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भोपाल सेंट्रल जेल में मुस्लिम कैदियों को झटका: ईद पर नहीं होगी खुली मुलाकात, कांग्रेस MLA मसूद ने लिखा DG को पत्र

Eid 2025: सेंट्रल जेल में वर्तमान में 3500 से अधिक कैदी बंद हैं. जेल में निर्माण कार्य चल रहा है, जिसके चलते इस बार ईद पर खुली मुलाकात संभव नहीं होगी. हालांकि, सामान्य मुलाकात की व्यवस्था जारी रहेगी.

ईद पर केंद्रीय जेल में नहीं होगी खुली मिलाई. ईद पर केंद्रीय जेल में नहीं होगी खुली मिलाई.
रवीश पाल सिंह
  • भोपाल ,
  • 27 मार्च 2025,
  • अपडेटेड 5:03 PM IST

सेंट्रल जेल भोपाल में बंद मुस्लिम कैदियों को इस बार ईद पर अपने परिजनों से खुली मुलाकात का मौका नहीं मिलेगा. जेल प्रबंधन ने इस संबंध में फैसला लेते हुए जेल परिसर में नोटिस चस्पा कर दिए हैं. प्रबंधन ने इसका कारण जेल के अंदर चल रहे निर्माण कार्य को बताया है. इस फैसले से कैदियों और उनके परिजनों में नाराजगी देखी जा रही है, क्योंकि हर साल राखी, ईद और दीपावली जैसे त्योहारों पर खुली मुलाकात की परंपरा रही है.

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सेंट्रल जेल में वर्तमान में 3500 से अधिक कैदी बंद हैं. अधीक्षक राकेश भांगरे ने कहा, "जेल में निर्माण कार्य चल रहा है, जिसके चलते इस बार ईद पर खुली मुलाकात संभव नहीं होगी. हालांकि, सामान्य मुलाकात की व्यवस्था जारी रहेगी." 

सोशल मीडिया पर भी एक मैसेज वायरल हो रहा है, जिसमें लिखा है, "सूचना: ईद पर होने वाली खुली मुलाकात बंद रहेगी, लेकिन सामान्य मुलाकात दी जाएगी. आदेशानुसार, जेल अधीक्षक."

जेल डीजी को लिखा मुस्लिम विधायक ने लेटर

इस फैसले के खिलाफ भोपाल मध्य से कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने जेल डीजी को पत्र लिखकर आपत्ति जताई है. अपने पत्र में उन्होंने लिखा, "पिछले 40-45 वर्षों से त्योहारों पर खुली मुलाकात की परंपरा रही है और इस दौरान कभी कोई अप्रिय घटना नहीं हुई. यह व्यवस्था न केवल मुस्लिम परिवारों, बल्कि बहुसंख्यक समुदाय के परिजनों को भी अपने रिश्तेदारों से मिलने का अवसर देती है. जेल प्रबंधन के इस फैसले से बंदियों और उनके परिवारों में रोष है. मैं आपसे अनुरोध करता हूं कि सहानुभूतिपूर्वक विचार कर ईद पर खुली मुलाकात की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए."

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यह पहली बार है जब जेल प्रशासन ने निर्माण कार्य का हवाला देकर त्योहार पर खुली मुलाकात को प्रतिबंधित किया है. इस निर्णय ने शहर में चर्चा का माहौल पैदा कर दिया है और लोग इस परंपरा को बनाए रखने की मांग कर रहे हैं. अब सबकी नजरें डीजीपी के जवाब और आगे की कार्रवाई पर टिकी हैं.

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