
Crime News: गैंग्स ऑफ वासेपुर (Gangs of Wasseypur) फिल्म का वह सीन आप को जरूर याद होगा, जब सरदार खान के घर पर हमला होता है. हमलावर इतनी गोलियां चलाते हैं कि धुआं उड़ाने लगता है. ऐसा ही कुछ नजारा चंबल के भिंड जिले में देखने को मिला, जहां बदमाशों ने 'वासेपुर' की याद दिला दी. महज एक माचिस नहीं मिलने पर बदमाशों ने इलाके में इतनी गोलियां चलाईं कि इलाका धुआं-धुआं हो गया.
दरअसल, यह पूरा मामला भिंड जिले के नया गांव थाना इलाके के सगरा गांव का है और घटनाक्रम 4 जनवरी को शुरू हुआ.
सगरा निवासी मुबारक खान ने बताया, 4 जनवरी को उसने अपनी दुकान बंद कर दी थी तभी उसकी दुकान पर कुछ लोग माचिस लेने के लिए आए थे. मुबारक ने बताया कि उसने दुकान बंद होने का हवाला देते हुए कहा कि वह अब माचिस नहीं दे पाएगा. इस बात से माचिस के खरीदार इतने नाराज हो गए कि उन्होंने अपने कुछ और साथी बुला लिए और मुबारक की दुकान पर तीन गोलियां चला कर दहशत फैलाई. इसके बाद वे मौके से निकल गए. गोलीबारी की शिकायत करने के लिए मुबारक खान नयागांव थाने पहुंचा. यहां उसने भीम ठाकुर, अजय राजावत और मोहित राजावत के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई.
नयागांव थाना पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ धारा 323, 294, 506, 336 और 34 के तहत एफआईआर दर्ज कर ली. इसके बाद मुबारक अपने घर वापस लौट आया. इस बात की जानकारी जब आरोपियों को लगी तो 7 जनवरी की रात को एक बार फिर से आरोपी अपने साथियों के साथ सगरा पहुंच गए.
मुबारक ने बताया कि इस बार वे लोग तकरीबन 8-10 की संख्या में गाड़ियों में सवार होकर आए थे. बदमाशों ने यहां गोलियां चलाना शुरू कर दीं. बदमाशों ने न केवल मुबारक खान की दुकान पर गोलियां चलाईं, बल्कि आसपास की अन्य दुकानों पर भी गोलियां चलाईं.
स्थानीय निवासी राधेश्याम ने बताया कि बदमाशों ने तकरीबन 25 से 30 गोलियां चलाईं. यह गोलियां दुकान के शटर से लेकर घरों के दरवाजा तक में धंस गईं. अंधाधुंध चलाई गईं. इन गोलियों की वजह से इलाके में दहशत फैल गई और गांव के लोग अपने घर के अंदर छिप गए. इसके बाद बदमाश वहां से रंगदारी दिखाते हुए निकल गए.
बदमाशों के जाने के बाद डरे सहमे ग्रामीणों ने इस बात की सूचना एक बार फिर से पुलिस को दी. ग्रामीणों ने अपने हाथों से बदमाशों द्वारा चलाई गई गोलियों के खाली कारतूस भी इकट्ठा किए और उन्हें पुलिस के सुपुर्द किया. 10 से ज्यादा कारतूस तो ग्रामीणों ने ही अपने हाथों से इकट्ठा किया.
इस मामले में नयागांव थाना प्रभारी वैभव तोमर ने aajtak को फोन कॉल पर हुई बातचीत में बताया, वे अब तक दो आरोपियों को गिरफ्तार कर चुके हैं. बहरहाल, जिस तरीके से सिर्फ एक माचिस नहीं मिलने पर बदमाशों द्वारा अंधाधुंध फायरिंग करके दुकानों और घरों में गोलियां चलाकर दहशत फैलाई गई, इस घटना ने लोगों को गैंग्स ऑफ वासेपुर की याद दिला दी.