
MP News: ग्वालियर से किडनैप हुआ 6 साल का बच्चा शिवाय गुप्ता सकुशल मिल गया. पुलिस ने गुरुवार देत रात मासूम को मुरैना के काजी बसई गांव से सकुशल बरामद कर लिया है. हालांकि, अपहरणकर्ता अभी भी पुलिस गिरफ्त से दूर हैं. लेकिन पुलिस दबाव के चलते वह अपहृत छात्र को छोड़ भाग खड़े हुए. अब पुलिस पार्टी बदमाशों की तलाश में जुट गई है.
पुलिस का दावा है कि अपहरणकर्ता जिले के काजी बसई गांव में एक ईंट भट्टे के पास बच्चे को छोड़कर भाग गए थे. इसी दौरान एक ई रिक्शा वाला मौके से गुजरा तो उसकी नजर रोते हुए मासूम पर पड़ी. रिक्शावाला पहचान गया कि यह ग्वालियर से अपहृत हुआ बच्चा है. उसने बच्चे को अपने साथ बैठाया और गांव के सरपंच को सौंप दिया. सरपंच ने पुलिस से संपर्क किया.
सूचना पर मुरैना और ग्वालियर जिले की पुलिस मौके पर पहुंची और बच्चे को सकुशल अपने साथ पहले मुरैना पुलिस अधीक्षक कार्यालय ले आई और फिर उसके परिजनों से वीडियो कॉलिंग कर बात भी कराई ताकि परिजन भी चिंता मुक्त हो सकें. इसके बाद अपहृत बच्चे की सूचना मिलते ही पुलिस महानिरीक्षक (IG) अरविंद सक्सेना, डीआईजी अमित सांघी और ग्वालियर पुलिस अधीक्षक (SP) धर्मवीर सिंह आनन-फानन में ग्वालियर से 40 किमी दूर मुरैना पहुंचे. जहां से अपनी गोद में बैठाकर बच्चे को ग्वालियर लाए. देखें Video:-
उधर, अपहृत शिवाय जब अपने घर पहुंचा तो मुरार स्थित कॉलोनी में भारी भीड़ उमड़ पड़ी और पुलिस ज़िंदाबाद के लगे नारे और जमकर आतिशबाजी हुई. देखें Video:-
CM ने अपराधियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने के दिए निर्देश
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि अपहृत बालक सकुशल मिल गया है और उसकी माता-पिता से बात भी करा दी गई है. आज सुबह घटना होते ही ग्वालियर पुलिस ने बेहद तत्परतापूर्वक कार्रवाई की. सर्चिंग अभियान चलाया और पुलिस की मुस्तैदी से बच्चा मिल गया है. मुख्यमंत्री ने ग्वालियर पुलिस की तत्परता की सराहना की और ऐसी घटना को अंजाम देने वाले अपराधियों पर सख्त से सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं. उन्होंने कहा कि हमारी सरकार कानून व्यवस्था के लिए जानी जाती है. मध्यप्रदेश की धरती पर कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों से सख्ती से निपटा जाएगा.
पुलिस एसपी का दावा, दबाव से डरकर छोड़ भागे बदमाश
मुरैना पुलिस अधीक्षक (SP) समीर सौरभ ने मीडिया को बताया कि सुबह ग्वालियर में छात्र के अपहरण की सूचना पर जिले में सघन सर्चिंग अभियान चलाया गया और आरोपियों की तलाश शुरू की गई. इसी बीच, पता चला कि बदमाश भिंड या मुरैना की तरफ़ आ सकते हैं तो पुलिस टीम को और भी सक्रिय हुई. साथ ही सोशल मीडिया पर अपहृत के फ़ोटो, आरोपियों की बाइक की फ़ोटो आरोपियों की वीडियो डालने से भी बदमाशों पर प्रेशर बना. पुलिस दबाव भी इतना हुआ कि बदमाश दबाब झेल नहीं पाए और छात्र को काजी बसई गांव में छोड़कर भाग गए.
बच्चे की बताई बातों के आधार पर सर्चिंग जारी
एसपी ने बताया कि छात्र ने कुछ बातें बताई हैं, उसी आधार पर बदमाशों की तलाश की जा रही है. अभी छात्र से भी ज़्यादा पूछताछ नहीं की है, क्योंकि वह अभी परेशानी से गुजरा है. बदमाशों की पहचान नहीं हुई है लेकिन वह संभवत अभी भी उसी इलाके में कहीं हैं. हम आस पास के सभी सीसीटीवी खंगाल रहे हैं. जल्द ही बदमाश भी पकड़े जाएंगे.
बदमाश गुरुवार सुबह मां के हाथ से छीन ले गए थे बेटा
बता दें कि गुरुवार सुबह मध्य प्रदेश के ग्वालियर शहर की सीपी कॉलोनी में स्कूल बस का इंतजार कर रहे शक्कर कारोबारी राहुल गुप्ता के बेटे शिवाय (6 साल) का बाइक सवार दो बदमाशों ने अपहरण कर लिया था. दरअसल, हमेशा की तरह गुप्ता की पत्नी अपने बेटे को उस स्थान पर छोड़ने गई, जहां से उसकी स्कूल बस उसे लेने जाती है. इस बीच, रास्ते में बाइक सवार दो बदमाशों ने पहले महिला की आंखों में मिर्च पाउडर फेंका और उसके बेटे का अपहरण कर लिया.
ग्वालियर जोन के आईजी अरविंद सक्सेना बताया कि सुबह करीब 8.10 बजे घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने आरोपी की गिरफ्तारी और लड़के को छुड़ाने में मदद करने वाली कोई भी सूचना देने वाले को 30,000 रुपये का नकद इनाम देने की घोषणा की थी. साथ ही सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए और पुलिस टीमों को अपहृत बच्चे की सर्चिंग में लगा दिया गया. चंबल के दूसरे जिलों भिंड और मुरैना में भी नाकाबंदी कर दी गई. इसी के चलते पुलिस ने मुस्तैदी दिखाई तो बदमाश दबाव में आकर मासूम को रास्ते में छोड़ भागे.
उधर, शहर के मुरार इलाके के व्यापारियों और दुकानदारों ने अपहरण की घटना की निंदा करते हुए अपनी व्यापारिक प्रतिष्ठान बंद रखे. बच्चे की सकुशल बरामदगी के बाद व्यापारी पुलिस प्रशासन को धन्यवाद दे रहे हैं.