कोरोना वायरस की महामारी के तनाव का असर लोगों पर ना सिर्फ शारीरिक बल्कि मानसिक तौर पर भी पड़ रहा है. इसकी वजह से कई पारिवारिक रिश्तों में तनाव की स्थिति पैदा हो चुकी है. इतना ही नहीं, उनकी सेक्स लाइफ में भी काफी बदलाव आ गए हैं. एक्सपर्टस के अनुसार, इस महामारी की वजह लोगों में तनाव बढ़ रहा है और यौन इच्छाओं में कमी आ रही है. ऐसे में कई कपल्स के बीच एक बड़ा सवाल खड़ा हो गया कि क्या वे फिर से एक अच्छी सेक्स लाइफ की शुरुआत कर सकते हैं?
एक्सपर्ट मानते हैं कि पार्टनर्स को एक अच्छी और संतुष्ट सेक्स लाइफ की शुरुआत करने के लिए सप्ताह में एक बार सेक्स जरूर करना चाहिए. 'अमेरिकन एसोसिएशन ऑफ मैरिज ऐंड फैमिली थेरेपिस्ट्स' के क्लीनिकल फेलो और सेक्स थेरेपिस्ट इयान केर्नर के अनुसार, ऐसे पार्टनर्स जो हफ्ते में एक बार सेक्स करते हैं, वो सबसे ज्यादा खुशहाल रहते हैं और वे अपने रिश्ते से भी काफी संतुष्ट रहते हैं.
प्रेग्नेंटिश पर हुए एक पॉडकास्ट के दौरान, केर्नर ने प्रेग्नेंटईश की फाउंडर एंड्रिया सिरताश (रिलेशनशिप एक्सपर्ट) के साथ लोगों की सेक्स रिलेशनशिप को लेकर बातचीत की. इसमें उन्होंने बताया कि किस तरह कपल्स अपने यौन जीवन में बाधाओं और तनाव को दूर कर सकते हैं. खासतौर पर जब कपल्स पैरेंट्स बनने का फैसला लेते हैं.
सोशल साइकोलॉजी एंड पर्सनैलिटी साइंस नामक पत्रिका में छपे एक शोध के अनुसार, जो कपल्स सप्ताह में एक बार सेक्स करते थे, वो कम सेक्स करने वालों की तुलना में अपने संबंधों में ज्यादा संतुष्ट पाए गए थे. शोधकर्ताओं ने यह भी पाया कि सप्ताह में एक से ज्यादा बार सेक्स करने से संबंधों पर कोई खास फर्क नहीं पड़ता है.
कर्नर ने कहा कि सेक्स तीन श्रेणियों में आता है. मनोरंजन संबंधी या सिर्फ मनोरंजन के लिए किया गया, रिलेशनल या अपने साथी से जुड़ा हुआ महसूस करने के लिए और प्रजनन या फैमिली प्लानिंग करने के लिए. हालांकि, तीनों प्रकार के सेक्स की अपनी अलग महत्वपूर्ण भूमिका होती है. ऐसे में किसी एक प्रकार के सेक्स पर फोकस करने से कपल्स के बीच तनाव की स्थिति पैदा हो सकती है और धीरे-धीरे यौन इच्छाओं में कमी आने लगती है.
कर्नर ने उदाहरण देते हुए कहा कि उन्होंने कई ऐसे कपल्स को देखा है जिन्होंने गर्भधारण के लिए आईवीएफ का सहारा लिया था. प्रजनन की इस प्रकिया के शुरू होने से सबसे ज्यादा असर उनके यौन संबंधों पर पड़ा. इससे कई कपल्स के बीच सेक्स करने में गिरावट देखी गई. कर्नर कहते हैं कि लोग अक्सर भूल जाते हैं कि सेक्स सिर्फ बच्चे पैदा करने के लिए नहीं होता है बल्कि रिश्तों को मजबूत बनाने के लिए ये एक उपकरण का तरह काम करता है.
केर्नर ने हाल ही में "टेल मी अबाउट द लास्ट टाइम यू हैड सेक्स" नामक पुस्तक लिखी है, उन्होंने कहा, मुझे लगता है कि दो कपल्स के बीच सेक्स होना चाहिए. ये महत्व नहीं रखता कि आपको इसके बदले में क्या मिलेगा. कर्नर मानते हैं कि संबंधों को संतुष्ट बनाने के लिए रिलेशनल और मनोरंजक सेक्स को अपने फैमिली प्लानिंग के रूटीन में शामिल करना चाहिए. ऐसा करने से तनाव में कमी आती है और यौन संबंध मजबूत होते हैं.
कर्नर के अनुसार, दो कपल्स के बीच सप्ताह में एक बार रिलेशनल या इमोशनल सेक्स होना चाहिए. इससे आप अपने पार्टनर से जुड़ा हुआ महसूस करते हैं और संबंध मजबूत बने रहते हैं. इसके अलावा, अपने संबंधों को मजबूत बनाए रखने के लिए अलग-अलग तरह के आइडियाज फॉलो कर सकते हैं.
कर्नर अक्सर अपने मरीजों को अपने अंदर इच्छा शक्ति को बरकरार रखने की सलाह देते हैं. वे कहते हैं कि रिश्तों को मजबूत बनाने के लिए यौन संबंध से जुड़ी रोमांटिक बातें करनी चाहिए. इसी के साथ एक-दूसरे के साथ समय बिताना चाहिए, साथ में बाथ लेना चाहिए. ऐसी कुछ एक्टिविटीज करने से भी कपल्स के बीच यौन इच्छाएं बरकरार रहती हैं.
कर्नर के अनुसार, इस बात का ध्यान रखना बेहद जरूरी है कि यौन संबंध बनाने के लिए शेड्यूल होना चाहिए. दूसरी बात ये है कि बिना किसी दबाव या प्रेशर के सेक्स करना चाहिए. ये कपल्स के बीच काफी मजेदार हो सकता है और संबंधों को मजबूत बना सकता है.