कि नाली उत्तराखंड और हिमालयी क्षेत्रों में इस्तेमाल की जाने वाली एक भूमि माप इकाई है. यह जमीन लंबे समय से विवाद का हिस्सा रही थी. यह मामला राजस्व बोर्ड और आयुक्त न्यायालय में विचाराधीन था.

यह भी पढ़ें: राजा भैया की पत्नी भानवी सिंह के खिलाफ FIR दर्ज, धोखाधड़ी और फर्जी दस्तावेज तैयार करने का है आरोप

राजस्व और आयुक्त न्यायालय में चल रहे मामलों में राजा भैया के पक्ष में फैसला नहीं आने के बाद प्रशासन ने इस जमीन को सरकारी कब्जे में लेने की प्रक्रिया शुरू की थी. पिछले कुछ समय से इस संबंध में कार्रवाई चल रही थी, जिसे अब पूरा कर लिया गया है.

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यह जमीन नैनीताल जिले के केनचीधाम के पास स्थित है, जिसे राजा भैया की पत्नी के नाम साल 2007 में खरीदा गया था. न्यायालयों में मामले के लंबित रहने के कारण इस पर कानूनी कार्रवाई की गई. प्रशासन द्वारा जमीन को सरकार के अधीन करने की प्रक्रिया के तहत अब इसे कब्जे में ले लिया गया है. 

इस जमीन का वाद राजस्व बोर्ड और आयुक्त न्यायालय में बहुत पहले से चल रहा था. इन दोनों ही न्यायालय से उनके पक्ष में फैसला नहीं आया, जिसके बाद कुछ समय पूर्व से इस जमीन को सरकार में निहित करने की कार्रवाई चल रही थी, जो अब पूरी कर ली गई है.

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